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कहानी लुंगी की: साउथ का स्वैग तो बॉलीवुड का फनी फेस है लुंगी, जानें कब से बनी भारतीय पहनावे का हिस्सा, कितनी होती है लुंगी की लंबाई-चौड़ाई

  • Authored by: Ritu raj
  • Updated May 7, 2024, 02:53 PM IST

Story of Lungi in Hindi: लुंगी का नाम सुनते ही हमारे दिमाग में सबसे पहले दक्षिण भारत की तस्वीर सामने आ जाती है। या फिर साउथ की फिल्मों के स्टार्स दिखने लगते हैं। इतना ही नहीं बल्कि फिल्म एनिमल में रणबीर कपूर का लुंगी भी। लुंगी एक पारंपरिक पोषाक है साउथ के कई एक्टर्स का सिग्नेचर स्टाइल माना जाता है। ऐसे में ये सवाल उठता है कि क्या है लुंगी का इतिहास, किसने पहली बार पहना था लुंगी, भारत में लुंगी पहनने की कैसे हुई शुरुआत। आज हम आपको इस आर्टिकल में इन सभी सवालों के जवाब बताएंगे।

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History of Lungi

Story of Lungi in Hindi: क्या आप जानते हैं, भारत में जन्मी एक ऐसी वेशभूषा है जिसने 2200 साल पहले आदमी और औरत के फर्क को मिटा कर दोनों को एक सामान्य तरीके से सुशोभित किया। पुरातन काल में इसे अंतरीया के नाम से जाना जाता था और अब इसे लुंगी के नाम से जाना जाता है। वही लुंगी - जिस पर शाहरुख अपनी फिल्म में लुंगी डांस दिखा चुके हैं, साउथ के कई एक्टर्स का सिग्नेचर स्टाइल बनी चुकी है और घर पर अक्सर हमने पापा-दादा को लुंगी पहने देखा होगा। लुंगी की कहानी को जानने से पहले आपको बता दें कि लुंगी एक ऐसी पारंपरिक पोषाक है जो भारत के कई राज्यों में पहनी जाती है। हालांकि लुंगी का सबसे ज्यादा इस्तेमाल दक्षिण भारतीय राज्यों और पूर्वी और उत्तरी राज्यों के कुछ हिस्सों में किया जाता है।

कहां से आई लुंगी

Kahan se aayi Lungi

Kahan se aayi Lungi

लुंगी एक पारंपरिक पोषाक है जिसका जन्म भारतीय उपमहाद्वीप में ही हुआ है। ये स्कर्ट की तरह दिखने वाली एक वेशभूषा है। ज्यादातर इसे कमर के नीचे नाभि के नीचे बांधा जाता है लेकिन कभी भी इसे पीछे की तरफ नहीं बांधा जाता। ऐसा कहा जाता है कि लुंगी का जन्म छठी और 10वीं शताब्दी के दौरान आंध्र प्रदेश और तामिलनाडु में हुआ था। उस वक्त यहां चोला वंश का राज हुआ करता था। इस वेशभूषा के आते ही दक्षिण भारत में इसकी लोकप्रियता काफी तेजी से बढ़ने लगी। लुंगी की लोकप्रियता इस कदर बढ़ी की देखते ही देखते वहां के लोगों की मान सम्मान का प्रतीक बन गया। इस तरह देखें तो लुंगी का इतिहास करीब 2200 साल पुराना है।

कितनी लंबी होती है लुंगी

Length of Lungi

Length of Lungi

लुंगी की ऊंचाई 115 सेंटीमीटर (45 इंच) और लंबाई 200 सेंटीमीटर (79 इंच) होती है। अमूमन से कॉटन के कपड़े में मिलती है। हालांकि कई जगह इसमें थोड़ा सिल्क मिक्स किया जाता है। इससे लुंगी की ग्रेस बढ़ती है और रॉयल टच भी मिलता है। विवाह, पूजा में पहने जाने वाली लुंगी में इस तरह के फैब्रिक की डिमांड ज्यादा रहती है।

डिजाइनर हुई लुंगी

Actor Yash Wearing Designer Lungi

Actor Yash Wearing Designer Lungi

लुंगी केवल दक्षित भारत ही नहीं पूरे भारतवर्ष में घर घर में पहना जाता है। यह पहनने में बेहद आरामदायक होता है और गर्मी के मौसम में काफी राहत पहुंचाता है। लुंगी की लोकप्रियता का अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि बॉलीवुड स्टार्स भी इनको अक्सर स्क्रीन पर पहने दिख जाते हैं। साउथ की फिल्मों में तो हीरो का लुंगी में दिखना एक परंपरा जैसा ही है। इसके अलावा कई फैशन डिजाइनर्स इसे अपने वर्जन में रैंप पर भी उतार चुके हैं।

हर राज्य में लुंगी का अपना है अंदाज

केरल

केरल में लुंगी आम तौर पर कई रंगों और डिजाइन्स में उपलब्ध होते हैं। यहां पुरुषों और औरतों दोनों द्वारा पहना जाता है। मजदूर वर्ग के लोग काम करते वक्त इसे पहनना पसंद करते हैं। वहीं शादी समारोह, त्योहारों पर यहां सफेद रंग की लुंगी पहनी जाती है।

आंध्र प्रदेश, तेलंगाना, कर्नाटक और तमिलनाडु

दक्षिण भारत के राज्य आंध्र प्रदेश, तेलंगाना, कर्नाटक और तमिलनाडु में लुंगी केवल पुरुषों द्वारा पहना जाता है। दक्षिण तमिलनाडु में इसे कैली या साराम/चारम के नाम से भी जाना जाता है।

Lungi in Southern States

Lungi in Southern States

पंजाब

पंजाब में भांगड़ा करते वक्त आदमी और औरतें दोनों ही लुंगी पहनते हैं। यहां आदमियों की लुंगी को तेहमत और औरतों की लुंगी को लाचा कहा जाता है। इन दिनों लुंगी को स्टाइल के नए ट्रेंड के रूप में देखा जाने लगा है। लोग इसे कुर्ता, शर्ट के साथ पहनना पसंद करते हैं। इन दिनों लुंगी को धार्मिक कार्यक्रम और शादी समारोह में भी खूब पहना जाने लगा है।

Diljit Dosanjh in Lungi

Diljit Dosanjh in Lungi

ओडिशा और पश्चिम बंगाल

ओडिशा और पश्चिम बंगाल के लोग भी लुंगी खूब पहनते हैं। ओडिशा में लुंगी मजदूर वर्ग के लोग पहनते हैं। ज्यादातर चावल की खेती करने वाले किसान यहां लुंगी पहनना पसंद करते हैं। ओडिशा में, संबलपुरी पैटर्न के साथ संबलपुरी और खोरधा से खच्चर आधारित सूती लुंगी पहनी जाती है।

बिहार और हरियाणा

बिहार और हरियाणा में भी लुंगी का एक अलग ही क्रेज देखने को मिलता है। यहां ज्यादातर लोग रात में सोते वक्त इस तरह की पोषाक पहनते हैं। ये काफी आरामदायक होता है।

झारखंड, छत्तीसगढ़ और मध्य प्रदेश

झारखंड, छत्तीसगढ़ और मध्य प्रदेश में आदिवासी लोगों का प्रमुख परिधान भी लुंगी ही है।

लुंगी के हैं विदेशी वर्जन

Foreigners in Lungi

Foreigners in Lungi

पाकिस्तान, बांग्लादेश, म्यांमार, श्रीलंका, सोमालिया और साउथ-इस्ट एशियन कंट्रीज जैसे मलेशिया और इंडोनेशिया में भी लुंगी को लोकल वेशभूषा के रूप में पहना जाता है। वहीं लुंगी को बांधने का स्टाइल जगह और कल्चर के हिसाब से बदलता रहता है। केरल में आदमी और औरतें दोनों ही लुंगी पहनते हैं और वहां इसे कईली और कल्ली मुंडू के नाम से जाना जाता है। यह वहां के मजदूरों की सबसे आम वेशभूषा मानी जाती है। मार्केट में लुंगी भी कई प्रकार और अलग अलग डिजाइन्स के उपलब्ध है। केरल में 'सफेद लुंगी' को वेस्टी के नाम से जाना जाता है। वहीं कर्नाटक और तमिलनाडु में लुंगी को मुंडू कहा जाता है।

ओमान

भारत के अलावा अरब देशों में भी लुंगी का खूब चलन है। ओमान में लुंगी को विजर कहा जाता है। यहां इस पोषाक को पुरुषों द्वारा पहना जाता है। ओमान में लुंगी को काफी अलग तरह से कैरी किया जाता है। यहां इसे कमर के चारों ओर अलग तरीके से लपेटा जाता है और फिर सीधा सीम बनाने के लिए बाएं फिर दाएं मोड़ा जाता है।

बांग्लादेश

बांग्लादेश में भी लुंगी बड़े पैमाने पर पहना जाता है। यहां शादी समारोह में दुल्हे टार्टन कॉटन, बाटिक या रेशम की लुंगी भेंट में दी जाती है। बांग्लादेश में लुंगी उद्योग सिराजगंज, कुश्तिया, पबना और खुलना में केंद्रित है। साल 2013 में बारीधरा हाउसिंग सोसाइटी ढाका ने लुंगी पर प्रतिबंध लगा दिया था और लुंगी पहनने वालों के प्रवेश पर भी बैन लगा दिया था। इसे लेकर काफी विरोध भी किया गया था।

Bangladeshi people in lungi

Bangladeshi people in lungi

म्यांमार

म्यांमार में लुंगी पुरुषों और औरतों दोनों द्वारा पहना जाता है। पुरुषों की लुंगी को पासो और महिलाओं की लुंगी को htamein कहा जाता है।

थाईलैंड और मालदीव

थाईलैंड और मालदीव के लोगों द्वारा भी लुंगी बड़े शौक से पहना जाता है। मालदीव में लुंगी को 'Mundu'कहा जाता है।

फिल्मी सितारों का लुंगी लव

Stars in Lungi

Stars in Lungi

बात हिंदी फिल्मों के ट्रेंड की करें तो लुंगी को यहां कभी प्रमुखता से नहीं दिखाया है। हां, इसे स्क्रीन पर स्पेशल मेंशन जरूर मिला है - जिसे बस कुछ हटकर दिखाने के लिए भुनाया गया है।। अमिताभ बच्चन से लेकर शाहरुख, सलमान तक, बॉलीवुड के कई मेगा सितारों ने पर्दे पर लुंगी पहनकर डांस किया है। अमिताभ बच्चन ने फिल्म डॉन के गाने ये है बंबई नगरिया में लुंगी पहनी थी, तो शाहरुख खान ने चेन्नई एक्सप्रेस में लुंगी डांस से दीपिका पादुकोण के साथ तहलका मचाया था। सलमान खान ने किसी का भाई किसी की जान (Kisi Ka Bhai Kisi Ki Jaan) फिल्म में सॉन्ग 'यतम्मा' में लुंगी पहनकर डांस किया था। रणवीर सिंह, ऋतिक रोशन जैसे स्टार्स ने लुंगी पहनी तो लेकिन वो उनके फैशनेबल लुक का हिस्सा रही। ये स्टार्स लुंगी शब्द को जुबान पर तो लाए लेकिन पब्लिक के सेंटिमेंट को लुंगी के साथ जोड़ नहीं सके। शायद इसकी एक वजह उत्तर की बेल्ट में कुर्ता पाजामा का ज्यादा पॉपुलर होना है। इसके बारे में हम आपको जल्द ही अपने एक लेख में बताएंगे। जबकि साउथ के सितारों के साथ लुंगी की कहानी ही अलग है।

Actor Dhanush in lungi

Actor Dhanush in lungi

बॉलीवुड की फनी इमेज से इतर साउथ की फिल्मों में लुंगी स्टाइल टफ, माचो किरदार दिखाने के लिए पहनाया जाता है। वैसे यहां के सितारे अपनी पारंपरिक इमेज को बनाने के लिए रियल लाइफ में भी लुंगी में अक्सर स्पॉट होते हैं। ये बात उनको सीधा पब्लिक से कनेक्ट करती है। मलयालम स्टार मोहनलाल, साउथ के अल्लू अर्जुन, राणा दग्गुबाती, रजनीकांत, धनुष, राम चरण तेजा, केजीएफ स्टार यश - इन सभी सितारों का स्वैग लुंगी में अलग ही दिखता है। अवॉर्ड समारोह में भी ये अभिनेता अक्सर लुंगी को शान से पहनते हैं।

Allu Arjun in lungi

Allu Arjun in lungi

पीएम मोदी का लुंगी प्रेम

PM Modi in Lungi

PM Modi in Lungi

प्रधानमंत्री मोदी भी लुंगी पहनना बेहद पसंद करते हैं। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी जब केरल के गुरुवायूर में विख्यात भगवान कृष्ण मंदिर में पूजा अर्चना करने पहुंचे थे तब उन्होंने पारंपरिक परिधान मुंडू और वेष्टि (सफेद शॉल) धारण किया था। उनकी ये तस्वीर सोशल मीडिया पर खूब वायरल हुई थी।

आम इंसान हो या फिर खास, लोगों के दिलों में लुंगी की एक खास जगह है और वो हमेशा रहेगी। इस बात का हमें हमेशा से गर्व रहा है कि हमनें दुनिया को एक ऐसी वेशभूषा दी, जो स्टाइल और कंफर्ट का बेहतरीन नमूना है। बहरहाल, लुंगी की आज की कहानी में बस इतना ही। ऐसे ही और दिलचस्प कहानियों और जानकारी के लिए आप हमारे इस सेक्शन के साथ लगातार बने रहें।

Ritu raj
Ritu rajauthor

<p>ऋतु राज टाइम्स नाऊ नवभारत डिजिटल में लाइफस्टाइल डेस्क में बतौर चीफ कॉफी एडिटर कार्यरत हैं। उनकी हेल्थ और लाइफस्टाइल की खबरों पर अच्छी पकड़ है। यहां वो एक्सप्लेनर और लाइफस्टाइल की ट्रेंडिंग खबरों को लोगों के लिए परोसने का काम करते हैं। उनकी फूड, पैरेंटिंग, ब्यूटी पर अच्छी पकड़ है। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत डिजिटल मीडिया से की। वो बिहार के मुजफ्फरपुर जिले से ताल्लुक रखते हैं। ऋतु राज ने पिछले 6 सालों में एनडीटीवी, जनसत्ता जैसे बड़े संस्थानों में अलग अलग बीट्स पर काम किया है। हालांकि उनकी खास रूची न्यूज, लाइफस्टाइल और एंटरटेनमेंट में रही है। ऋतु राज एक वॉयस ओवर आर्टिस्ट भी रहे हैं। उन्होंने एनडीटीवी में वॉयस ओवर आर्टिस्ट के तौर पर भी काम किया है। यहां उन्होंने लोकसभा चुनाव 2019 को भी कवर किया और खबरों को धार देना सीखा। साल 2021 में एनडीटीवी से इस्तीफा देने के बाद ऋतुराज ने जनसत्ता के साथ जुड़े और यहां वेब स्टोरीज पर अपनी रफ्तार बनाई और अलग अलग एंगल से खबरों को बनाना सीखा।</p>

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