Delhi Baba Exposed: दिल्ली के एक निजी संस्थान में 16 छात्राओं के यौन उत्पीड़न के आरोपी स्वयंभू बाबा चैतन्यानंद सरस्वती को शुक्रवार को पटियाला हाउस कोर्ट में पेश किया गया, जहां पर कोर्ट ने तमाम दलीलें सुनीं। इसके बाद अदालत ने आरोपी बाबा को 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेज दिया।
वहीं, आरोपी बाबा को जेल में डॉक्टर के पर्चे के हिसाब से दवा दिए जाने की इजाजत की मांग वाली अर्जी पर पटियाला हाउस कोर्ट शनिवार 12:30 बजे फैसला सुनाएगा। पुलिस ने बताया कि अब उन्हें इस मामले में आरोपी से और पूछताछ नहीं करनी है। इसलिए वह आरोपी को न्यायिक हिरासत में भेजा जाएगा।
बाबा के वकील ने क्या कुछ कहा
आरोपी बाबा के वकील ने बताया कि हमने कुछ एप्लीकेशन लगाई है। बाबा चूंकि सन्यासी है तो वह एक निश्चित वस्त्र धारण करते हैं जिसे जेल में दिए जाने की मांग हमने की है। इसके अलावा संन्यासी होने की वजह से वह प्याज लहसुन वाला खाना नहीं खा सकते हैं, ऐसे में अलग से सात्विक भोजन दिए जाने की मांग वाली अर्जी लगाई है। इसके अलावा उनकी कुछ दवाइयां हैं, उसे भी जेल में दिए जाने की इजाजत हमने मांगी है जिस पर कल कोर्ट 12:30 बजे अपना फैसला देगा। साथ ही कहा कि मीडिया में जितने भी चैट चल रहे हैं वह सब झूठे हैं। सारी साजिश ट्रस्ट की जमीन हड़पने की है।
आगरा से हुई थी गिरफ्तारी
62 वर्षीय आरोपी बाबा को बीते रविवार को आगरा से गिरफ्तार किया गया था। दिल्ली पुलिस की एक टीम को चैतन्यानंद के आगरा में होने का पता चला था, जहां वह एक होटल में ठहरा हुआ था। इससे पहले पुलिस ने उसकी आठ करोड़ रुपये की संपत्ति ‘फ्रीज’ कर दी थी। एफआईआर के मुताबिक, दक्षिण-पश्चिम दिल्ली स्थित एक प्रबंधन संस्थान के पूर्व अध्यक्ष चैतन्यानंद ने कथित तौर पर छात्राओं को देर रात अपने आवास में आने के लिए मजबूर किया और उन्हें अनुचित संदेश भेजे। फआईआर के मुताबिक, वह कथित तौर पर अपने फोन के जरिए छात्राओं की गतिविधियों पर नजर रखता था।
