BMC Election: बृहन्मुंबई महानगरपालिका (बीएमसी) चुनाव के लिए नामांकन पत्रों की जांच के दौरान विभिन्न राजनीतिक दलों के कई उम्मीदवारों के नामांकन खारिज कर दिए गए हैं। अधूरे दस्तावेज, फॉर्म में त्रुटियां और अनिवार्य प्रमाणपत्र जमा न करने जैसे कारणों को इसकी मुख्य वजह बताया गया है। निर्वाचन अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि जिन उम्मीदवारों के नामांकन रद्द हुए हैं, वे अब चुनावी मैदान से बाहर हो गए हैं।
2516 नामांकन, आखिरी दिनों में बढ़ी भीड़
निर्वाचन अधिकारियों के मुताबिक, नामांकन दाखिल करने की अंतिम तिथि 30 दिसंबर तक कुल 2,516 नामांकन पत्र जमा किए गए थे। अधिकांश राजनीतिक दलों ने बगावत की आशंका को देखते हुए अंतिम दो-तीन दिनों में ही सीटों का बंटवारा तय किया और ‘ए’ व ‘बी’ फॉर्म जारी किए। इसी वजह से 29 और 30 दिसंबर को नामांकन केंद्रों पर भारी भीड़ देखने को मिली।
कांग्रेस, भाजपा, आप समेत कई दल प्रभावित
जांच के दौरान कांग्रेस, भाजपा, आम आदमी पार्टी, राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (शरदचंद्र पवार), बहुजन समाज पार्टी और बड़ी संख्या में निर्दलीय उम्मीदवारों के नामांकन खारिज किए गए। अधिकारियों ने बताया कि उम्मीदवारों के चयन में देरी, अंतिम समय में दस्तावेज तैयार करना, जाति वैधता प्रमाणपत्र जमा न करना और अधूरी जानकारी जैसी कमियों के चलते यह कार्रवाई करनी पड़ी।
वार्ड स्तर पर भी सामने आई गड़बड़ियां
आधिकारिक जानकारी के अनुसार, सबसे ज्यादा नामांकन निर्दलीय उम्मीदवारों के खारिज हुए हैं, हालांकि प्रमुख राजनीतिक दल भी इससे अछूते नहीं रहे।
- राकांपा (शप) के वार्ड 109 से उम्मीदवार भारत दनानी का नामांकन जांच में खारिज कर दिया गया।
- एफ-साउथ वार्ड (200 से 206) में बसपा के एक उम्मीदवार का नामांकन इसलिए रद्द हुआ क्योंकि प्रस्तावक का नाम फॉर्म में दो बार दर्ज था।
- कांग्रेस के मनोज कन्नौजिया (वार्ड 226) और आम आदमी पार्टी के नवनाथ लालगे (वार्ड 226) के नामांकन जाति प्रमाणपत्र जमा न करने के कारण स्वीकार नहीं किए गए।
- वार्ड 211 और 212 से भाजपा के दोनों उम्मीदवारों के नामांकन भी अधूरे दस्तावेजों और अन्य खामियों के चलते खारिज हुए।
15 जनवरी को मतदान, 16 को मतगणना
बीएमसी सहित राज्य की 29 महानगरपालिकाओं के लिए मतदान 15 जनवरी को होगा, जबकि मतगणना अगले दिन की जाएगी। नामांकन प्रक्रिया 23 दिसंबर को शुरू हुई थी और 30 दिसंबर को समाप्त हुई। नामांकन वापस लेने की अंतिम तिथि दो जनवरी है, जबकि उम्मीदवारों की अंतिम सूची तीन जनवरी को जारी की जाएगी।
निर्वाचन अधिकारियों का कहना है कि सभी वैधानिक प्रक्रियाएं पूरी होने के बाद चुनावी तस्वीर और अधिक स्पष्ट हो जाएगी।
