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US को भले आंख दिखा रहा ईरान, पर उसके पास नहीं है इस विमान का तोड़; पल भर में हो जाएगा तबाह!

B-2 Bomber: अमेरिका और ईरान के बीच परमाणु समझौते (Nuclear Deal) को लेकर तनाव बढ़ता जा रहा है। अमेरिका ने डिएगो गार्सिया में अपने सबसे शक्तिशाली बमबर्षकों में से एक बी-2 बॉम्बर की तैनाती की है। अमेरिका इस बेस से चीन, पाकिस्तान, अफगानिस्तान, ईरान और यमन तक हवाई हमलों को अंजाम दे सकता है।

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बी-2 बॉम्बर

Photo : iStock

B-2 Bomber: अमेरिका और ईरान के बीच परमाणु समझौते (Nuclear Deal) को लेकर तनाव बढ़ता जा रहा है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप एक तरफ ईरान को चेतावनी दे रहे हैं तो दूसरी तरफ ईरान आंखों में आंख डालकर खड़ा है और झुकने का नाम ही नहीं ले रहा है।

अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि अगर ईरान परमाणु समझौते को स्वीकार नहीं करता है तो उस पर बम बमबारी की जाएगी। इस पर तेहरान ने पलटवार करते हुए वाशिंगटन को करारा जवाब देने की बात कही, लेकिन क्या आप जानते हैं कि अमेरिका के पास एक ऐसा विमान है जिससे बच पाना ईरान के लिए बेहद मुश्किल है।

हाल ही में अमेरिका ने डिएगो गार्सिया में अपने सबसे शक्तिशाली बमवर्षकों में से एक बी-2 बॉम्बर की तैनाती की है। डिएगो गार्सिया सैन्य बेस की बदौलत अमेरिका रणनीतिक तौर पर काफी मजूबत हो गया है। ऐसा इसलिए कहा जा रहा है, क्योंकि अमेरिका इस बेस की मदद से चीन, पाकिस्तान, अफगानिस्तान, ईरान और यमन तक हवाई हमलों को अंजाम दे सकता है।

दुश्मनों का मिटा देगा नामोनिशान!

बी-2 स्पिरिट स्टील्थ बॉम्बर अमेरिका का अत्याधुनिक और उन्नत बमबर्षक विमान है। बी-2 बॉम्बर (B-2 Stealth Bomber) अपनी स्टील्थ क्षमताओं, फ्लाइंग विंग डिजाइन और लंबी दूरी तक लक्ष्य को भेदने की क्षमता रखता है। इसे कोल्ड वॉर के दौरान विकसित किया गया था, जब अमेरिका को एक ऐसे विमान की जरूरत थी, जो सोवियत संघ के उन्नत रडार और रक्षा प्रणालियों में सेंधमारी कर सके।

बी-2 को बनाने का श्रेय नॉर्थरोप ग्रुम्मन (Northrop Grumman) को जाता है। पहली बार 1988 में दुनिया के सामने बी-2 बॉम्बर का प्रदर्शन किया गया, लेकिन 1989 में विमान ने पहली बार उड़ान भरी और आधिकारिक तौर पर 1997 में इसे वायु सेना में शामिल किया गया।

दुनिया का सबसे महंगा बी-2 स्पिरिट स्टील्थ बॉम्बर बिना रडार की पकड़ में आए दुश्मनों को काम तमाम करने के लिए जाना जाता है। साथ ही यह थर्मल स्कैनर से भी खुद को बचा सकता है। इसके फ्लाइंग विंग की चौड़ाई लगभग 172 फीट है।

B2 Bomber

बी-2 बॉम्बर

B-2 स्पिरिट स्टील्थ बॉम्बर की खासियत

  • B-2 स्पिरिट 16 परमाणु बम ले जाने में सक्षम
  • दुश्‍मन के एयर डिफेंस को चकमा देने में माहिर
  • 80 परंपरागत बम को कर सकता है कैरी
  • बमबर्षक विमान की फ्लाइंग रेंज 19,000 किलोमीटर है

US के पास कितने B-2 बॉम्बर ऑपरेशनल हैं?

नॉर्थरोप ग्रुम्मन कॉर्पोरेशन ने कुल 21 बी-2 स्पिरिट स्टील्थ बॉम्बर (B-2 Stealth Bomber) बनाए थे, लेकिन 2008 में एक बमवर्षक विमान क्रैश हो गया था, जिसकी वजह से अमेरिका के पास 20 बी-2 बॉम्बर विमान सेवा में हैं।

B-2 बमबर्षक विमान की लागत (B-2 Stealth Bomber Cast)

विमान को रडार से बचाने वाली स्टील्थ तकनीक काफी महंगी है और स्टील्थ तकनीक के विमानों के रखरखाव में भी भारी खर्चा आता है। अगर हम बी-2 स्पिरिट स्टील्थ बॉम्बर विमान की लागत की बात करें तो एक विमान को बनाने में करीब 2.1 बिलियन अमेरिकी डॉलर (17,500 करोड़ रुपये) का खर्चा आता है और विमान के एक घंटे तक हवा में उड़ान भरने के दौरान 1.35 लाख डॉलर (1.1 करोड़ रुपये) का खर्च आता है।

ईरान की पहुंच से दूर डिएगो गार्सिया

डिएगो गार्सिया एक ब्रिटिश नियंत्रित द्वीप है जिसे अमेरिका मध्य पूर्व में अपने सैन्य अभियानों के लिए इस्तेमाल करता है और ईरान की मिसाइलें यहां तक पहुंचने में सक्षम नहीं है। हाल ही में डोनाल्ड ट्रंप ने कहा था कि अगर ईरान कोई समझौता नहीं करता है तो उस पर ऐसी बमबारी होगी, जो उन्होंने पहले कभी नहीं देखी होगी। अमेरिका की इस चेतावनी के बाद ईरान भला कैसे चुप रहने वाला था। ऐसे में ईरान ने पलटवार करते हुए कहा कि रेडी टू लॉन्च मोड में हमारी मिसाइलें तैनात हैं।

Anurag Gupta
अनुराग गुप्ता author

अनुराग गुप्ता टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में सीनियर कॉपी एडिटर के रूप में कार्यरत हैं और मीडिया में 9 वर्षों का अनुभव रखते हैं। जर्नलिज़्म में मास्टर्स ... और देखें

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