Mayawati Action against Akash Anand: क्या आकाश आनंद ही मायावती और उनकी पार्टी बसपा के उत्तराधिकारी होंगे? अब इस सवाल का जवाब समझ पाना किसी के वश की बात नहीं है। आकाश की मुश्किल एक बार फिर बढ़ गई हैं, तो क्या मायावती उन्हें अब बसपा से बेदखल करने पर विचार कर रही हैं? ये दावा हम नहीं कर रहे हैं, बल्कि खुद मायावती अपने फैसलों से इस ओर इशारा कर रही हैं कि उनके भतीजे आकाश आनंद उनकी सोच के अनुकूल फिट नहीं बैठ रहे हैं।
अपने भतीजे को मायावती ने पार्टी में सभी पदों से हटाया
बसपा अध्यक्ष मायावती ने अपने भतीजे आकाश आनंद को पार्टी में सभी पदों से हटा दिया है। आकाश आनंद बसपा में अब किसी पद पर नहीं रहेंगे। मायावती ने अपने भाई आनंद कुमार को नेशनल कोऑर्डिनेटर बना दिया है। ऐसे में ये सवाल उठ रहे हैं कि क्या अब मायावती अपने भतीजे पर भरोसा नहीं रहा?
'उत्तराधिकारी वो जो कांशीराम के शिष्य जैसा होगा'
बसपा का उत्तराधिकारी कौन होगा, इसका जवाब आज मायावती ने इशारों ही इशारों में दे दिया। बसपा प्रमुख ने कहा कि उनके जीते जी पार्टी व आंदोलन (मूवमेन्ट) का कोई भी वास्तविक उत्तराधिकारी वही व्यक्ति हो सकता है, जो श्री कांशीराम जी की शिष्या की तरह हर दुःख-तकलीफ उठाकर अंतिम सांस तक पार्टी व ‘मूवमेन्ट’ को आगे बढ़ाने में पूरे जी-जान से लगातार लगा रहे।
बसपा प्रमुख मायावती अपने उत्तराधिकारी को लेकर फिर से संशय में दिख रही है। मायावती अपने भतीजे आकाश आनंद को अपना उत्तराधिकारी बता चुकी हैं, हालांकि इस पद से उन्हें एक बार पहले भी हटाया भी जा चुका था, अब एक बार फिर से मायावती ने आकाश आनंद की कुर्सी छीन ली है। मायावती ने हाल ही में आकाश आनंद के ससुर के को पार्टी से निकाल दिया था।
आकाश आनंद के पास थी उत्तराधिकारी की गद्दी
बीते 12 फरवरी को मायावती ने अपने भतीजे और उत्तराधिकारी आकाश आनंद के ससुर तथा पूर्व सांसद डॉ. अशोक सिद्धार्थ समेत कई वरिष्ठ नेताओं को पार्टी से निष्कासित कर दिया था। आकाश आनंद बसपा के राष्ट्रीय समन्वयक थे और मायावती के राजनीतिक उत्तराधिकारी थे। इसी बीच उनसे ये कुर्सी छीन ली गई और बसपा के सभी पदों से हटा दिया गया। पिछले साल भी मायावती ने अपने भतीजे को पद से हटा दिया था, लेकिन बाद में उन्हें फिर से बहाल करके अपना राजनीतिक उत्तराधिकारी नियुक्त कर दिया था।
