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बंगाल में अब सार्वजनिक जगहों पर थूकना-कचरा फैलाया तो देना पड़ेगा जुर्माना; जानें किस गलती पर देनी पड़ेगी कितनी पेनल्टी

पश्चिम बंगाल की नई नवेली सुवेंदु सरकार कानून व्यवस्था के साथ ही राज्य की साफ-सफाई को लेकर भी खासी सजग नजर आ रही है। इस बाबत सुवेंदु सरकार ने बड़ा निर्णय लिया है। यहां सार्वजनिक जगहों पर थूकने,कचरा फैलाने,खुले में शौच करने और प्रतिबंधित प्लास्टिक इस्तेमाल को लेकर नए नियम लागू किए गए हैं।

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मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी (फाइल फोटो)

कोलकाता: पश्चिम बंगाल में सार्वजनिक जगहों को साफ-सुथरा रखने के लिए भाजपा सरकार ने मंगलवार से नई जुर्माना व्यवस्था लागू कर दी है। अब सड़क या सार्वजनिक स्थान पर थूकना, कचरा फैलाना, खुले में पेशाब या शौच करना और प्रतिबंधित प्लास्टिक थैलों का इस्तेमाल करना जेब पर भारी पड़ेगा।

थूकने पर 100, कचरा फैलाने पर 200 रुपये जुर्माना

नई व्यवस्था के तहत सार्वजनिक स्थान पर थूकते पकड़े जाने पर 100 रुपये का जुर्माना लगाया जाएगा। वहीं सड़क या सार्वजनिक जगह पर कचरा फेंकने अथवा गंदगी फैलाने पर 200 रुपये देने होंगे। खुले में शौच या सार्वजनिक स्थान पर पेशाब करने पर भी 200 रुपये का जुर्माना तय किया गया है। इसके अलावा 125 माइक्रोन से कम मोटाई वाले सिंगल यूज प्लास्टिक बैग के इस्तेमाल पर भी 200 रुपये की पेनल्टी लगेगी।

'सरकार का खजाना भरना मकसद नहीं'

वहीं, मंत्री अग्निमित्रा पॉल ने इस नई व्यवस्था के बारे में जानकारी दी। उन्होंने कहा कि जुर्माने की राशि जानबूझकर कम रखी गई है,ताकि इसका उद्देश्य लोगों को डराना या सरकारी खजाना भरना न समझा जाए। उन्होंने कहा कि सरकार जुर्माने के जरिए पैसा इकट्ठा करने के बजाय लोगों में स्वच्छता को लेकर जिम्मेदारी की भावना पैदा करना चाहती है। उनका कहना है कि सरकार चाहती है कि कोलकाता समेत राज्य के दूसरे शहर भी साफ और सुंदर बनें।

कार की खिड़की से कचरा फेंकने और बस से थूकने पर भी चेताया

इस दौरान उन्होंने वाहन चालकों और यात्रियों से खास तौर पर अपील की। उन्होंने कहा कि कार की खिड़की खोलकर सड़क पर कोई पैकेट फेंकने या बस से बाहर थूकने से पहले लोगों को एक बार जरूर सोचना चाहिए। उन्होंने कहा कि लोगों में यह भावना विकसित होनी चाहिए कि 'यह मेरा शहर है, मेरा राज्य है और मैं इसे गंदा नहीं करूंगा।'

की जा रही हैं खास तैयारियां

अग्निमित्रा पॉल ने कहा कि राज्य को साफ रखने के लिए अलग-अलग शहरों में बाजारों और रेलवे स्टेशनों के आसपास कूड़ेदान लगाए जा रहे हैं। इसके साथ ही अलग-अलग इलाकों में सार्वजनिक शौचालयों की संख्या बढ़ाने के निर्देश भी दिए गए हैं।

प्लास्टिक बैग के विकल्प के लिए बाजारों में लगेंगी मशीनें

सरकार प्रतिबंधित प्लास्टिक बैग के इस्तेमाल को कम करने के लिए बाजारों में वैकल्पिक बैग उपलब्ध कराने की व्यवस्था भी कर रही है। इसके लिए अलग-अलग स्थानों पर मशीनें लगाई जा रही हैं। ये एक मशीन करीब एक रुपये में मक्के से बने बैग उपलब्ध कराएगी,जबकि दूसरी मशीन से 5 से 10 रुपये में कपड़े के थैले लिए जा सकेंगे।अलग-अलग बाजारों में इन मशीनों को पहुंचाने की प्रक्रिया शुरू हो गई है।

पहले से मौजूद हैं जुर्माने के प्रावधान

सार्वजनिक जगहों पर गंदगी फैलाने के खिलाफ पश्चिम बंगाल में पहले से ही कानूनी प्रावधान मौजूद हैं। 2019 में संशोधित नगर निकाय कानून के तहत सार्वजनिक स्थान पर थूकने पर 1,000 रुपये तक का जुर्माना लगाया जा सकता था। कोलकाता में अवैध तरीके से कचरा फेंकने पर 50 रुपये से 5,000 रुपये तक जुर्माने का प्रावधान भी रहा है। हालांकि, इन नियमों का प्रभावी तरीके से पालन कराना नगर निकायों के लिए लंबे समय से चुनौती बना हुआ है।

Shiv Shukla
शिव शुक्लाauthor

शिव शुक्ला टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में कार्यरत एक अनुभवी न्यूज राइटर हैं। छह वर्षों के पेशेवर अनुभव के साथ वे डिजिटल पत्रकारिता में तेज, सटीक और प्रभावी कंटेंट तैयार करने के लिए पहचाने जाते हैं। वह राष्ट्रीय-अंतरराष्ट्रीय खबरों, राजनीतिक घटनाक्रमों और गहन विश्लेषण पर विशेष पकड़ रखते हैं। ब्रेकिंग न्यूज कवरेज, लाइव ब्लॉग, एक्सप्लेनर और एनालिसिस आर्टिकल तैयार करने में उन्हें विशेषज्ञता हासिल है। शिव शुक्ला 8,000 से अधिक न्यूज रिपोर्ट प्रकाशित कर चुके हैं। मजबूत न्यूज सेंस, विश्लेषण क्षमता और स्पष्ट लेखन शैली उनकी खासियत है। उन्हें नए स्थानों की यात्रा करना और किताबें पढ़ने का शौक है, जो उनकी लेखन शैली एवं दृष्टिकोण को और समृद्ध बनाता है।

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