CBSE Class 10 English Exam Analysis, Answer Key 2021-22: CBSE ने आज सुबह 11:30 बजे से दोपहर 1 बजे के बीच कक्षा 10वीं के छात्रों के लिए टर्म 1 बोर्ड एग्जाम का आखिरी पेपर English का सफलतापूर्वक आयोजन किया। छात्र यहां English Exam Analysis चेक कर सकते हैं, जो कि पूरी तरह से स्टूडेंट से फोन से बातचीत पर आधारित है।
पेपर खत्म होने के बाद देखें क्या कहा छात्रों ने
Rajkiya Sarvodaya kanya vidyalaya Suraj Mal vihar Delhi में पढ़ने वाली स्टूडेंट भूमि राजपूत के अनुसार, पेपर कठिन आया था। सहपाठियों से बात करने पर भी औसतन यही बात सामने आई कि आज का पेपर बहुत कठिन था, जबकि इससे पहले हिंदी का पेपर काफी आसान आया था। उन्होंने आगे कहा पेपर को लंबा नहीं कहा जा सकता, लेकिन कठिन था।
उन्होंने आगे कहा की सबसे कठिन अनसीन पैसेज और ग्रामर सेक्शन था।
एक अन्य स्टूडेंट देव घनिष्ठ ने कहा कि समय प्रबंधन को लेकर दिक्कत आई, कई सवाल में जरूरत से ज्यादा समय लग गया। कई स्टूडेंट्स जूझते नजर आए। बाहर निकल कर सभी ने कहा की पेपर से ऐसी उम्मीद नहीं थी, लेकिन मैंने कोई सवाल नहीं छोड़ा, सभी का कुछ न कुछ टिक किया है।
उन्होंने आगे कहा अब टर्म 2 पर फोकस करने की बारी है।
Somerville school, vasundhara enclave, Delhi की एक छात्रा (Navisha dubey) के अनुसार, पेपर बहुत कठिन नहीं था, अगर स्मार्ट तरीके से आंसर किया गया होता तो पेपर को अच्छे से किया जा सकता था। मुझे पर्सनली कठिन नहीं लगा। खास बात यह थी की सैंपल पेपर ने बहुत मदद की परीक्षा पैटर्न को समझने में।
जब उनसे पूछा गया कि सैंपल पेपर ने कितने प्रतिशत मदद की? तो इसपर उन्होंने कहा कि पैटर्न तो 100% एक था। यहाँ तक कि सवालों का लेवल भी एक ही था।
सैंपल पेपर ने की मदद
यह सच है कि पूरे एग्जाम के दौरान सैंपल पेपर ने मदद की है, लेकिन इस पेपर में ज्यादा मदद नहीं मिली। हाँ सैंपल पेपर की वजह से तैयारी का नया एंगल ढूढने में भी मदद मिली। ज्यादातर स्टूडेंटस मायूस लेकिन खुश दिखे क्योंकि आज क्लास 10 वालो को आखिरी पेपर था।
पेपर नहीं था लैंदी
कई छात्रों के अनुसार, पेपर लैंदी या लंबा इसलिए था क्योंकि सभी सवाल आते ही नहीं थे, लेकिन जिसे आता होगा वो टाइम को मैनेज करके ही पेपर समय पर सॉल्व कर पाया होगा।
नोट: छात्रों से बातचीत के आधार पर कंटेट अभी अपडेट किया जा रहा है।
यहां देखें इंग्लिश पेपर एनालिसिस और आंसर-की
छात्रों के अनुसार, यह था पेपर का प्रारूप
प्रश्न पत्र में तीन खंड आए थे।
सेक्शन ए-रीडिंग में 18 प्रश्न थे जिसमें से कुल 14 प्रश्नों का प्रयास करना था। हालांकि, प्रत्येक प्रश्न के लिए विशिष्ट निर्देश भी थे।
सेक्शन बी-राइटिंग और ग्रामर में 12 प्रश्न थे, जिसमें से कुल 10 प्रश्नों का प्रयास करना था। इसमें भी प्रत्येक प्रश्न के लिए विशिष्ट निर्देश थे।
सेक्शन सी-लिटरेचर में 30 प्रश्न आए थे, जिसमें से विशिष्ट निर्देशों के अनुसार 26 प्रश्न अटेम्पट करना था।
सभी प्रश्नों के अंक समान थे और हर बार की तरह कोई निगेटिव मार्किंग नहीं थी।

