Dharmendra cousin brother Veerendra Murder:. सिद्धू मूसेवाला की हत्या से उनके फैंस और करीबी सदमे में हैं। सिद्धू मूसेवाला (Sidhu Moosewala) की पंजाब के मानसा के गांव जवाहर के में दिन दहाड़े हत्या कर दी गई है। इस हत्या की जिम्मेदारी लॉरेंस बिश्नोई गैंग के सदस्य गोल्डी बराड़ ने ली है। सिद्धू की हत्या ने धर्मेंद्र के चचेरे भाई वीरेंद्र की हत्या की याद को ताजा कर दिया है।
धर्मेंद्र के चचेरे भाई वीरेंद्र (Dharmendra brother Veerendra) पंजाबी फिल्म इंडस्ट्री का जाना माना नाम थे। हालांकि, जैसे-जैसे वह सफल होते गए उनके दुश्मनों की लिस्ट भी लंबी होती गई। फिल्म जट्ट ते जमीन की शूटिंग कर रहे थे। छह दिसंबर 1988 को फिल्म के सेट पर वीरेंद्र को गोली मारकर हत्य दी गई थी। निधन के वक्त दिवंगत एक्टर की उम्र केवल 40 साल थी। वीरेंद्र को किसने गोली मारी इसका आज तक खुलासा नहीं हुआ है। यही नहीं, उन्हें गोली मारने की वजह का भी आज तक खुलासा नहीं हुआ है।

बेटे ने बनाई फिल्म
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक वीरेंद्र की हत्या चरमपंथियों ने की थी। वहीं, कुछ रिपोर्ट्स में दावा किया गया था कि उनकी हत्या अज्ञात लोगों ने की थी। हालांकि, सच क्या था इसका खुलासा आज तक नहीं हो सका है। वीरेंद्र के बेटे ने अपनी पिता की जिंदगी पर आधारित एक फिल्म भी बनाई थी। इस फिल्म में धर्मेंद्र और सनी देओल ने भी काम किया था। दिवंगत एक्टर ने अपने करियर की शुरुआत अपने भाई धर्मेंद्र के साथ साल 1975 में तेरी-मेरी एक जिंदड़ी से की थी। दोनों भाई एक साथ सफलता की सीढ़ी चढ़ रहे थे।
वीरेंद्र पंजाबी फिल्म इंडस्ट्री का जाना माना नाम बन चुके थे। 80 के दशक में पंजाबी फिल्मों के सबसे पॉपुलर एक्टर बन गए थे। अपने करियर में उन्होंने 25 फिल्में की थी। ये सभी फिल्में सुपरहिट साबित हुई थी। एक्टर के अलावा वीरेंद्र एक सफल डायरेक्टर और प्रोड्यूसर भी थे। हिंदी फिल्मों में उन्होंने खेल मुकद्दर का और दो चेहरे बनाई थी। ये दोनों फिल्में भी हिट साबित हुई थी।

