दिल्ली के सीएम अरविंद केजरीवाल ने कहा कि दिवाली की पूजा के दिन उनके मन में एक विचार आया कि गांधी जी की तस्वीर के साथ ही लक्ष्मी और गणेश की तस्वीर क्यों नहीं हो सकती। जब इंडोनेशिया जहां 80 फीसद मुस्लिम आबादी और 2 फीसद हिंदू आबादी है वहां करेंसी पर लक्ष्मी और गणेश की तस्वीर हो सकती है तो भारत में क्यों नहीं। वो पीएम से अपील करते हैं और इस संबंध में चिट्ठी लिखेंगे। लेकिन बीजेपी ने तंज और निशाना दोनों साधा।बीजेपी प्रवक्ता संबित पात्रा ने कहा कि अरविंद केजरीवाल की राजनीति अब यू-टर्न ले रही है... वह वही आदमी है जिसने अयोध्या के राम मंदिर में जाने से इनकार कर दिया, यह दावा करते हुए कि भगवान वहां की जाने वाली प्रार्थनाओं को स्वीकार नहीं करेंगे। कश्मीरी पंडित झूठ बोलते हैं।
बीजेपी करती है पाखंड की राजनीति
आप के विधायक सौरभ भारद्वाज ने कहा कि आज साबित हो गया हिंदू भगवान की नोट पर फ़ोटो से तकलीफ़ मुस्लिम भाइयों को नहीं है,भाजपा के नेताओं को है। Indonesia एक Muslim देश है। वहां 85% मुस्लिम और केवल 2% Hindu हैं लेकिन वहां की Currency पर श्री गणेश जी की तस्वीर है। अब केजरीवाल के इस बयान के बाद आम जनता का कहना है कि यह सिर्फ सियासी ड्रामा है। गुजरात चुनाव को ध्यान में रखकर इस तरह की बात कही जा रही है।
कुमार विश्वास ने कसा तंज
दोनों @BJP4Delhi और @INCIndiaसदी के सबसे बड़े धूर्त से फ़ालतू ही तर्क कर रहे हैं।उसे पता है कि अल्पसंख्यक वोटबैंक में तो अखिलेश-ममता-नीतीश, आधा दर्जन दावेदार हैं, 82% हिंदू वोटबैंक से आधा भी फँसा लो तो बाक़ी अल्पसंख्यक तो दुत्कारने पर भी मोदी विरोध में मजबूरी में वोट देंगे ही।
अरविंद केजरीवाल की अपील पर कांग्रेस के संदीप दीक्षित ने कहा कि वह बीजेपी और आरएसएस की बी टीम है। उसे कोई समझ नहीं है। यह उनकी वोट की राजनीति है। अगर वह पाकिस्तान जाते हैं, तो वे यह भी कह सकते हैं कि मैं पाकिस्तानी हूं, इसलिए मुझे वोट दें। आम आदमी पार्टी के नेता किसी भी तरह सत्ता हासिल करना चाहते हैं, लिहाजा वो ओछी हरकतें करते हैं सस्ती बातें करते हैं। इस तरह की राजनीति को जनता समझती है और समय आने पर नकार भी देती है।
