भारत सरकार के रक्षा अनुसंधान और विकास संगठन (डीआरडीओ) ने एयरो इंडिया 2023 के दौरान तापस यूएवी द्वारा खींची गई हैरान कर देने वाली फुटेज ट्विटर पर शेयर की है। दो मिनट से ज्यादा के इस वीडियो में तपस 15 हजार फीट की ऊंचाई पर उड़ान भरते हुए हथियारों को ट्रैक करता दिख रहा है।
इस वीडियो को ट्वीट करते हुए डीआरडीओ ने लिखा- "AeroIndia2023 के दौरान तपस यूएवी ने चित्रदुर्ग से उड़ान भरी जो येलहंका वायु सेना स्टेशन बैंगलोर से 180 किमी की हवाई दूरी पर स्थित है। इसने उद्घाटन समारोह के दौरान 15000 फीट की ऊंचाई से ग्राउंड और एयर डिस्प्ले का लाइव एरियल कवरेज रिकॉर्ड किया।"
तपस (TAPAS) का पूरा नाम टेक्टिकल एयरबॉर्न प्लेटफॉर्म फॉर एरियल सर्विलांस बेयॉन्ड होराइजन (Tactical Airborne Platform for Aerial Surveillance-Beyond Horizon) है। तपस अब तक का सबसे ताकतवर स्वदेशी ड्रोन है जो पल भर में दुश्मन का खात्मा कर सकता है इसकी निगरानी की क्षमता भी पहले से कई गुना ज्यादा है।
TAPAS ड्रोन केवल सीमाओं पर निगरानी रखने ही नहीं, बल्कि दुश्मनों पर हमला करने के लिए भी इस्तेमाल में लाया जा सकता है। 2016 से ही तपस का उत्पादन शुरू किया जा चुका है। माना जा रहा है कि जल्द ही तपस को भारतीय सेना अपनी संवेदनशील सीमाओं पर तैनात कर देगी।
तपस ड्रोन 28 हजार फीट की ऊंचाई पर 18 घंटे से ज्यादा की उड़ान भर सकता है। इतने लंबे इंड्योरेंस वाला यह पहला स्वदेशी ड्रोन है। तपस एक मीडियम एल्टीट्यूट लॉन्ग-इंड्यूरेंस (MALE) ड्रोन है, जो अमेरिका के MQ-1 प्रीडेटर ड्रोन जैसा ही है। तपस अपने आप ही टेकऑफ और लैंड करने की क्षमता रखने वाला ड्रोन है।
