Mridula Sinha: नहीं रहीं गोवा की पूर्व राज्यपाल मृदुला सिन्हा, पीएम मोदी और अमित शाह ने जताया दुख

  • Authored by: टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल
  • Updated Nov 18, 2020, 05:47 PM IST

Mridula Sinha passed away: गोवा की पूर्व राज्यपाल और प्रतिष्ठित साहित्यकार मृदुला सिन्हा का बुधवार को निधन हो गया, वह 77 बरस की थीं वो बिहार के मुजफ्फरपुर की रहने वाली थीं।

Mridula Sinha: नहीं रहीं गोवा की पूर्व राज्यपाल मृदुला सिन्हा, पीएम मोदी और अमित शाह ने जताया दुख

गोवा की राज्यपाल मृदुला सिन्हा (Mridula Sinha Death) का निधन हो गया है। उनके निधन पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, गृह मंत्री अमित शाह ने शोक जताया है। उनकी गिनती बीजेपी के प्रभावी नेताओं में की जाती थी।27 नवंबर 1942 को बिहार के मुजफ्फरपुर में जन्मी मृदुला सिन्हा शुरू से जनसंघ से जुड़ी रही हैं। वह एक सफल राजनीतिज्ञ के अलावा एक सफल लेखिका भी थीं।

मृदुला सिन्हा गोवा की पहली महिला राज्यपाल थीं, उनके निधन पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह सहित भाजपा के नेताओं ने गहरी शोक संवेदना व्यक्त की है।

मृदुला सिन्हा की पहचान राजनेता के साथ हिंदी लेखिका की भी रही है। वे पांचवां स्तम्भ नाम से एक सामाजिक पत्रिका निकाल चुकी हैं। उन्होंने अलग-अलग विषयों पर करीब 46 पुस्तकें और उपन्यास लिखे हैं। मृदुला सिन्हा को उत्तर प्रदेश हिन्दी संस्थान का साहित्य भूषण सम्मान, दीनदयाल उपाध्याय पुरस्कार समेत कई दूसरे सम्मान और पुरस्कार मिल चुके हैं। 

उन्होंने हिन्दी साहित्य की सेवा के लिये स्वयं को समर्पित कर दिया

मृदुला सिन्हा का जन्म  27 नवम्बर 1942 कोबिहार राज्य में मुजफ्फरपुर जिले के छपरा गाँव में हुआ था। मनोविज्ञान में एम०ए० करने के बाद उन्होंने बी०एड० किया और मुजफ्फरपुर के एक कॉलेज में प्रवक्ता हो गयीं। कुछ समय तक मोतीहारी के एक विद्यालय में प्रिंसिपल भी रहीं किन्तु अचानक उनका मन वहाँ भी न लगा और नौकरी को सदा के लिये अलविदा कहके उन्होंने हिन्दी साहित्य की सेवा के लिये स्वयं को समर्पित कर दिया। उनके पति रामकृपाल सिन्हा, जो विवाह के वक़्त किसी कॉलेज में अंग्रेजी के प्रवक्ता हुआ करते थे, जब बिहार सरकार में मन्त्री हो गये तो मृदुला जी ने भी साहित्य के साथ-साथ राजनीति की सेवा शुरू कर दी। 
 

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