PoK Protest: विदेश मंत्रालय ने पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर (PoK) में चल रहे विरोध प्रदर्शनों के बीच पाकिस्तानी सेना की बर्बरता की कड़ी आलोचना की और कहा कि पाकिस्तान का दमनकारी रवैया ही इसकी जड़ है।
MEA ने क्या कुछ कहा?
विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने साप्ताहिक प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए कहा कि हमने पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर के कई इलाकों में विरोध प्रदर्शनों की खबरें देखी हैं जिनमें पाकिस्तानी सेना द्वारा निर्दोष नागरिकों पर की गई बर्बरता भी शामिल है।
'PoK पर PAK का जबरन और अवैध कब्जा'
जायसवाल ने आगे कहा कि हमारा मानना है कि यह पाकिस्तान के दमनकारी दृष्टिकोण और इन क्षेत्रों से संसाधनों की व्यवस्थित लूट का स्वाभाविक परिणाम है, जो उसके जबरन और अवैध कब्जे में हैं। उन्होंने कहा कि पाकिस्तान को उसके भयावह मानवाधिकार उल्लंघन के लिए जवाबदेह ठहराया जाना चाहिए।
सनद रहे कि पीओके के कई जिलों में आर्थिक तंगी, बुनियादी सेवाओं की कमी और पाकिस्तानी अधिकारियों द्वारा शोषण के खिलाफ नागरिक प्रदर्शन हुए। स्थानीय रिपोर्टों से पता चलता है कि सुरक्षाबलों की बर्बरता की वजह से कई लोग हताहत हुए जिसकी स्थानीय समूहों ने व्यापक निंदा की।
