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रॉकेट ब्लास्ट या परमाणु परीक्षण? लॉन्चिंग से पहले ही ब्लू ओरिजिन का Rocket हो गया तबाह, देखिए वीडियो

Blue Origin Rocket Explosion: ब्लू ओरिजन के स्पेस मिशन को आज बड़ा झटका लगा है। उसका रॉकेट लॉन्च होने से पहले ही ब्लास्ट कर गया है।

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लॉन्चिंग के समय ही फट गया ब्लू ओरिजिन का रॉकेट (फोटो- AP)

Blue Origin Rocket Explosion: अमेरिका के फ्लोरिडा में एक ऐसा ब्लास्ट हुआ कि लोगों को परमाणु परीक्षण की याद आ गई। दरअसल जेफ बेजोस की ब्लू ओरिजिन कंपनी का एक रॉकेट गुरुवार रात परीक्षण के दौरान लॉन्च पैड पर ही ब्लास्ट कर गया। इस रॉकेट के ब्लास्ट का धमाका इतना तेज और चमकीला था कि बिलकुल परमाणु बम के विस्फोट जैसा लगा।

नारंगी रोशनी से भर गया आसमान

एमेजॉन के संस्थापक जेफ बेजोस की स्पेस कंपनी 'ब्लू ओरिजिन' का एक विशाल न्यू ग्लेन रॉकेट गुरुवार रात लॉन्च पैड पर परीक्षण के दौरान अचानक फट गया। यह विस्फोट इतना जोरदार था कि इसके प्रभाव से आसपास के घर हिल गए और कुछ देर के लिए पूरा आसमान नारंगी रोशनी से भर गया।

इंजन परीक्षण के दौरान हुआ हादसा

ब्लू ओरिजिन द्वारा दी गई आधिकारिक जानकारी के अनुसार, यह हादसा उस समय हुआ जब अगले सप्ताह होने वाले एक महत्वपूर्ण उपग्रह प्रक्षेपण (सैटेलाइट लॉन्च) की तैयारियों के तहत इंजन का परीक्षण किया जा रहा था। केप कैनावेरल स्पेस फोर्स स्टेशन के अधिकारियों ने राहत की सांस लेते हुए पुष्टि की है कि इस भयानक विस्फोट में किसी के हताहत होने या घायल होने की खबर नहीं है।

जेफ बेजोस ने जताई प्रतिबद्धता

इस असफलता पर प्रतिक्रिया देते हुए कंपनी के प्रमुख जेफ बेजोस ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' (पहले ट्विटर) पर लिखा, "अभी इस हादसे के मूल कारण का पता लगाना जल्दबाजी होगी, लेकिन हमारी टीम इसका पता लगाने के लिए काम में जुट गई है। आज का दिन हमारी टीम के लिए बहुत मुश्किल भरा रहा, लेकिन हम जो भी मरम्मत की जरूरत होगी, उसे ठीक करेंगे और फिर से उड़ानें शुरू करेंगे। यह सब करना हमारे भविष्य के मिशनों के लिए सार्थक होगा।"

अगले मिशन पर क्या होगा असर?

विस्फोट के एक घंटे बाद तक आपातकालीन टीमें मौके पर डटी रहीं। हालांकि, अधिकारियों ने साफ तौर पर कहा कि वहाँ उठ रहे धुएं या अन्य संभावित चीजों से किसी भी तरह का कोई खतरा नहीं है। अंतरिक्ष बल के अधिकारियों के मुताबिक, इस विस्फोट का अन्य कंपनियों के आगामी अभियानों पर कोई असर नहीं पड़ेगा और वे अपने तय शेड्यूल के अनुसार ही लॉन्च पैड से उड़ान भरेंगे। मिसाल के तौर पर, यूनाइटेड लॉन्च एलायंस का 'एटलस वी' रॉकेट शुक्रवार रात को अमेज़न लियो (LEO) उपग्रहों के एक समूह को लेकर रवाना होने के लिए पूरी तरह तैयार है; दिलचस्प बात यह है कि यह ठीक उसी तरह के उपग्रह हैं जिन्हें दुर्घटनाग्रस्त हुआ न्यू ग्लेन रॉकेट ले जाने वाला था।

Shishupal Kumar
शिशुपाल कुमारauthor

शिशुपाल कुमार टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल के न्यूज डेस्क में कार्यरत एक अनुभवी पत्रकार हैं, जिन्हें 13 वर्षों का अनुभव हासिल है। राजनीतिक, अंतरराष्ट्रीय और क्राइम रिपोर्टिंग में गहरी रुचि और मजबूत पकड़ के साथ वे समाचारों की बारीकियों को समझने और उन्हें प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत करने के लिए जाने जाते हैं। शिशुपाल ने अपने करियर की शुरुआत एक इन्वेस्टिगेटिव जर्नलिस्ट के रूप में की, जहां उन्होंने प्रोडक्शन से लेकर ग्राउंड रिपोर्टिंग तक पत्रकारिता के कई महत्वपूर्ण पहलुओं में काम किया। फील्ड रिपोर्टिंग और डेस्क दोनों स्तरों पर उनकी दक्षता है। अब तक शिशुपाल कुमार 15,000 से अधिक खबरें प्रकाशित कर चुके हैं। वह ब्रेकिंग न्यूज, रियल-टाइम कवरेज, डेटा-आधारित विश्लेषण और एक्सप्लेनर लिखने में खास महारत रखते हैं। उनकी स्टोरीज तथ्यों की सटीकता और सहज भाषा की वजह से पाठकों पर मजबूत प्रभाव छोड़ती हैं।

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