Hair Problems Caused By Stress In Hindi: आजकल बहुत से लोग बालों की शिकायत करते हैं, किसी के बाल झड़ रहे हैं, तो कोई कम उम्र में सफेद बालों से परेशान है। हम अक्सर सोचते हैं कि इसका कारण शैम्पू, ऑयल या खानपान है, लेकिन असली वजह कई बार कुछ और ही होती है- स्ट्रेस यानी तनाव। जी हां, ज्यादा सोच-विचार, टेंशन और भागदौड़ भरी जिंदगी का असर सीधा हमारे बालों पर पड़ता है। अगर इसे नजरअंदाज कर दिया जाए तो आगे चलकर ये बालों की बड़ी प्रॉब्लम बन सकती है। चलिए जानते हैं कि स्ट्रेस की वजह से हमारे बालों को कैसे-कैसे नुकसान हो सकते हैं।
तनाव की वजह से होने वाली बालों से जुड़ी समस्याएं - Hair Problems Caused By Stress In Hindi
बाल अचानक ज्यादा झड़ने लगते हैं
जब हम बहुत ज्यादा टेंशन में होते हैं, तो बाल झड़ने लगते हैं। कभी-कभी तो इतने बाल झड़ते हैं कि कंघी या बाथरूम में देखकर ही डर लगने लगता है। ये स्ट्रेस की वजह से होता है, जो बालों की ग्रोथ साइकिल को बिगाड़ देता है।
कम उम्र में बाल सफेद होने लगते हैं
आजकल 20-25 की उम्र में ही कई लोगों के बाल सफेद होने लगे हैं। ये कोई सामान्य बात नहीं है। इसका एक कारण स्ट्रेस भी है। जब हम ज्यादा टेंशन में रहते हैं, तो शरीर में रंग देने वाला मेलानिन कम बनने लगता है और बाल सफेद होने लगते हैं।
बाल पतले और कमजोर हो जाते हैं
तनाव का असर सिर्फ झड़ने और सफेद होने तक नहीं रुकता। इससे बाल धीरे-धीरे पतले और कमजोर भी हो जाते हैं। हाथ लगाने पर बाल टूट जाते हैं और पहले जैसे घने भी नहीं लगते।
लंबे समय तक स्ट्रेस से हो सकता है गंजापन
अगर लगातार स्ट्रेस बना रहे, तो कुछ लोगों में बालों की ग्रोथ बंद हो जाती है और गंजेपन की शुरुआत हो जाती है। सिर के कुछ हिस्सों में बाल बिल्कुल ही गायब होने लगते हैं, जो चिंता की बात हो सकती है।
स्कैल्प में खुजली और डैंड्रफ भी बढ़ सकता है
जब मन परेशान होता है, तो उसका असर सिर की त्वचा पर भी दिखता है। स्कैल्प ड्राई होने लगता है, जिससे डैंड्रफ, खुजली और जलन जैसी प्रॉब्लम होने लगती है।
डिस्क्लेमर: प्रस्तुत लेख में सुझाए गए टिप्स और सलाह केवल आम जानकारी के लिए हैं और इसे पेशेवर चिकित्सा सलाह के रूप में नहीं लिया जा सकता। किसी भी तरह का फिटनेस प्रोग्राम शुरू करने अथवा अपनी डाइट में किसी तरह का बदलाव करने से पहले अपने डॉक्टर से परामर्श जरूर लें।
