Varanasi News: वाराणसी समेत पूरे उत्तर प्रदेश में भीषण गर्मी पड़ रही है। जिसे देखते हुए काशी के मंदिरों में भक्तों के साथ-साथ भगवान के लिए भी खास इंतजाम किए जा रहे हैं। काशी विश्वनाथ से लेकर बनारस के अन्य मंदिरों में एसी, कूलर, जलाभिषेक और ठंडे भोग की व्यवस्था की गई है। मंदिर में आने वाले श्रद्धालुओं के लिए परिसर में ठंडे पानी और कूलर के भी इंतजाम किए गए हैं, ताकि गर्मी के बीच आस्था और श्रद्धा में कोई रुकावट न आए।
काशी विश्वनाथ में शुरू हुआ लगातार जलाभिषेक
श्री काशी विश्वनाथ मंदिर न्यास ने परंपरा के अनुसार अक्षय तृतीया से सावन मास तक श्री काशी विश्वनाथ के विग्रह पर ’कुंवरा’ यानी शावर की स्थापना की है। मंदिर प्रशासन ने बताया कि अक्षय तृतीया से शिवलिंग पर निरंतर जलाभिषेक हो रहा है और इसके साथ ही बाबा का विभिन्न फलों के रस से भी अभिषेक किया जा रहा है।
बाबा के लिए सूती वस्त्र और ठंडा भोग
बटुक भैरव मंदिर के महंत जितेंद्र मोहन पुरी ने बताया कि गर्मी के मद्देनजर बाबा बटुक भैरव के गर्भगृह में 24 घंटे एसी चलाया जा रहा है। बाबा को सूती वस्त्र धारण कराए जा रहे हैं। भोग में दही, फल और ठंडी चीजें अर्पित की जा रही हैं। मंदिर परिसर में भक्तों के लिए ठंडे पानी और जगह-जगह कूलर की व्यवस्था की गई है। लोहटिया स्थित राम-जानकी मंदिर के पुजारी देवेंद्र नाथ चौबे ने बताया कि भीषण गर्मी को देखते हुए भगवान के लिए कूलर लगाए गए हैं। भगवान को सूती वस्त्र पहनाए जा रहे हैं और मौसमी फलों का भोग लगाया जा रहा है।
अयोध्या में भीषण गर्मी से घटी भक्तों की संख्या
वहीं अयोध्या में भी भीषण गर्मी के कारण राम मंदिर में श्रद्धालुओं की संख्या में 60% से ज्यादा कमी आई है, जो घटकर अब 40 हजार से भी कम रह गई है। प्रशासन ने लोगों को गर्मी से राहत दिलाने के लिए स्प्रिंकलर से पानी का छिड़काव, एसी वेटिंग रूम और अन्य सुविधाएं शुरू की हैं। वहीं रामलला के भोग में लस्सी, आम का रस और ठंडी चीजों को शामिल किया गया है।
(इनपुट - भाषा)
