Exercise Timing: सुबह उठकर एक्सरसाइज करना या फिर नाइट वर्कआउट कौन सा ज्यादा फायदेमंद है? दोनों समय एक्सरसाइज करने के अपने फायदे हैं। आपके लिए कौन सा समय बेहतर रहेगा, यह आपकी डेली लाइफ रूटीन, नींद, ऊर्जा के स्तर और वर्कआउट के लक्ष्य पर निर्भर करता है।
सुबह वर्कआउट करने के फायदे और नुकसान
फिटनेस एक्सपर्ट शुभम शर्मा बताते हैं कि सुबह कसरत करने का सबसे बड़ा फायदा यह है कि दिन की शुरुआत आपकी अच्छी हो जाती है जिसकी वजह से दिनभर शरीर एक्टिव महसूस करता है। इसके अलावा सुबह के समय काम या दूसरी जिम्मेदारियों के कारण वर्कआउट छूटने की संभावना कम होती है।
आपको ये जानना भी जरूरी है कि सुबह उठते ही शरीर पूरी तरह एक्टिव नहीं होता। इसलिए अगर आप सुबह सिर्फ वर्कआउट के लिए उठे हैं तो आपके शरीर में ऊर्जा का स्तर थोड़ा कम हो सकता है। ऐसे में सीधे भारी एक्सरसाइज शुरू करने के बजाय कुछ मिनट वॉर्मअप करना बेहतर रहता है। सुबह बहुत कठिन वर्कआउट करने से पहले यह भी देखना जरूरी है कि आपने पर्याप्त नींद ली है या नहीं। अगर नींद पूरी नहीं हुई है और शरीर थका हुआ है, तो हाई इंटेस्टी वर्कआउट करना बेहद मुश्किल है।
रात में वर्कआउट करने के फायदे
अगर आप सुबह जल्दी उठने में सहज नहीं हैं तो रात का वर्कआउट आपके लिए फायदे का सौदा साबित हो सकता है। रात का वर्कआउट शरीर की जकड़न और दिनभर की निष्क्रियता को कम करने में मदद करता है। शाम या रात के समय कई लोग ज्यादा एक्टिव महसूस करते हैं ऐसे में स्ट्रेंथ ट्रेनिंग में आपको मदद मिल सकती है। लेकिन, ध्यान रहे कि रात में वर्कआउट और सोने के बीच पर्याप्त अंतर हो। बहुत देर रात भारी वर्कआउट करने के बाद कुछ लोगों को तुरंत नींद आने में परेशानी हो सकती है।
इसलिए अगर आपको देर रात एक्सरसाइज करने के बाद नींद प्रभावित होती है, तो वर्कआउट का समय थोड़ा पहले करने की कोशिश करें। साथ ही एक्सरसाइज के बाद शरीर को कूल डाउन होने का समय दें।
टाइम्स नाउ नवभारत पर ये भी पढ़ें: शरीर में आयरन कम होने पर दिखते हैं ये संकेत, Dr. Pal ने दी जरूरी सलाह
आखिर सुबह या रात, कौन सा वर्कआउट चुनें?
जो समय आप लगातार फॉलो कर सकें, वही आपके लिए बेहतर वर्कआउट टाइम है। अगर सुबह उठने के बाद आप तरोताजा महसूस करते हैं और आपका शेड्यूल इसकी इजाजत देता है, तो मॉर्निंग वर्कआउट चुन सकते हैं। वहीं अगर सुबह समय नहीं मिलता या शरीर शाम को ज्यादा एक्टिव रहता है, तो इवनिंग वर्कआउट बिल्कुल सही विकल्प हो सकता है।
टाइम्स नाउ नवभारत पर ये भी पढ़ें: मीठा खाने के बाद फिर मीठा खाने का मन क्यों करता है? डॉक्टर से जानिए इसके पीछे छिपी बड़ी वजहें
फिटनेस में किसी एक समय को सभी लोगों के लिए सबसे अच्छा बताना सही नहीं होगा। एक्सरसाइज का असली फायदा तब मिलता है जब आप इसे अपनी लाइफस्टाइल का नियमित हिस्सा बना लेते हैं।
