Auron Mein Kaha Dum Tha Review: बेदम निकली अजय-तबू की 'औरों में कहां दम था', स्क्रीन पर नहीं चला जादू

Auron Mein Kaha Dum Tha Review: अजय देवगन और तबू की रोमांटिक फिल्म औरों में कहां दम था रिलीज हो गई है। फिल्म को लेकर दर्शक काफी एक्साइटेड हैं। अगर आप भी इस फिल्म क परिवार के साथ देखने का प्लान बना रहे हैं तो पहले जान लें कैसी है फिल्म।

Priyanka JhaAuthored by: Priyanka JhaUpdated Aug 2 2024, 17:22 IST

क्रिटिक्स रेटिंग
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2.5

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Auron Mein Kaha Dum Tha (credit Pic: Instagram)

Auron Mein Kaha Dum Tha Review: अजय देवगन (Ajay Devgn), तबू (Tabu) की रोमांटिक फिल्म 'औरों में कहां दम था' सिनेमाघरों में रिलीज हो गई है। फिल्म में अजय और तबू के यंग ऐज का रोल शांतनु माहेश्वरी और सई मांजरेकर ने किया है। औरों में कहां दम था कृष्णा और वसुधा की प्रेम कहानी है। फिल्म की कहानी में साल 2001 के प्रेम जोड़ी को दिखाया जाता है जो साथ में जीने-मरने की कसम खाते हैं। लेकिन एक भयावह रात को हुई घटना की वजह से कृष्णा और वसुधा हमेशा के लिए अलग हो जाते हैं। दोनों की जिंदगी हमेशा के लिए बदल जाती है।

Auron Mein Kaha Dum Tha Review: स्टोरीलाइन

कृष्णा ( अजय देवगन) अपने गुस्से की वजह से एक जेल अपराधी है। अपनी युवावस्था में (शांतनु माहेश्वरी) आकर्षक और बुद्धिमान कंप्यूटर इंजीनियर था जो अपनी लाइफ में कुछ बड़ा करना चाहता है। वह मुंबई के एक चॉल में रहने वाला अनाथ है जिसकी मुलाकात वसु (सई मांजरेकर) से होती है। दोनों को एक-दूसरे से बेपनाह प्यार होता है लेकिन एक घटना की वजह से दोनों अलग हो जाते हैं। कृष्णा जेल चला जाता है। 23 सालों बाद उसे अच्छे व्यव्हार की वजह से कृष्णा को जेल से जमानत मिल जाती है। क्या शादीशुदा वसुधा सब कुछ छोड़कर कृष्णा के पास वापस लौट जाएगी। वहीं, कृष्णा अपने अतीत को भूलाकर नई शुरूआत करना चाहते हैं।