Delhi Traffic Challan: राजधानी दिल्ली की सड़कों पर ट्रैफिक नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ दिल्ली यातायात पुलिस लगातार सख्त कार्रवाई कर रही है। पुलिस (Delhi police) द्वारा शुक्रवार को जारी किए गए आंकड़ों के मुताबिक, इस साल अब तक वाहन चालकों के खिलाफ 48.42 लाख से अधिक चालान जारी किए जा चुके हैं। यह संख्या पिछले साल की इसी अवधि में काटे गए 47.52 लाख चालान से भी कहीं अधिक है। इसके अलावा, सड़कों पर लापरवाही और खतरनाक तरीके से गाड़ी चलाने वाले चालकों के खिलाफ भी सख्त कदम उठाते हुए 2,100 से ज्यादा एफआईआर दर्ज की गई हैं।
दिल्ली यातायात पुलिस ने बताया कि तकनीक के इस्तेमाल से नियम तोड़ने वालों को पकड़ना अब और आसान हो गया है। कुल चालानों में से करीब 17.21 लाख चालान आधुनिक 'रेड-लाइट वॉयलेशन डिटेक्शन' और 'ओवर स्पीड वॉयलेशन डिटेक्शन' कैमरों के जरिए ऑटोमैटिक तरीके से काटे गए हैं। यानी लाल बत्ती पार करने और तेज रफ्तार में गाड़ी दौड़ाने वाले सीधे कैमरों की नजर में आ रहे हैं।
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लाखों लोगों को ट्रैफिक नियमों के प्रति किया गया जागरूक
ट्रैफिक व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए पुलिस ने आम जनता को भी साथ जोड़ा है। इसी साल 3 अप्रैल को शुरू किए गए 'संगम' प्रोजेक्ट के तहत अब तक आम लोगों और हितधारकों के साथ 309 बैठकें की जा चुकी हैं। इस दौरान पुलिस को ट्रैफिक सुधार के लिए 514 सुझाव मिले, जिनमें से 368 को लागू भी कर दिया गया है। इसके साथ ही, रोड सेफ्टी सेल ने जागरूकता अभियानों के जरिए इस साल के पहले छह महीनों में 2.84 लाख से ज्यादा स्कूली बच्चों और 15 लाख से अधिक आम नागरिकों को ट्रैफिक नियमों के प्रति जागरूक किया है।
ड्यूटी निभाते हुए ट्रैफिक पुलिस के 14 जवान घायल
मौसम को ध्यान में रखते हुए दिल्ली ट्रैफिक पुलिस ने मानसून से पहले जलभराव के प्रति संवेदनशील 169 जगहों की सूची नगर निगम और संबंधित एजेंसियों के साथ साझा की है। सड़कों पर जलभराव या पेड़ गिरने जैसी आपातकालीन स्थिति से निपटने के लिए छह विशेष आपदा प्रबंधन वाहन तैनात किए गए हैं, जो आधुनिक पंपों और कटर मशीनों से लैस हैं। हालांकि, इस मुस्तैदी के बीच पुलिस को भारी नुकसान भी उठाना पड़ा है। जनवरी से जून के बीच अपनी ड्यूटी निभाते हुए ट्रैफिक पुलिस के 14 जवान घायल हुए हैं, जबकि एक बहादुर कर्मी ने अपनी जान गंवाई है।
