Manipur Latest News in Hindi: मैतेई और कुकी समुदाय के बीच भड़की जातीय हिंसा के आगोश में आए नॉर्थ ईस्ट के सूबे मणिपुर के मसले पर सूबे के दोनों सांसद अपनी बात संसद में कहना चाहते थे, मगर उन्हें मौका नहीं मिला। इस बात का मलाल जताते हुए दोनों ने न सिर्फ अपनी बेबसी जाहिर की बल्कि सूबे के मौजूदा परिदृष्य को लेकर अपना दर्द भी बयां किया।
शनिवार (12 अगस्त, 2023) को विदेश राज्य मंत्री और सूबे से बीजेपी सांसद आरके रंजन ने एक हिंदी खबरिया चैनल को बताया, "मैंने मॉनसून सत्र के दौरान सदन में मणिपुर पर अपनी बात रखने के लिए गुजारिश की थी। मैंने अपनी स्पीच के लिए तैयारी भी की थी। हालांकि, मुझे वहां बोलने के लिए टाइम नहीं अलॉट किया गया और इसी वजह से मौका नहीं मिल पाया।" उन्होंने इसके साथ ही साफ संकेत दिए कि राज्य स्तर पर फिलहाल हालात नहीं संभलते दिख रहे।
इस बीच, बाहरी मणिपुर से एनपीएफ सांसद (बीजेपी के साथी) लोहरो फोजे ने मीडिया से कहा- मैं शुरू से संसद के सत्र में था। मुझसे कह दिया गया था कि गृह मंत्री इस मसल पर बात रखेंग। मैं बोलना चाहता था और यह जरूरी था। मैं बहुत कुछ कहना चाहता था, पर मुझे मौका न मिला।"
उनके मुताबिक, हमारा मणिपुर फिलहाल जल रहा है। सूबा रक्तरंजित है। जातीय हिंसा को 100 दिन के ऊपर हो चुके हैं। मैं इस बाबत बड़ा जज्बाती हूं क्योंकि मेरे लोग रो रहे हैं। वे पीड़ा और दर्द में हैं। चूंकि, यहां एक तरह से विभाजन हो गया है और स्थितियां सामान्य होने में लगभग तीन से चार साल का समय लगेगा।
फोजे ने आगे सवाल उठाया, "सामान्य समय में तो सब उनसे राज्य में पहुंचते हैं, पर हर समय (बुरे वक्त के संदर्भ में) में वहां कोई क्यों नहीं आता है?" वैसे, उन्होंने इंटरव्यू के दौरान भाजपा की तारीफ की और कहा कि बीजेपी ने सूबे में बहुत सारी अच्छी चीजें की हैं। पीएम अच्छे हैं। हम उन पर यकीन करते हैं। पहले जब कांग्रेस का शासन हुआ करता था तब सूबे में उल्टी-पुल्टी चीजें हुआ करती थीं।
