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रोड एक्सीडेंट में रात 9 से 2 बजे के बीच होती हैं सबसे अधिक मौतें; 2022 में कुल 1,571 लोगों ने तोड़ा दम: रिपोर्ट

Road Accidents: दिल्ली में साल 2022 में रोजाना सड़क दुर्घटनाओं में कम से कम चार लोगों की मौत हुई है और सबसे ज्यादा हैरान करने वाली बात तो यह है कि ज्यादातर दुर्घटनाएं रात 9 बजे से देर रात 2 बजे के बीच हुईं। बकौल रिपोर्ट, 2022 में घातक दुर्घटनाओं में 1,571 व्यक्तियों की मौत हुई।

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रोड एक्सीडेंट (प्रतीकात्मक तस्वीर)

Photo : iStock
KEY HIGHLIGHTS
  • '2022 दिल्ली सड़क दुर्घटना मृत्यु रिपोर्ट' हुई जारी।
  • सड़क दुर्घटना में मारे गए लोगों में 50 फीसद पैदल यात्री।
  • 2022 में सड़क दुर्घटना में 1,571 लोगों की हुई मौत।

Road Accidents: दिल्ली सरकार के अनुसार राष्ट्रीय राजधानी में 2022 में हर दिन सड़क दुर्घटनाओं में कम से कम चार लोग मारे गए और ये दुर्घटनाएं ज्यादातर रात 9 बजे से देर रात 2 बजे के बीच हुईं। यह संख्या 2021 में सड़क दुर्घटना में मारे गए लोगों की संख्या से अधिक है।

'2022 दिल्ली सड़क दुर्घटना मृत्यु रिपोर्ट' हुई जारी

परिवहन विभाग की रिपोर्ट के अनुसार, 2022 में सड़क दुर्घटना में मारे गए लोगों में से 50 प्रतिशत पैदल यात्री थे, जबकि 45 प्रतिशत दोपहिया या तिपहिया चालक और यात्री थे। दिल्ली सरकार ने हाल में ‘2022 दिल्ली सड़क दुर्घटना मृत्यु रिपोर्ट’ को जारी किया था।

रिपोर्ट में कहा गया है कि 2022 में घातक दुर्घटनाओं में 1,571 व्यक्तियों की मौत हुई अर्थात हर दिन कम से चार लोगों की मौत हुई, जबकि इन सड़क हादसों को रोका जा सकता था। उन्होंने कहा कि यह चिंता की बात है कि ये आंकड़े 2021 से 28 प्रतिशत अधिक हैं।

Road Accidents

रोड एक्सीडेंट

दुर्घटना में कौन लोग मारे?

रिपोर्ट के अनुसार, दुर्घटना में मारे गए कुल 97 प्रतिशत लोग पैदल यात्री, मोटरसाइकिल चालक, साइकिल चालक और ऑटो रिक्शा चालक (मोटर चालित एवं इलेक्ट्रिक दोनों) थे, जो कि राष्ट्रीय औसत 70.8 प्रतिशत से अधिक है। सड़क दुर्घटना में मारे गए लोगों में 89 प्रतिशत पुरुष और 11 प्रतिशत महिलाएं थीं, जबकि 30 से 39 वर्ष की आयु के लोगों की संख्या अधिक थी।

वीकेंड में होती हैं सबसे ज्यादा दुर्घटनाएं

रिपोर्ट में दुर्घटनाओं के समय का भी विश्लेषण किया गया और निष्कर्ष निकाला गया कि सप्ताह में अधिकांश सड़क दुर्घटनाएं ज्यादातर रात नौ बजे से देर रात दो बजे के बीच होती हैं, जिनमें लोगों के मरने की संख्या अधिक होती है। रिपोर्ट के अनुसार, यह वो समय भी है जब बहुत सारे ‘हिट-एंड-रन’ के मामले होते हैं। रिपोर्ट में कहा गया है कि शनिवार, रविवार और सोमवार को हुई दुर्घटनाओं में मौत का आंकड़ा अधिक था।

(इनपुट: भाषा)

Anurag Gupta
अनुराग गुप्ताauthor

अनुराग गुप्ता टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में सीनियर कॉपी एडिटर के रूप में कार्यरत हैं और मीडिया में 9 वर्षों का अनुभव रखते हैं। जर्नलिज़्म में मास्टर्स डिग्री हासिल करने के बाद से ही वे न्यूजरूम के विभिन्न आयामों—कॉपी एडिटिंग, कंटेंट क्यूरेशन और रियल-टाइम न्यूज मॉनिटरिंग में दक्षता के साथ काम कर रहे हैं। राष्ट्रीय, अंतरराष्ट्रीय और ब्रेकिंग न्यूज पर उनकी मजबूत पकड़ है। अनुराग खबरों की बारीकियों को समझने, फैक्ट चेकिंग और स्टोरी के अहम पहलुओं को पाठकों तक सरल भाषा में पहुंचाने के लिए जाने जाते हैं। उन्होंने अब तक 10 हजार से अधिक खबरें प्रकाशित की हैं, जिनमें ब्रेकिंग अपडेट्स, एनालिटिकल कंटेंट, स्पेशल स्टोरीज और न्यूज एक्सप्लेनर्स शामिल हैं।

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