Vijay CM house: तमिलनाडु में जोसेफ विजय (C. Joseph Vijay) के मुख्यमंत्री बनने के बाद अब एक नई चर्चा जोर पकड़ रही है, क्या विजय सरकारी मुख्यमंत्री आवास में रहेंगे या फिर अपने पुराने घर से ही सरकार चलाएंगे? शपथ ग्रहण के बाद चेन्नई से लेकर सोशल मीडिया तक इसी सवाल पर चर्चा हो रही है। वजह यह है कि विजय लंबे समय से चेन्नई के Panaiyur इलाके स्थित अपने घर से ही राजनीतिक गतिविधियां चलाते रहे हैं। चुनाव नतीजों के दौरान भी तमाम बड़े नेता, अधिकारी और समर्थक वहीं पहुंचते रहे थे।
अब चर्चा इस बात की है कि मुख्यमंत्री बनने के बाद सुरक्षा और प्रशासनिक कारणों से क्या विजय किसी सरकारी बंगले या सचिवालय के पास मौजूद आधिकारिक आवास में शिफ्ट होंगे। सोशल मीडिया और स्थानीय राजनीतिक हलकों में ग्रीनवेज रोड और सचिवालय के आसपास के कुछ सरकारी आवासों को लेकर भी अटकलें लगाई जा रही हैं।
हालांकि अभी तक विजय या उनकी पार्टी TVK की तरफ से इस पर कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है। लेकिन NDTV और Moneycontrol की रिपोर्ट्स के मुताबिक, विजय पहले भी VVIP सुरक्षा प्रोटोकॉल और लंबे काफिले से दूरी बनाते दिखे हैं। यहां तक कि मुख्यमंत्री पद की शपथ से पहले उन्होंने आधिकारिक काफिला लेने से भी इनकार कर दिया था।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि अगर विजय अपने निजी घर से काम जारी रखते हैं, तो इसे 'साधारण और जनता से जुड़े नेता' वाली छवि से जोड़कर देखा जा सकता है। वहीं सुरक्षा एजेंसियों के सामने ट्रैफिक, भीड़ और फैन मूवमेंट जैसी चुनौतियां भी बढ़ सकती हैं।
तमिलनाडु में पूर्व मुख्यमंत्रियों ने कौन सा रास्ता अपनाया?
दिलचस्प बात यह भी है कि तमिलनाडु में पहले कई मुख्यमंत्री सरकारी 'शाही बंगले' से दूरी बनाते रहे हैं। कुछ नेताओं ने अपने निजी घर को ही ज्यादा प्राथमिकता दी थी। ऐसे में अब सबकी नजर इस बात पर है कि विजय आखिर कौन सा रास्ता चुनते हैं। फिलहाल तमिलनाडु की राजनीति में यह सवाल सिर्फ आवास का नहीं, बल्कि विजय की नई राजनीतिक शैली और छवि से भी जोड़कर देखा जा रहा है।
