सिद्धिविनायक मंदिर के दर्शन के बाद शिवसेना (उद्धव ठाकरे गुट) के नेता संजय राउत बोले-हमने ज़िंदगी में कभी गलत काम नहीं किया। मैंने 100 दिन से भी अधिक जेल में काटे जिसे में कभी भूलूंगा नहीं। मुझे किसी से गिला शिकवा नहीं है। मुझे हमारी न्याय व्यवस्था ने न्याय दिया और मैं उनका आभारी हूं, मैंने 100 दिन से अधिक जेल में काटे लेकिन क्यों? मेरा क्या गुनाह है? मुझे जेल क्यों भेजा, मुझे अब तक नहीं पता। मुझे न्याय व्यवस्था में भरोसा है और आज वह भरोसा बढ़ गया है :
जब संजय राउत मध्य मुंबई में इस प्रसिद्ध मंदिर में गये तब उनके साथ उनके भाई एवं विधायक सुनील राउत एवं पार्टी के अन्य नेता थे।प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने उपनगरीय गोरेगांव में एक आवासीय परियोजना से जुड़े एक धनशोधन मामले में एक अगस्त को संजय राउत को गिरफ्तार किया था।

Sanjay Raut ask question
उद्धव ठाकरे गुट के सैकड़ों कार्यकर्ता जेल के बाहर जुटे
शक्ति प्रदर्शन के लिए शिवसेना के उद्धव ठाकरे गुट के सैंकड़ों कार्यकर्ता मध्य में आर्थर रोड जेल के बाहर जुटे थे और उनके हाथों में भगवा झंडे थे।
जेल से संजय राउत की रिहाई के लिए बाट जोह रहे पार्टी कार्यकर्ताओं की कारों की लंबी कतार थी। जब वह जेल से निकले तब शिवसेना ठाकरे गुट के कार्यकर्ताओं ने उनका जोरदार स्वागत किया। उन्होंने राउत और पार्टी अध्यक्ष उद्धव ठाकरे के पक्ष में नारे लगाये तथा एक -दूसरे को गुलाल लगाया। गले में भगवा पटका लगाये संजय राउत राउत ने हाथ हिलाकर जेल के बाहर खड़े लोगों का अभिवादन किया। वह तीन महीने से अधिक समय से जेल में बंद थे।
'उद्धव ठाकरे की अगुवाई वाली शिवसेना ही 'असली' पार्टी'
संजय राउत ने संवाददाताओं से कहा कि उद्धव ठाकरे की अगुवाई वाली शिवसेना ही 'असली' पार्टी है जिसकी स्थापना दिवंगत बाल ठाकरे ने की थी। उन्होंने कहा कि राज्य का वर्तमान राजनीतिक परिदृश्य अस्थायी है।
