हेल्थ

World Health Day: मानसिक स्वास्थ्य के लिए Digital Detox क्यों जरूरी है? डॉक्टर से जानें जरूरी हेल्थ टिप्स

World Health Day: तेजी से डिजिटल होती लाइफस्टाइल में मानसिक स्वास्थ्य गंभीर समस्या है। ऐसे में आप अपनी मेंटल हेल्थ का भरपूर ख्याल रखें। आज विश्व स्वास्थ्य दिवस के मौके पर आइए जानते हैं कैसे फिट रखें अपनी मेंटल हेल्थ?

Image

मेंटल हेल्थ के लिए डिजिटल डिटॉक्स

World Health Day 2026: आज की तेज रफ्तार जिंदगी में स्मार्टफोन, लैपटॉप और सोशल मीडिया हमारे रोजमर्रा का हिस्सा बन चुके हैं। सुबह उठते ही स्क्रीन और रात को सोने से पहले आखिरी नजर भी मोबाइल पर होती है। यह आदत अब सामान्य लगने लगी है। लेकिन इसी डिजिटल डिपेंडेंसी के बीच मानसिक स्वास्थ्य पर इसका असर धीरे-धीरे गंभीर होता जा रहा है। विश्व स्वास्थ्य दिवस के अवसर पर यह सवाल बेहद अहम हो जाता है कि क्या हम अपनी मानसिक शांति की कीमत पर डिजिटल दुनिया में डूबते जा रहे हैं? यदि आप मेंटल हेल्थ फिट रखना चाहते हैं, तो आपको आज विश्व स्वास्थ्य दिवस के मौके पर कुछ जरूरी कदम उठाने चाहिए। आइए जानते हैं बेहतर मेंटल हेल्थ के लिए क्यों जरूरी है डिजिटल डिटॉक्स? हमने इस विषय पर बात की अमृता अस्पताल, फरीदाबाद की वरिष्ठ सलाहकार, मनोचिकित्सा विभाग डॉ. मीनाक्षी जैन से।

डिजिटल डिटॉक्स क्या है? -Digital Detox

डॉ. मीनाक्षी जैन के अनुसार, डिजिटल डिटॉक्स का साफ मतलब कुछ समय के लिए डिजिटल उपकरणों और ऑनलाइन गतिविधियों से दूरी बनाना है। यह सिर्फ एक ट्रेंड नहीं बल्कि मानसिक संतुलन को बेहतर बनाए रखने का एक जरूरी तरीका बन चुका है। दरअसल लगातार स्क्रीन देखने से दिमाग को आराम नहीं मिल पाता है। जिससे तनाव, चिंता और थकान बढ़ने लगती है। कई शोध बताते हैं कि अत्यधिक सोशल मीडिया उपयोग से आत्म-सम्मान में कमी और अकेलेपन की भावना भी बढ़ती है। इसलिए डिजिटल डिटॉक्स करना मानसिक स्वास्थ्य के लिए फायदेमंद हो जाता है।

World Health Day Digital Detox

डिजिटल डिटॉक्स क्या होता है?

क्या है डिजिटल डिटॉक्स का पूरा प्रोसेस?

डिजिटल डिटॉक्स का मतलब पूरी तरह तकनीक को छोड़ देना नहीं है, बल्कि उसका इस्तेमाल एक बैलेंस तरीके से करना है। यशोदा अस्पताल, हैदराबाद के वरिष्ठ सलाहकार मनोचिकित्सक डॉ. नवीन कुमार धागुडु के अनुसार, डिजिटल डिटॉक्स के लिए दिन में कुछ घंटे का 'नो स्क्रीन टाइम' तय करना, सोने से दो घंटा पहले मोबाइल से दूरी बनाना, या सप्ताह में एक दिन के लिए सोशल मीडिया से पूरी तरह ब्रेक लेना, जैसे ये छोटे कदम आपकी मेंटल हेल्थ में बड़े बदलाव ला सकते हैं।

विश्व स्वास्थ्य दिवस पर मेंटल हेल्थ का महत्व

डॉ. नवीन कुमार की मानें तो, 7 अप्रैल को मनाया जाने वाला विश्व स्वास्थ्य दिवस हमें यह याद दिलाता है कि स्वास्थ्य केवल शारीरिक ही नहीं, बल्कि मेंटल और इमोशनल भी होता है। ऐसे में डिजिटल डिटॉक्स को अपनी लाइफस्टाइल का हिस्सा बनाना समय की जरूरत बन गया है। ऐसे में जब हम कुछ देर के लिए डिजिटल दुनिया से थोड़ा दूर हटते हैं, तभी हम अपने भीतर की शांति और संतुलन को फिर से मिल सकते हैं।

gulshan kumar
गुलशन कुमार author

गुलशन कुमार टाइम्स नाउ हिंदी डिजिटल के हेल्थ सेक्शन से जुड़े हैं। फिटनेस और योग के प्रति उनकी रुचि उन्हें हेल्थ जर्नलिज्म की ओर लेकर आई, जहां वे आम लो... और देखें

End of Article