Closing Bell Sensex Nifty : शेयर बाजार में सोमवार, 19 अक्टूबर को बिकवाली का दबाव देखने को मिला। हफ्ते के पहले कारोबारी दिन Sensex 876 अंक से ज्यादा टूटकर बंद हुआ, जबकि Nifty में 257 अंकों की गिरावट दर्ज की गई। प्राइवेट बैंकिंग शेयरों में कमजोरी, ग्लोबल बाजारों से मिले दबाव और कच्चे तेल की ऊंची कीमतों ने निवेशकों का सेंटीमेंट बिगाड़ा। बाजार की इस गिरावट में निवेशकों की करीब ₹6 लाख करोड़ की पूंजी साफ हो गई।
कारोबार के अंत में Sensex 876.37 अंक यानी 1.17% टूटकर 73,852.90 पर बंद हुआ। वहीं Nifty 50 में 257.20 अंक यानी 1.11% की गिरावट आई और यह 22,888.95 के स्तर पर बंद हुआ। दिन के कारोबार में Sensex 73,708.54 तक फिसला, जबकि Nifty ने 22,845 का निचला स्तर छुआ।
बाजार में बिकवाली कितनी व्यापक रही?
शेयर बाजार में गिरावट केवल चुनिंदा बड़ी कंपनियों तक सीमित नहीं रही। NSE पर कारोबार करने वाले शेयरों में 2,717 गिरावट के साथ बंद हुए, जबकि 846 शेयरों में तेजी रही। इससे साफ है कि बाजार में बिकवाली का दबाव व्यापक था। इसी तरह सोमवार को BSE पर भी बिकवाली का दबदबा रहा। एक्सचेंज के आंकड़ों के मुताबिक, कुल 4,658 शेयरों में कारोबार हुआ। इनमें से 3,093 शेयर गिरावट के साथ बंद हुए, जबकि 1,325 शेयरों में तेजी दर्ज की गई। इस चौतरफा बिकवाली के चलते ओवरऑल मार्केट कैप में करीब 6 लाख करोड़ रुपये की कमी आई है।
विक्स ने बजाई खतरे की घंटी
निवेशकों की चिंता का अंदाजा India VIX से भी लगाया जा सकता है। बाजार में उतार-चढ़ाव का संकेत देने वाला यह इंडेक्स 4.48% चढ़कर 14.69 पर पहुंच गया। VIX में तेजी बताती है कि निवेशक आने वाले कारोबारी सत्रों को लेकर अधिक सतर्क हो रहे हैं।
HDFC Bank के शेयरों ने बढ़ाया दबाव
बाजार में गिरावट की प्रमुख वजहों में बैंकिंग शेयरों की कमजोरी रही। HDFC Bank के शेयरों पर दूसरी तिमाही के नतीजों के बाद दबाव देखने को मिला। निवेशक बैंक के नेट इंटरेस्ट मार्जिन (NIM) और कमाई में बढ़ोतरी की रफ्तार को लेकर चिंतित रहे।
प्राइवेट बैंकिंग शेयरों की कमजोरी का असर वित्तीय शेयरों पर भी पड़ा। Nifty Private Bank इंडेक्स 1.85% और Nifty Financial Services इंडेक्स 1.58% गिरकर बंद हुआ। Nifty Bank में भी 0.64% की गिरावट दर्ज की गई।
ग्लोबल बाजारों से नहीं मिला सहारा
भारतीय बाजार की गिरावट के पीछे कमजोर ग्लोबल संकेत भी एक वजह रहे। एशियाई बाजारों में दबाव देखने को मिला, जबकि पिछले कारोबारी सत्र में अमेरिकी बाजारों में टेक्नोलॉजी शेयरों की बिकवाली ने निवेशकों की चिंता बढ़ाई थी। आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) में भारी निवेश के लिए फंडिंग की जरूरतों को लेकर भी टेक शेयरों पर दबाव बना रहा।
क्रूड ने भी बढ़ाई चिंता?
दूसरी तरफ, कच्चे तेल की कीमतें ऊंचे स्तर पर बनी रहीं। सोमवार को ब्रेंट क्रूड करीब 108.58 डॉलर प्रति बैरल पर कारोबार कर रहा था। कीमतों में गिरावट के बावजूद इसका ऊंचा स्तर भारत जैसे तेल आयातक देश के लिए चिंता का विषय है। महंगे कच्चे तेल से आयात बिल, महंगाई और कंपनियों की लागत पर दबाव बढ़ सकता है।
IT, FMCG और फाइनेंशियल शेयरों में कमजोरी
सेक्टोरल इंडेक्स की बात करें तो सोमवार को अधिकांश प्रमुख सेक्टर लाल निशान में बंद हुए। Nifty Financial Services एक्स-बैंक में 1.29%, Nifty FMCG में 1.44%, Nifty IT में 1.28% और Nifty Realty में 1.20% की गिरावट आई। Nifty Chemicals इंडेक्स भी 1.59% टूट गया। इसके उलट Nifty PSU Bank इंडेक्स ने बाजार के रुख से अलग प्रदर्शन किया और 2.46% की तेजी दर्ज की। ऐसे में सरकारी बैंक सोमवार के कमजोर बाजार में प्रमुख अपवाद बनकर उभरे।
