NEET Paper Leak: एआईएमआईएम नेता वारिस पठान ने नीट पेपर लीक और पेट्रोल-डीजल की कीमतों को लेकर नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार पर निशाना साधा और कहा कि पहली बार यह पेपर लीक नहीं हुआ है।
केंद्र पर बरसे वारिस पठान
वारिस पठान ने नीट पेपर लीक को 23 लाख छात्रों के भविष्य की बर्बादी बताया है। उन्होंने एक छात्र की आत्महत्या को "आत्महत्या" नहीं, बल्कि "कोल्ड ब्लडेड मर्डर" करार दिया और कहा कि इसकी पूरी जिम्मेदारी भाजपा सरकार की है। पेपर लीक पहली बार नहीं हुआ है। दो साल पहले भी लीक हुआ था।
वारिस पठान ने कहा, ''एक छात्र दो साल पढ़ाई करता है, अच्छा पेपर जाता है... लेकिन फिर एनटीए (नेशनल टेस्टिंग एजेंसी) आता है और कहता है कि पेपर लीक हो गया है और एग्जाम कैंसिंल कर देता है।'' उन्होंने एनटीए की जवाबदेही पर सवाल उठाए और मांग की कि इसके खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए। उन्होंने शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान की चुप्पी की भी आलोचना की।
छात्रों को मुआवजा दे सरकार
वारिस पठान ने सरकार से मांग की कि छात्रों की पूरी फीस वापस की जाए और उन्हें मुआवजा दिया जाए। साथ ही उन्होंने री-एग्जाम का पूरा खर्च भी सरकार को उठाना चाहिए। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि छात्रों को न्याय नहीं मिला, तो वे संवैधानिक तौर पर सड़कों पर उतरेंगे और कोर्ट का दरवाजा भी खटखटाएंगे।
वारिस पठान के तीखे बोल
इससे अलावा, वारिस पठान ने भाजपा को घेरते हुए एक विवादित बयान दे डाला। उन्होंने कहा कि भाजपा के अंदर कुछ नफरती चिंदू भरे हुए हैं, जो त्योहार के ताक में बैठे रहते हैं। कब त्यौहार आए और हम कुछ करें। अफरा-तफरी करो, नफरत फैलाओ। अगर कुछ नहीं हो पाया तो मॉब लिंचिंग करते हैं।
PM मोदी के UAE दौर पर उठाया सवाल
उन्होंने आगे कहा कि भारत के मुस्लमान के लिए मोदी के दिल में ज़हर भरा हुआ है। हर दिन गालिया, कठमुल्ला इत्यादि देते हैं, लेकिन जब पीएम यूएई गए तो वहां गले मिल रहे हैं। वहां वालों से मोहब्बत और यहां नफरत।
