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रफ्तार धीमी करने से लेकर इमरजेंसी लैंडिंग तक ऐसे काम कर सकता है ब्रेक पैराशूट, जान लें पूरी प्रक्रिया

Brake Parachute: ब्रेक पैराशूट के बारे में आप कितना जानते हैं? हाल ही में आरएलवी पुष्पक के सफल लैंडिंग परीक्षण के दौरान ब्रेक पैराशूट देखने को मिला था। इसकी मदद से ही लैंडिंग परीक्षण कराया गया। दरअसल, ब्रेक पैराशूट एक तरह का पैराशूट होता है, जिसकी मदद से विमान की रफ्तार कम की जाती है।

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ब्रेक पैराशूट क्या है?

Photo : Times Now Digital
KEY HIGHLIGHTS
  • ATR परीक्षण रेंज में ब्रेक पैराशूट का हुआ इस्तेमाल।
  • ब्रेक पैराशूट की मदद से पुष्पक विमान का सफल परीक्षण।
  • छोटे रनवे पर मददगार साबित हो सकता है ब्रेक पैराशूट।

Brake Parachute: भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (ISRO) ने आरएलवी पुष्पक की लैंडिंग में ब्रेक पैराशूट का सफल परीक्षण किया। दुनिया ने डीआरडीओ ATR परीक्षण रेंज का यह नजारा देखा और भारत का लोहा माना। ब्रेक पैराशूट की मदद से दूर दुर्गम इलाकों और चुनौतीपूर्ण जगहों में छोटे रनवे पर विमान की लैंडिंग कराई जा सकेगी।

फिल्मों में आप लोगों ने जरूर लड़ाकू विमानों की स्पीड को कम करने के लिए ब्रेक पैराशूट का इस्तेमाल होते हुए देखा होगा। इसके लिए विमान को बड़े रनवे की जरूरत नहीं पड़ती। छोटे रनवे पर ही ब्रेक पैराशूट की मदद से विमान लैंड हो सकता है।

क्या है ब्रेक पैराशूट?

ब्रेक पैराशूट एक खास तरह का पैराशूट होता है, जिसकी मदद से विमान की गति को धीरे या लैंड कराया जाता है। खासकर छोटे रनवे पर यह काफी मददगार साबित होता है। आमतौर पर इसका इस्तेमाल लड़ाकू विमानों, हल्के विमानों और हेलीकॉप्टरों में किया जाता है।

Brake Parachute

ब्रेक पैराशूट कैसे काम करता है?

कैसे काम करता है ब्रेक पैराशूट?

ब्रेक पैराशूट को विमान के पीछे की ओर लगाया जाता है। जब विमान रनवे के करीब पहुंचता है तो पायलट ब्रेक पैराशूट को खोल देता है और यह हवा में फैल जाता है। जिसकी वजह से विमान की गति धीमी होने लगती है। ब्रेक पैराशूट विमान को नियंत्रित तरीके से धीमा करने में मददगार साबित होता है, जिसकी बदौलत रनवे पर सुरक्षित लैंडिंग सुनिश्चित होती है।

इमरजेंसी लैंडिंग में कैसे करता है मदद

ब्रेक पैराशूट इमरजेंसी लैंडिंग में मददगार साबित हो सकता है। इंजन फेल होने या फिर अन्य आपात स्थितियों में विमान को रोकने के लिए ब्रेक पैराशूट का इस्तेमाल किया जा सकता है। इसकी मदद से सुरक्षित लैंडिंग हो सकती है।

Anurag Gupta
अनुराग गुप्ताauthor

अनुराग गुप्ता टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में सीनियर कॉपी एडिटर के रूप में कार्यरत हैं और मीडिया में 9 वर्षों का अनुभव रखते हैं। जर्नलिज़्म में मास्टर्स डिग्री हासिल करने के बाद से ही वे न्यूजरूम के विभिन्न आयामों—कॉपी एडिटिंग, कंटेंट क्यूरेशन और रियल-टाइम न्यूज मॉनिटरिंग में दक्षता के साथ काम कर रहे हैं। राष्ट्रीय, अंतरराष्ट्रीय और ब्रेकिंग न्यूज पर उनकी मजबूत पकड़ है। अनुराग खबरों की बारीकियों को समझने, फैक्ट चेकिंग और स्टोरी के अहम पहलुओं को पाठकों तक सरल भाषा में पहुंचाने के लिए जाने जाते हैं। उन्होंने अब तक 10 हजार से अधिक खबरें प्रकाशित की हैं, जिनमें ब्रेकिंग अपडेट्स, एनालिटिकल कंटेंट, स्पेशल स्टोरीज और न्यूज एक्सप्लेनर्स शामिल हैं।

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