भोपाल से पुणे तक उड़ा सेना का बैलून; एशियन बुक ऑफ रिकॉर्ड्स में दर्ज हुआ कारनामा
- Authored by: Rakesh Kamal Trivedi
- Updated Dec 12, 2025, 10:57 AM IST
भारतीय सेना ने 3 ईएमई सेंटर भोपाल के नेतृत्व में भारत की सबसे लंबी हॉट एयर बैलून उड़ान का रिकॉर्ड बनाया। 5 दिसंबर 2025 को सेंधवा से उड़ान भरकर टीम ने 8 घंटे 44 मिनट तक लगातार उड़ते हुए महाराष्ट्र के धुले में लैंडिंग की। यह अभियान 750 किलोमीटर का सफर तय करते हुए युवाओं को विमानन गतिविधियों और एडवेंचर स्पोर्ट्स की ओर प्रेरित करने के उद्देश्य से आयोजित किया गया।
5 दिसंबर को हुई थी उड़ान
Indian Army Ballooning Record: जब भारतीय सेना का हॉट एयर बैलून पुणे में उतरा, तो वो सिर्फ एक बैलून नहीं था वह 8 घंटे 44 मिनट की ऐतिहासिक उड़ान का ताज अपने साथ लेकर आया था। दरअसल भारतीय सेना एडवेंचर विंग के मार्गदर्शन में, भोपाल स्थित ईएमई सेंटर के हॉट एयर बैलूनिंग नोड द्वारा यह अभियान 30 नवंबर 2025 को फ्लैग-ऑफ किया गया था। भोपाल से शुरू हुआ यह मिशन किसी रोमांचक फिल्म से कम नहीं था। इंडियन आर्मी की टीम नर्मदा घाटी की ठंडी हवा, मैदानों की विशालता और अंत में सह्याद्री की खड़ी चुनौतियों को लांघते हुए 750 किलोमीटर का सफर हवा में तय करती रही।
3 ईएमई सेंटर भोपाल ने भारत में सबसे लंबी अवधि की हॉट एयर बलून उड़ान का रिकॉर्ड बनाया। 5 दिसंबर 2025 को उन्होंने मध्यप्रदेश के सेंधवा से उड़ान भरी और लगातार उड़ते हुए महाराष्ट्र के धुले के पास लैंडिंग की। इस ऐतिहासिक उपलब्धि का उद्देश्य युवाओं को विमानन गतिविधियों की ओर प्रेरित करना, उन्नत बलूनिंग स्किल्स का प्रदर्शन करना और भारत में एडवेंचर स्पोर्ट्स की भावना को बढ़ावा देना था। इस रिकॉर्ड की आधिकारिक पुष्टि 10 दिसंबर 2025 को की गई।
मऊ, संभाजीनगर और अहिल्यानगर हर पड़ाव पर बैलून का आना एक छोटे त्योहार जैसा लगा। युवाओं की भीड़, मोबाइल कैमरों की चमक, और एक ही सवाल, कि इंडियन आर्मी और क्या-क्या करती है? यहां स्थानीय युवाओं से संवाद कर उन्हें इस अनोखे एडवेंचर स्पोर्ट से रूबरू कराया गया और भारतीय सेना की खोज, साहस और दृढ़ता की भावना को समझने का अवसर दिया गया। और फिर आया वो पल, जिसने पूरे मिशन को अमर कर दियास 8 घंटे 44 मिनट की नॉन-स्टॉप उड़ान। एशियन बुक ऑफ रिकॉर्ड्स ने इसे भारत की सबसे लंबी हॉट एयर बैलून फ्लाइट घोषित किया। ऊपर शांत आसमान, नीचे बदलती धरती, और बीच में धैर्य, साहस और टीमवर्क का प्रदर्शन करती भारतीय सेना। यह उड़ान केवल एक रिकॉर्ड नहीं, सेना का जज्बा थी।
सदर्न कमांड के जनरल ऑफिसर कमांडिंग-इन-चीफ, लेफ्टिनेंट जनरल धीरज सेठ, PVSM, AVSM ने टीम को इस ऐतिहासिक उपलब्धि के लिए बधाई दी। उन्होंने टीम की दृढ़ता, संकल्प और एडवेंचर स्पिरिट की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे अग्रणी प्रयास सेना में एडवेंचर की संस्कृति को और मजबूत करते हैं तथा युवाओं से जुड़ने का प्रभावी माध्यम बनते हैं। सफर के दौरान टीम ने जहां-जहां डेरा डाला, वहां छात्रों के साथ मोटिवेशनल सेशंस, लाइव डेमो और एडवेंचर चर्चाओं ने खूब जोश भरा। सेना की ओर से साहस, अनुशासन और टीमवर्क जैसे मूल्यों को प्रभावी रूप से उजागर किया गया। यह अभियान सिर्फ यात्रा नहीं थी बल्कि भारतीय सेना की आसमान को छूती हिम्मत का उड़ता हुआ, रंगीन पोस्टर था।