उत्तर प्रदेश सरकार ने सोनभद्र हादसे में मारे गए लोगों के परिजनों के लिए 20 लाख रुपये मुआवजे का ऐलान किया है। इसके साथ ही योगी सरकार ने दोषियों के खिलाफ भी सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। उत्तर प्रदेश की योगी आदित्यनाथ सरकार नें मंत्री रविंद्र जायसवाल ने एक बयान में कहा कि खदान हादसे की त्रिस्तरीय जांच हो रही है।
मंत्री ने कहा कि त्रिस्तरीय जांच में जो भी दोषी पाएजा जाएगा उसे बख्शा नहीं जाएगा। उन्होंने कहा, गलती चाहे जानबूझकर हुई हो या अनजाने में, सजामिलेगी। इधर जिला प्रशासन ने भी सोनभद्र के बिल्ली मारकुंडी खनन क्षेत्र में हुए हादसे के मामले में दर्ज की गई एफआईआर के आधर पर खदान के पट्टा धारक मधुसूदन सिंह को गिरफ्तार कर लिया है। खदान हादसे के बाद खनन पट्टा धारक मधुसूदन सिंह, दिलीप केसरी और एक अज्ञात के खिलाफ मामला दर्ज किया गया था। बाकी आरोपियों की तलाश के लिए विशेष टीमें गठित की गई हैं।
इससे पहले रॉबर्ट्सगंज से समाजवादी पार्टी के सांसद छोटेलाल खरवार ने इस दुर्घटना के लिए अवैध खनन को जिम्मेदार ठहराया था। उन्होंने आरोप लगाया था कि अवैध खनन के चलते यह हादसा हुआ है, जिसे माफिया चला रहे थे। यही नहीं, उन्होंने पीड़ित परिवारों को 50 लाख रुपये मुआवजा और एक-एक व्यक्ति को सरकारी नौकरी देने की मांग की थी।
इधर वाराणसी जोन के एडीजी पीयूष मोर्डिया ने बताया कि पहाड़ी से गिरे भारी मलबे को हटाने का कार्य शनिवार रात से जारी है। चूंकि पत्थर काफी बड़े हैं, इसलिए राहत कार्य में सावधानी बरती जा रही है और प्रशासन पूरी तरह से इस कार्य में जुटा हुआ है।
बता दें कि शनिवार दोपहर 3 बजे खदान में पहाड़ी का एक हिस्सा अचानक दरक जाने से ‘कृष्णा माइनिंग वर्क्स’ की खदान धंस गई थी। इस हादसे में कई मजदूर मलबे में दब गए। कल यानी रविवार 16 नवंबर को सबसे पहले राजू सिंह (30) का शव बरामद किया गया। इसके बाद बचाव कार्य तेज किया गया और सोमवार दोपहर तक मलबे से पांच और शव निकाले गए। मृतकों में इंद्रजीत (30), संतोष (30), रवींद्र (18), राम खेलावन (32) और कृपाशंकर शामिल हैं। इस तरह हादसे में मृतकों की कुल संख्या बढ़कर छह हो चुकी है।
जिलाधिकारी बी.एन. सिंह ने बताया कि रातभर जारी बचाव कार्य के बाद NDRF और SDRF की टीमों ने मलबा हटाकर पांच शव बरामद किए। उधर, पुलिस अधीक्षक अभिषेक वर्मा के अनुसार, खदान मालिक समेत तीन लोगों पर गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है और बाकी आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी जारी है।
