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सोशल मीडिया के एजेंडाधारी सावधान! भारत सरकार ने IT कानून में किया है बड़ा बदलाव, होगा सख्त एक्शन

  • Agency by: Agency
  • Updated Oct 29, 2022, 08:02 AM IST

भारत सरकार ने IT कानून में किया बड़ा बदलाव किया है जिससे फेसबुक और ट्विटर जैसी दिग्गज कंपनियां अपनी मनमानी नहीं कर सकेंगी। नए नियम के तहत सभी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर लगाम लगाई गई है और फेक न्यूज और एजेंडा चलाने वालों पर सख्त एक्शन होगा।

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केंद्र ने IT नियमों की किया बदलाव बदले नियम, सभी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर होंगे लागू

Photo : BCCL
KEY HIGHLIGHTS
  • IT कानून में संशोधन पर बड़ी खबर, सरकार ने IT कानून में किया बदलाव
  • ट्विटर, फेसबुक, इंस्टा पर लागू होंगे नए नियम, 72 घंटों में हटाना होगा विवादास्पद कंटेंट
  • शिकायत के लिए पैनल का होगा गठन, 3 महीने में होगा शिकायत पर एक्शन

New Delhi : भारत सरकार ने आईटी नियमों (IT Rules) में बदलाव किया है। संशोधित नियमों के अनुसार, Twitter, Facebook, You Tube और Instagram जैसे सोशल मीडिया (Social Media) प्‍लेटफॉर्म्‍स को भारत को भारत की संप्रभुता के नियमों का पालन करना अनिवार्य होगा। सरकार सोशल मीडिया से जुड़ी शिकायतों के निवारण के लिए तीन महीने के अंदर ही अपीलीय पैनल गठित करेगी। ये पैनल मेटा (Meta) और ट्विटर जैसी सोशल मीडिया कंपनियों द्वारा किए गए फैसलों की समीक्षा कर सकेंगी।

क्या हैं नए नए नियम

नए नियमों के मुताबिक सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म को 72 घंटों के भीतर विवादास्पद सामग्री भी हटानी होगी। अपीलीय पैनल का मकसद यूजर्स को शिकायत करने के लिए एक व्यवस्था प्रदान करना है। अगर किसी यूजर को ब्लॉक कर दिया गया है या उसके कंटेंट को रोका गया है तो इसे लेकर वह यूजर शिकायत अपीलीय समिति में गुहार लगा सकता है। अधिसूचना में कहा गया है कि केंद्र सरकार सूचना प्रौद्योगिकी संशोधन नियम-2022 के लागू होने की तिथि से तीन महीने के भीतर अधिसूचना के माध्यम से एक या अधिक शिकायत अपीलीय समितियों का गठन करेगी।

जनता को राहत!

समिति में एक चेयरपर्सन और केंद्र सरकार की ओर से नियुक्त दो पूर्णकालिक सदस्य होंगे। इनमें से एक पदेन सदस्य और दो स्वतंत्र सदस्य होंगे। सरकार नए नियम से पीड़ित जनता को राहत मिलेगी। इसके तहत लोग सोशल मीडिया पर चल रहे कंटेंट की शिकायत कर सकेंगे, सरकार इसके लिए अगल तीन महीनों अपीलिय समिति का गठन करेगी। ये समितियां मेटा और ट्विटर जैसी सोशल मीडिया कंपनियों द्वारा सामग्री के नियमन के संबंध में किए गए फैसलों की समीक्षा कर सकेंगी।
किशोर जोशी
किशोर जोशीauthor

राजनीति में विशेष दिलचस्पी रखने वाले किशोर जोशी को और खेल के साथ-साथ संगीत से भी विशेष लगाव है। यह टाइम्स नाउ हिंदी डिजिटल में नेशनल डेस्क पर कार्यरत हैं। किशोर के पास डिजिटल मीडिया का 10 सालों का अनुभव है।

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