Rajnath Singh in kachchh: रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने गुरुवार को चेतावनी दी कि अगर पाकिस्तान सर क्रीक क्षेत्र में कोई गलत कदम उठाता है, तो उसे ऐसा करारा जवाब दिया जाएगा कि इतिहास और भूगोल दोनों बदल जाएंगे। सिंह कच्छ के लक्की नाला मिलिट्री गढ़ी में विजयदशमी के अवसर पर आयोजित मल्टी-एजेंसी क्षमता अभ्यास में शामिल हुए थे। साथ ही उन्होंने इस दौरान शस्त्र पूजन में भी भाग लिया।
'पाकिस्तान से युद्ध शुरू करना उद्देश्य नहीं था'
राजनाथ सिंह ने कहा, 'भारतीय सेना ने ऑपरेशन सिंदूर के सभी लक्ष्यों को सफलतापूर्वक हासिल कर लिया और स्थिति को बढ़ाकर पाकिस्तान के साथ युद्ध शुरू करना इसका उद्देश्य नहीं था।' यह बयान दोनों पड़ोसी देशों के बीच संघर्ष के लगभग पांच महीने बाद दिया गया। गुजरात के भुज में सैनिकों को संबोधित करते हुए सिंह ने कहा कि भारत सीमा पार आतंकवाद के खिलाफ अपनी लड़ाई जारी रखेगा।
अपने बयान में सिंह ने कहा कि ऑपरेशन सिंदूर के दौरान पाकिस्तान ने लेह से लेकर सरक्रीक तक भारत के रक्षा तंत्र में सेंध लगाने की असफल कोशिश की। हालांकि, जवाबी कार्रवाई में भारतीय सेना ने पाकिस्तानी एयर डिफेंस सिस्टम को पूरी तरह से बेनकाब कर दिया और दुनिया को यह संदेश दे दिया कि भारतीय सेना जब चाहे, जहां चाहे पाकिस्तान को भारी नुकसान पहुंचा सकती है।
'भारत की सेना ने लाहौर तक पहुंच गई थी'
1965 की जंग में भारत की सेना ने लाहौर तक पहुंचने का सामर्थ्य दिखाया था। आज 2025 में पाकिस्तान को याद रखना चाहिए कि कराची का एक रास्ता क्रीक से होकर गुजरता है। भारत की सीमाओं की रक्षा भारतीय सेनाएं और BSF मिल कर मुस्तैदी से कर रही है।
भारत की ताकत के 'तीन स्तंभ'
रक्षा मंत्री ने सेना, वायु सेना और नौसेना को भारत की ताकत के 'तीन स्तंभ' बताया। उन्होंने कहा, 'जब ये तीनों सेवाएं मिलकर काम करेंगी, तभी हम हर चुनौती का प्रभावी ढंग से सामना कर सकेंगे।'
