भारतीय वायुसेना (IAF) चीफ अमर प्रीत सिंह ने शुक्रवार को मीडिया से बातचीत करते हुए पाकिस्तान के झूठे दावों की पोल खोल कर रख दी। उन्होंने ऑपरेशन सिंदूर में भारत के पराक्रम का जिक्र करते हुए पाकिस्तान को मुंह तोड़ जवाब दिया।
दरअसल, पाकिस्तान दावा करता आया है कि ऑपरेशन सिंदूर के दौरान उसने राफेल जैसे फाइटर जेट मार गिराए। हालांकि, दुनिया के सामने वो कोई सबूत दिखा नहीं पाया।
पाकिस्तान के झूठे दावों पर टिप्पणी करते हुए वायु सेना चीफ एपी सिंह ने कहा उनका (पाकिस्तान का) नैरेटिव 'मनोहर कहानियां' है। उन्हें खुश रहने दीजिए, आखिरकार उन्हें भी अपनी प्रतिष्ठा बचाने के लिए अपने दर्शकों को कुछ दिखाना है। मुझे इससे कोई फर्क नहीं पड़ता।
पाकिस्तान क्यों नहीं दिखा रहा सबूत: IAF चीफ
वायु सेना चीफ ने आगे कहा,"अगर उन्हें लगता है कि उन्होंने मेरे 15 जेट मार गिराए हैं, तो उन्हें सोचने दीजिए। मुझे उम्मीद है कि उन्हें इस बात का यकीन हो गया होगा, और जब वे दोबारा लड़ने आएंगे तो मेरे बेड़े में 15 कम विमान होंगे। तो मैं इसके बारे में बात क्यों करूं? आज भी मैं इस बारे में कुछ नहीं कहूंगा कि क्या हुआ, कितना नुकसान हुआ, कैसे हुआ, क्योंकि उन्हें पता तो चलने दीजिए।"
वायु सेना चीफ ने कहा कि क्या आपने एक भी तस्वीर देखी है जहां हमारे किसी एयरबेस पर कुछ गिरा हो, हमें कोई टक्कर लगी हो, कोई हैंगर तबाह हुआ हो, या ऐसा कुछ? हमने उन्हें उनकी जगहों की इतनी सारी तस्वीरें दिखाईं। लेकिन, वे हमें एक भी तस्वीर नहीं दिखा पाए। तो उनकी कहानी 'मनोहर कहानियां' है। उन्हें खुश रहने दीजिए, आखिरकार, उन्हें भी अपनी प्रतिष्ठा बचाने के लिए अपने दर्शकों को कुछ तो दिखाना ही है। मुझे इससे कोई फर्क नहीं पड़ता।
सेना ने 4 से 5 एफ-16 मार गिराए: वायु सेना चीफ
वहीं, एयर चीफ मार्शल ने कहा कि सैन्य ऑपरेशन के दौरान भारतीय सेना ने 4 से 5 अमेरिकी लड़ाकू विमान F 16 और चीनी लड़ाकू विमान J-17 मार गिराए गए। उन्होंने आगे कहा कि पाकिस्तान के कम से कम चार स्थानों पर रडार, दो स्थानों पर कमांड और नियंत्रण केंद्र, दो स्थानों पर रनवे क्षतिग्रस्त हो गए। इसके अलावा तीन अलग-अलग स्टेशनों में उनके तीन हैंगर क्षतिग्रस्त हो गए हैं। हमारे पास एक सी-130 श्रेणी के विमान के संकेत हैं।
उन्होंने कहा कि दुनिया में इस वक्त 2 युद्ध चल रहे है जिसके थमने पर चर्चा नहीं हो रही, लेकिन हमारी सेना की कार्रवाई ने दुश्मन देश को बातचीत के लिए मजबूर कर दिया।
