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महंगे फर्नीचर के बाद भी घर क्यों लगता है Cheap? आखिर कहां हो जाती है चूक

कई लोग हर चीज अलग-अलग पसंद करके खरीद लेते हैं। नतीजा यह होता है कि घर किसी फर्नीचर शोरूम जैसा लगने लगता है, घर जैसा नहीं।

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घर सजाने में हो जाती है ये आम गलतियां (Photo: iStock)

महंगा सोफा। डिजाइनर डाइनिंग टेबल। महंगी लाइटिंग। फिर भी घर में वह क्लास और एलिगेंस नहीं दिखता, जिसकी आपने उम्मीद की थी। इंटीरियर डिजाइनर मानते हैं कि खूबसूरत घर सिर्फ महंगी चीजों से नहीं बनता। सही रंग, संतुलन, रोशनी और साफ-सफाई जैसी छोटी-छोटी बातें ही किसी घर को प्रीमियम लुक देती हैं। आइए जानते हैं, वे कौन सी गलतियां हैं जिनकी वजह से महंगे फर्नीचर के बाद भी घर सस्ता दिखने लगता है:

हर चीज का एक साथ दिखना

कई लोग घर में सजावट की हर पसंदीदा चीज एक साथ रख देते हैं। बड़ा सोफा, भारी सेंटर टेबल, कई शोपीस और रंग-बिरंगे कुशन। इससे कमरा भरा-भरा और बिखरा हुआ लगता है। डिजाइन एक्सपर्ट कहते हैं कि 'लेस इज मोर' का नियम अपनाइए। कमरे को थोड़ा खुला रहने दें। खाली जगह भी डिजाइन का हिस्सा होती है।

गलत लाइटिंग बिगाड़ देती है पूरा लुक

अगर कमरे में सिर्फ एक तेज सफेद एलईडी जल रही है, तो सबसे महंगा फर्नीचर भी फीका लग सकता है। लेयर्ड लाइटिंग अपनाएं। सीलिंग लाइट के साथ फ्लोर लैंप, टेबल लैंप या वॉर्म लाइट का इस्तेमाल करें। इससे कमरे में गहराई आती है और फर्नीचर ज्यादा आकर्षक दिखता है।

गलत कलर कॉम्बिनेशन

कई बार लोग महंगे फर्नीचर पर तो खूब खर्च करते हैं, लेकिन पुराने पर्दे, गलत रंग की दीवारें या बेमेल कुशन नहीं बदलते। एक्सपर्ट्स कहते हैं कि कमरे का पूरा लुक तभी निखरता है जब फर्नीचर, पर्दे, दीवारों के रंग और कारपेट एक-दूसरे के साथ तालमेल में हों। कलर बैलेंस ही घर को प्रीमियम फील कराता है।

तार, छोटे सामान और बिखराव

महंगे घरों की सबसे बड़ी पहचान उनकी साफ-सुथरी व्यवस्था होती है। टीवी के बाहर लटकते तार, चार्जर, अखबारों का ढेर, बिखरे जूते या हर जगह रखे छोटे-छोटे सामान पूरे लुक को खराब कर देते हैं। डिजाइनर्स कहते हैं कि क्लटर सबसे महंगे इंटीरियर का भी दुश्मन होता है।

कीमत से नहीं बढ़ता घर का लुक

कई लोग हर चीज अलग-अलग पसंद करके खरीद लेते हैं। नतीजा यह होता है कि घर किसी फर्नीचर शोरूम जैसा लगने लगता है, घर जैसा नहीं। हर कमरे का एक थीम, रंग और डिजाइन लैंग्वेज तय करें। आधुनिक, क्लासिक, मिनिमल या इंडियन, जो भी स्टाइल चुनें, उसी के हिसाब से फर्नीचर और सजावट का चुनाव करें। घर की खूबसूरती कीमत से नहीं, सोच से बनती है।

इंटीरियर डिजाइन की दुनिया में एक बात हमेशा कही जाती है। सुंदर घर वो नहीं होता जहां महंगी चीजें हों, वो होता है जहां चीजें सही तरह से चुनी गई हों। इसीलिए अगर आपका घर महंगे फर्नीचर के बावजूद 'चीप' लगता है, तो आपको सजावट के नजरिए को बदलने की जरूरत है।

Suneet Singh
सुनीत सिंहauthor

सुनीत सिंह टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में डिप्टी न्यूज एडिटर के रूप में कार्यरत हैं और लाइफस्टाइल सेक्शन में स्पेशल स्टोरीज प्रोजेक्ट का नेतृत्व कर रहे हैं। टीवी और डिजिटल पत्रकारिता में 13 वर्षों के अनुभव के साथ, सुनीत उन बहुमुखी पत्रकारों में शामिल हैं जिन्होंने न्यूजरूम और फील्ड—दोनों मोर्चों पर खुद को साबित किया है। माइक, कैमरा और एडिटिंग डेस्क तीनों से उनकी सहज जुगलबंदी ने उन्हें एक संतुलित और विश्वसनीय मीडिया प्रोफेशनल के रूप में स्थापित किया है। पिछले 10 वर्षों से सुनीत लाइफस्टाइल, लिटरेचर, सिनेमा और संस्कृति से जुड़ी गहन व विश्लेषणात्मक स्टोरीज लिखते रहे हैं और अबतक 12,000 से अधिक आर्टिकल पब्लिश कर चुके हैं। उनकी लेखन शैली गहराई, मौलिक दृष्टिकोण और रिसर्च-आधारित प्रस्तुति से पहचानी जाती है। वे विषयों की बारीकियों को पकड़कर उन्हें सरल, प्रभावी और पाठकों से जुड़ने वाली भाषा में ढालने में दक्ष हैं।

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