Jamia Millia University: जामिया की सड़कों पर छात्र संघ चुनाव बहाल कराने को लेकर गूंज है। जामिया मिल्लिया इस्लामिया विश्वविद्यालय में छात्रों की समस्याओं और शिकायतों को सुनने के लिए एक उच्चस्तरीय समिति का गठन किया गया है। विश्वविद्यालय के कुलपति ने 18 अक्टूबर 2026 को जारी कार्यालय आदेश के जरिए इस समिति का गठन किया। समिति का मुख्य उद्देश्य छात्रों से बातचीत करना, उनकी शिकायतों को समझना और विश्वविद्यालय में सामान्य स्थिति बहाल करने की दिशा में काम करना है।
समिति में ये 7 शिक्षक और अधिकारी शामिल
विश्वविद्यालय के कुलसचिव कार्यालय की ओर से जारी आदेश के अनुसार, समिति में अलग-अलग विभागों और संकायों से जुड़े सात वरिष्ठ शिक्षकों और अधिकारियों को शामिल किया गया है। इनमें मानविकी एवं भाषा संकाय के डीन प्रो. इक्तिदार मोहम्मद खान, जीवन विज्ञान संकाय के डीन प्रो. लुकमान अहमद खान और सामाजिक विज्ञान संकाय के डीन प्रो. जुबैर हनीफ शामिल हैं। इसके अलावा, छात्र कल्याण विभाग की डीन प्रो. नीलोफर अफजल, शैक्षणिक मामलों की डीन प्रो. तनुजा, इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग विभाग के प्रो. मिनी एस. थॉमस और अंग्रेजी विभाग की प्रो. सिमी मल्होत्रा को भी समिति में जगह दी गई है।
टाइम्स नाउ नवभारत पर ये भी पढ़ें: स्थगित हुई उत्तराखंड जूनियर असिस्टेंट, स्टेनोग्राफर और असिस्टेंट अकाउंटेंट की परीक्षा
छात्रों की समस्याओं को समझना और समाधान करना
आदेश में कहा गया है कि छात्र कल्याण विभाग के डीन समिति की बैठक बुलाएंगे। इसके बाद समिति अपनी रिपोर्ट जल्द से जल्द विश्वविद्यालय के कुलपति को सौंपेगी। इस प्रक्रिया के जरिए छात्रों की शिकायतों पर चर्चा कर उनकी समस्याओं को समझने और समाधान की दिशा में कदम उठाने की कोशिश की जाएगी।
विश्वविद्यालय प्रशासन की ओर से जारी यह आदेश छात्रों के साथ संवाद स्थापित करने और उनकी चिंताओं पर ध्यान देने के उद्देश्य से आया है। हालांकि आदेश में छात्रों की शिकायतों की प्रकृति, बैठक की तारीख या समस्याओं के समाधान के लिए कोई निश्चित समय सीमा नहीं बताई गई है।
