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Dr Bhimrao Ambedkar Motivational Thoughts, Quotes: 100 की स्पीड से जीवन में मिलेगी सफलता, गांठ बांध लें भीमराव अंबेडकर की ये बातें

  • Authored by: Ritu raj
  • Updated Sep 19, 2024, 07:04 AM IST

Dr Bhimrao Ambedkar Motivational Thoughts, Quotes: भीमराव अंबेडकर भारत के सबसे प्रमुख समाज सुधारकों में से एक थे। एक दलित परिवार में जन्मे, अंबेडकर ने अपने समुदाय के शोषण और भेदभाव के खिलाफ लंबी लड़ाई लड़ी और उन्हें उनका अधिकार दिसाने का काम किया। उनके विचार आज भी युवाओं को मोटिवेट करते हैं। ऐसे में यहां पढ़ें उनके मोटिवेशनल कोट्स।

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Dr Bhimrao Ambedkar Motivational Thoughts

Dr Bhimrao Ambedkar Motivational Thoughts, Quotes: भीमराव अंबेडकर का जन्म 14 अप्रैल 1891 को मध्य प्रदेश में एक निर्धन परिवार में हुआ था। भीमराव अंबेडकर जी के बचपन का नाम भिवा, भीम, भीमराव, बाबासाहेब अंबेडकर था। अंबेडकर, जो हिंदू धर्म में अछूत मानी जाने वाली महार जाति से थे,ने वर्षों तक धर्म का अध्ययन करने के बाद, 14 अक्टूबर, 1956 को नागपुर में बौद्ध धर्म अपना लिया था। उन्हें न केवल सामाजिक भेदभाव को खत्म करने के लिए जाना जाता है, बल्कि देश में दलितों के उत्थान और सशक्तिकरण के लिए आवाज उठाने के लिए भी जाना जाता है। क्योंकि उनका मानना था कि दलितों को हिंदू धर्म के भीतर कभी भी उनके अधिकार नहीं मिल सकते हैं। डॉ. बीआर अंबेडकर को बचपन में आर्थिक और सामाजिक भेदभाव का सामना करना पड़ा था। इस बात का जिक्र उन्होंने अपनी आत्मकथात्मक पुस्तक 'वेटिंग फॉर ए वीजा' में किया है। भीमराव अंबेडकर को संविधान के निर्माता के रूप में भी जाना जाता है। उनके अनमोल विचार आज भी युवाओं को प्रेरित करते हैं। ऐसे में आज हम आपके लिए भीमराव अंबेडकर के कुछ मोटिवेशनल कोट्स लेकर आए हैं जो आपके लिए सफलता के रास्ते खोल सकते हैं।

Dr Bhimrao Ambedkar Motivational and Inspirational Quotes in Hindi

1. ज्ञान हर व्‍‍यक्ति के जीवन का आधार है।

2. जीवन लंबा होने के बजाय महान होना चाहिए।

3. जो झुक सकता है वो झुका भी सकता है।

4. एक सुरक्षित सेना एक सुरक्षित सीमा से बेहतर है।

5. न्याय हमेशा समानता के विचार को पैदा करता है।

6. धर्म मनुष्य के लिए बना है न कि मनुष्य धर्म के लिए।

7. एक इतिहासकार सटीक, ईमानदार और निष्‍पक्ष होना चाहिए।

8. मन का संवर्धन मानव अस्तित्व का अंतिम उद्देश्य होना चाहिए।

9. वर्गहीन समाज गढ़ने से पहले समाज को जातिविहीन करना होगा।

10. समाजवाद के बिना दलित-मेहनती इंसानों की आर्थिक मुक्ति संभव नहीं।

Ritu raj
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<p>ऋतु राज टाइम्स नाऊ नवभारत डिजिटल में लाइफस्टाइल डेस्क में बतौर चीफ कॉफी एडिटर कार्यरत हैं। उनकी हेल्थ और लाइफस्टाइल की खबरों पर अच्छी पकड़ है। यहां वो एक्सप्लेनर और लाइफस्टाइल की ट्रेंडिंग खबरों को लोगों के लिए परोसने का काम करते हैं। उनकी फूड, पैरेंटिंग, ब्यूटी पर अच्छी पकड़ है। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत डिजिटल मीडिया से की। वो बिहार के मुजफ्फरपुर जिले से ताल्लुक रखते हैं। ऋतु राज ने पिछले 6 सालों में एनडीटीवी, जनसत्ता जैसे बड़े संस्थानों में अलग अलग बीट्स पर काम किया है। हालांकि उनकी खास रूची न्यूज, लाइफस्टाइल और एंटरटेनमेंट में रही है। ऋतु राज एक वॉयस ओवर आर्टिस्ट भी रहे हैं। उन्होंने एनडीटीवी में वॉयस ओवर आर्टिस्ट के तौर पर भी काम किया है। यहां उन्होंने लोकसभा चुनाव 2019 को भी कवर किया और खबरों को धार देना सीखा। साल 2021 में एनडीटीवी से इस्तीफा देने के बाद ऋतुराज ने जनसत्ता के साथ जुड़े और यहां वेब स्टोरीज पर अपनी रफ्तार बनाई और अलग अलग एंगल से खबरों को बनाना सीखा।</p>

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