वेब सीरीज

Unheard Cries At GB Road: इन 5 कारणों से जरूर देखें रेड लाइट एरिया की कड़वी सच्चाई उजागर करने वाली ये डॉक्यूमेंट्री

5 Reasons to watch Unheard Cries At GB Road: दिल्ली के रेड-लाइट इलाके की कड़वी सच्चाई को सामने लाने वाली डॉक्यूमेंट्री 'अनहर्ड क्राइज एट जीबी रोड' डिस्कवरी+ पर मौजूद है। ये डॉक्यूमेंट्री आपको उस सच से रूबरू करवाती है जिसे शायद कोई जानता नहीं। आज हम आपको इस रिपोर्ट में बताएंगे कि क्यों आपको 'अनहर्ड क्राइज एट जीबी रोड' देखनी चाहिए।

Image

pic credit- Discovery+

5 Reasons to watch Unheard Cries At GB Road: 'अनहर्ड क्राइज एट जीबी रोड' दिल्ली के सबसे पुराने और बड़े रेड-लाइट इलाके जीबी रोड की सच्ची कहानी है। ये डॉक्यूमेंट्री अभी डिस्कवरी+ पर मौजूद है। इसमें वहां रहने वाली सैकड़ों औरतों और लड़कियों की अपनी कहानी है। जहां एक तरफ असल दुनिया में इन औरतों और लड़कियों की कोई बात सुनने को तैयार नहीं है। वहीं इस इन डॉक्यूमेंट्री में वो खुलकर बोलती हैं और उनकी आवाज बाकी लोगों तक पहुंचती है। आज हम आपको इस रिपोर्ट में बताएंगे कि क्यों आपको 'अनहर्ड क्राइज एट जीबी रोड' देखनी चाहिए।

सच्ची कहानी दिखाती है 'अनहर्ड क्राइज एट जीबी रोड'

'अनहर्ड क्राइज एट जीबी रोड' में कोई हीरो-हीरोइन नहीं है, कोई बनावटी कहानी नहीं है। बस उन औरतों की असली बातें, उनके छोटे-छोटे कमरे, उनकी आंखों का दर्द और सच दिखाया गया है। इसलिए आप सही मायने में यहां पर काम कर रही महिलाओं का दर्द समझ पाएंगे।

दिखेगी औरतों की हिम्मत

'अनहर्ड क्राइज एट जीबी रोड' में आपको कोई भी ड्रामा देखने को नहीं मिलेगा। इसमें आपको बस वास्तविकता दिखाई जाएगी। फिल्म तीन हिस्सों में बंटी है, ट्रैफिकिंग, ट्रैप एंड टॉर्चर, और ए न्यू लाइफ। यह सिर्फ दर्द ही नहीं दिखाती, बल्कि इन औरतों की हिम्मत और थोड़ी-सी उम्मीद भी दिखाती है।

कानून-व्यवस्था पर काम करने की है जरूरत

'अनहर्ड क्राइज एट जीबी रोड' को देखने के बाद आप ये बात तो समझ पाएंगे कि फिर से कानून-व्यवस्था पर काम करने की जरूरत है। अगर एक बार कोई जीबी रोड के दलदल में फंस गया तो यहां से बाहर निकलना काफी मुश्किल है। दिल्ली पुलिस से जुड़े लोग सोशल वर्कर और एक्सपर्ट भी बताते हैं कि कानून और समाज की व्यवस्था कैसे फेल हो गई है, जिसकी वजह से औरतें यहां फंसती हैं और निकल नहीं पातीं।

समाज को मैसेज

'अनहर्ड क्राइज एट जीबी रोड' को बनाने की वजह केवल सदमा पहुंचाना और किसी को भावुक करना नहीं है, बल्कि आम लोगों के बीच इन महिलाओं के लिए सॉफ्ट कॉर्नर पैदा करना और समाज में बदलाव लाने के लिए इंस्पायर करना है।

बदल जाएगा नजरिया

'अनहर्ड क्राइज एट जीबी रोड' को देखने के बाद आपकी सोच पूरी तरह से बदल जाएगी। फिर कभी आप रेड-लाइट एरिया के नाम पर मजाक नहीं उड़ाएंगे। जब भी इस बारे में ख्याल आएगा तो आप उन महिलाओं का दर्द जरूर महसूस कर पाएंगे।

Kumar Sarash
कुमार सरसauthor

कुमार सरस टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में एंटरटेनमेंट राइटर के रूप में कार्यरत हैं। उनकी लेखन शैली सरल, स्पष्ट और रोचक है, जो पाठकों को तुरंत जोड़ लेती है। कुमार सरस को बॉलीवुड, टीवी और OTT की ट्रेंडिंग खबरों पर काम करने में खास रुचि है। अब तक उन्होंने 2,500 से अधिक आर्टिकल्स लिखे हैं, जिनमें ब्रेकिंग न्यूज़, एक्सक्लूसिव अपडेट्स और एंटरटेनमेंट फीचर्स शामिल हैं।

और पढ़ें
End of Article