Sultanpur Robbery Case: उत्तर प्रदेश के सुलतानपुर में पिछले माह एक सर्राफा कारोबारी की दुकान में हुई डकैती के मामले का एक और आरोपी सोमवार को उत्तर प्रदेश पुलिस के विशेष कार्यबल (एसटीएफ) के साथ उन्नाव में हुई मुठभेड़ मारा गया। एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने यह जानकारी दी। अधिकारी ने बताया कि आरोपी की शिनाख्त अमेठी के जनापुर गांव के रहने वाले अनुज प्रताप सिंह के रूप में की गई है।
एक आरोपी मौके से फरार
अपर पुलिस महानिदेशक (एसटीएफ व कानून-व्यवस्था) अमिताभ यश ने सोमवार को बताया कि उन्नाव जिले के अचलगंज थाना क्षेत्र में एसटीएफ लखनऊ की टीम और सुलतानपुर में भारत ज्वैलर्स की दुकान में हुई डकैती से संबंधित आरोपियों के बीच मुठभेड़ हुई, जिसमें एक बदमाश घायल हो गया जबकि दूसरा मौके का फायदा उठाकर भाग गया। यश ने बताया कि घायल बदमाश को प्राथमिक उपचार हेतु सरकारी अस्पताल ले जाया गया, जहां से उसे जिला अस्पताल रेफर किया गया।
मंगेश यादव पांच सितंबर को ढेर
उन्होंने बताया कि जिला अस्पताल में अभियुक्त अनुज प्रताप सिंह को डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। उन्होंने बताया कि विधि विज्ञान प्रयोगशाला एवं थाना अचलगंज के दल अग्रिम विधिक कार्रवाई कर रहे हैं। इससे पहले, डकैती के मामले में आरोपी मंगेश यादव पांच सितंबर को एसटीएफ के साथ मुठभेड़ में मारा गया था। पुलिस के अनुसार, 28 अगस्त को सुलतानपुर शहर कोतवाली क्षेत्र के ठठेरी बाजार स्थित एक सर्राफा व्यवसायी की दुकान से करीब डेढ़ करोड़ रुपये के जेवरात लूटे गये थे।
सपा की राजनीति, लगाए आरोप
इसके पहले, पांच सितंबर को एसटीएफ के साथ मुठभेड़ में सुलतानपुर में आरोपी मंगेश यादव मारा गया था जिसे लेकर राजनीतिक विवाद खड़ा हो गया था। खासतौर से समाजवादी पार्टी (सपा) और कांग्रेस ने इसे मुद्दा बनाया है। अखिलेश यादव ने आरोपी मंगेश के परिजनों से बातचीत भी की थी और योगी सरकार पर विशेष जाति व समुदाय के लोगों को निशाना बनाने का आरोप लगाया था।
