BSP MP Fazlur Rehman: UP में चल रहा था गजब खेल! सांसद का मुहर बनवा जमकर करा रहा था सिफारिश, पुलिस ने धर दबोचा

  • Authored by: टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल
  • Updated Sep 14, 2022, 09:24 PM IST

BSP MP Fazlur Rehman: यूपी में बसपा सांसद फजलुर रहमान के नाम पर कुछ लोग फर्जीवाड़े के काम में जुटे थे। पुलिस ने इसका खुलासा किया है।

BSP MP Fazlur Rehman: UP में चल रहा था गजब खेल! सांसद का मुहर बनवा जमकर करा रहा था सिफारिश, पुलिस ने धर दबोचा

BSP MP Fazlur Rehman: यूपी के सहारनपुर में पुलिस ने एक गजब ही मामले का खुलासा किया है। पुलिस ने ऐसे दो लोगों को गिरफ्तार किया है, जो एक सांसद के नाम पर फर्जीवाड़े में लिप्त थे। 

सहारनपुर में नौकरी चाहिए, इलाज करवाना हो, राशन कार्ड चाहिए...मतलब कुछ भी ऐसा चाहिए जिसमें सिफारिश पत्र की जरूरत हो सकती है, सांसद के नाम से मिल जाता था, दो लोगों ने ऐसे रैकेट को फैला रखा था। पैसा दीजिए और सिफारिशी पत्र तैयार होकर मिल जाता था। कीमत थी सिर्फ 500 से 600 रुपये।

ये खेल बसपा सांसद फजलुर्रहमान के नाम पर चल रहा था, उन्हीं के नाम पर सिफारिशी पत्र भेजे जा रहे थे। जब इसका पता सांसद को चला तो उन्होंने इसकी शिकायत यूपी पुलिस से की। शिकायत मिलते ही पुलिस एक्टिव हो गई और मुहर बनाकर फर्जी दस्तावेज तैयार करने के आरोप में एक जन सेवा केंद्र के संचालक समेत दो अभियुक्तों को गिरफ्तार कर लिया गया। पुलिस ने खुद इसकी जानकारी दी है।

वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक विपिन टाडा ने बताया कि सहारनपुर से बहुजन समाज पार्टी के सांसद फजलुर रहमान का नकली मुहर बनाकर उनके नाम से सिफारिशी पत्र जारी करने वाले मोनी और विकास नामक युवकों को गिरफ्तार किया गया है। टाडा ने बताया कि कोतवाली पुलिस को सूचना मिली थी कि सांसद का मुहर बनाकर कोई व्यक्ति उनके नाम का दुरूपयोग कर रहा है। इस पर पुलिस ने मामले की जांच पड़ताल की ओर दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।

अधिकारी ने बताया कि पकड़े गये युवकों में से एक जनसेवा केन्द्र चलाता है, जो सांसद के नाम पर फर्जी सिफारिशी पत्र जारी करते हुए हर पत्र के 500 से 600 रुपये लेता था। पुलिस ने बताया कि दोनों अभियुक्तों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर उन्हें जेल भेजा गया है।

पुलिस ने बताया कि आरोपियों के कब्जे से एक मुहर भी बरामद हुई है जो फर्जी दस्तावेज बनाने में प्रयोग में लाई जाती थी। साथ ही उनके द्वारा बनाये गये दो फर्जी कागजात भी बरामद हुए हैं जो संस्तुति पत्र के रूप में तैयार किये गये थे।

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