कोलकाता: पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी (Mamata Banerjee) ने कोलकाता में दुर्गा पूजा पंडाल में मां दुर्गा (Durga) की मूर्ति के साथ महात्मा गांधी (Mahatma Gandhi) जैसी दिखने वाली 'महिषासुर' (Mahishasur) की मूर्ति को लेकर हुए विवाद पर निशाना साधा। पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ने इसे 'शर्मनाक कृत्य' बताते हुए कहा कि मैं काफी निराश हूं। ममता बनर्जी ने कहा कि कुछ लोग गांधी जी को 'असुर' बना रहे हैं। जनता इस तरह की शर्मनाक हरकत का जवाब देंगे।
उन्होंने कहा कि दुर्गा पूजा के दौरान, असुर के स्थान पर महात्मा गांधी जैसी मूर्ति को स्थापित किया गया था। उन्हें क्या सजा दी जानी चाहिए? जनता इस तरह के शर्मनाक कृत्य का जवाब देगी। मैं बहुत निराश था लेकिन कुछ नहीं कहा क्योंकि हो सकता था पूजा के दौरान विरोध प्रदर्शन होता।
गौर हो कि इस महीने की शुरुआत में, अखिल भारतीय हिंदू महासभा (Akhil Bhartiya Hindu Mahasabha) की पश्चिम बंगाल यूनिट द्वारा आयोजित एक दुर्गा पूजा पंडाल में महात्मा गांधी की तरह दिखने वाली 'महिषासुर' की एक मूर्ति थी। हालांकि, प्रतिक्रिया मिलने के तुरंत बाद मूर्ति को बदल दिया गया था।
आयोजकों ने बाद में बताया कि समानताएं 'सिर्फ एक संयोग' थीं। समाचार एजेंसी पीटीआई के मुताबिक अखिल भारतीय हिंदू महासभा के प्रदेश कार्यकारी अध्यक्ष चंद्रचूर गोस्वामी ने कहा कि यहां पूजा की जाने वाली दुर्गा की मूर्ति में शुरू में एक महिषासुर था, जिसका चेहरा महात्मा गांधी के समान दिखता था। समानताएं महज एक संयोग है। इसकी तस्वीरें वायरल होने के बाद एक पुलिस दल ने मार्की का दौरा किया और हमें चेहरा बदलने के लिए कहा। गोस्वामी ने आगे कहा कि उनका इरादा किसी की भावनाओं को आहत करने का नहीं था। उन्होंने कहा कि पुलिस ने हमें इसे बदलने के लिए कहा और हमने इसे स्वीकार किया। हमने महिषासुर की मूर्ति पर मूंछें और बाल लगाए।
पश्चिम बंगाल में सत्तारूढ़ टीएमसी के प्रवक्ता कुणाल घोष ने इस घटना पर प्रतिक्रिया व्यक्त की और इसे 'राष्ट्रपिता का अपमान' बताया। उन्होंने कहा कि यह राष्ट्रपिता का अपमान है। यह देश के प्रत्येक नागरिक का अपमान है। इस तरह के अपमान के बारे में बीजेपी क्या कहेगी? हम जानते हैं कि गांधीजी का हत्यारा किस वैचारिक खेमे से था।
