INDIA Bloc Meeting: पांच राज्यों के चुनावी नतीजों के दो रोज बाद ही विपक्षी एकजुटता में दरार पड़ती दिखाई दी है। ऐसा इसलिए क्योंकि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और एनडीए सरकार से लोहा लेने के लिए बने इंडिया गठबंधन के बड़े नेताओं की बैठक तय कार्यक्रम से ठीक एक रोज पहले टल गई। पश्चिम बंगाल की सीएम ममता बनर्जी, सपा चीफ अखिलेश यादव और बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार से लेकर तमिलनाडु के सीएम एमके स्टालिन इसमें हिस्सा नहीं लें सकेंगे। इनमें से किसी लीडर ने प्रोग्राम की जानकारी से अज्ञानता जाहिर की तो किसी ने समय की कमी का हवाला दिया।
हालांकि, देश की राजधानी दिल्ली में यह मीटिंग होगी, मगर ये बड़े चेहरे उसमें गायब रहेंगे। मंगलवार (पांच दिसंबर, 2023) को इस बारे में समाचार एजेंसी पीटीआई को सूत्रों की ओर से बताया गया कि ‘इंडिया’ के कुछ घटक दलों के प्रमुख नेताओं की अनुपलब्धता के चलते बुधवार को होने वाली बैठक स्थगित की गई, लेकिन गठबंधन की ‘अनौपचारिक समन्वय बैठक’ होगी जिसमें पार्टियों के संसदीय दल के नेता शामिल होंगे।
इस बीच, कांग्रेस के राज्यसभा सांसद इमरान प्रतापगढ़ी ने मीडिया को इस मसले पर पूछे जाने पर दो टूक बताया, "यह बैठक तो पहले से अनौपचारिक थी। हमने उसके लिए कोई आधिकारिक घोषणा नहीं की थी। आपको जो कहानी बनानी है...बना लीजिए, पर ऐसा कुछ नहीं है।" चुनावी जानकारों और एक्सपर्ट्स की मानें तो यह घटनाक्रम एक तरह से क्षेत्रीय दलों की ओर से कांग्रेस पर दबाव बनाने की प्रकिया के तौर पर देखा जा रहा है। साथ ही इंडिया गठजोड़ में जो फाड़ है, वह भी खुलकर सामने आने लगी है।
दरअसल, रविवार (तीन दिसंबर, 2023) को चार राज्यों (म.प्र, राजस्थान, छत्तीसगढ़ और तेलंगाना) के चुनावी परिणाम आए थे। सूत्रों की ओर से उस दिन बताया गया था कि ‘इंडिया’ गठबंधन के नेता छह दिसंबर को दिल्ली में बैठक करेंगे। यह मीटिंग कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे के आवास पर बैठक पर तय थी, जिसमें साल 2024 के लोकसभा चुनाव की रणनीति तैयार की जा सकती है।
