राँची

वंदे भारत की पहली महिला आदिवासी लोको पायलट को राष्ट्रपति भवन से आया बुलावा, पत्र पढ़ते ही हुई भावुक

वंदे भारत एक्सप्रेस की पहली महिला आदिवासी सहायक लोको पायलट, रितिका तिर्की ने एक बार फिर इतिहास रच दिया है। गणतंत्र दिवस के अवसर पर उन्हें राष्ट्रपति भवन में आयोजित 'एट होम' रिसेप्शन के लिए आमंत्रित किया गया है।

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सांकेतिक फोटो।

Photo : iStock

वंदे भारत एक्सप्रेस की पहली महिला आदिवासी सहायक लोको पायलट रितिका तिर्की को गणतंत्र दिवस पर राष्ट्रपति भवन से निमंत्रण मिला है। यह पल उनके लिए गर्व और सम्मान का पल है। गणतंत्र दिवस के अवसर पर उन्हें राष्ट्रपति भवन में आयोजित 'एट होम' रिसेप्शन के लिए आमंत्रित किया गया है। 27 वर्षीय रितिका ने कहा कि यह उनके जीवन का एक अविस्मरणीय क्षण है।

डाक विभाग ने पहुंचाया निमंत्रण

रितिका को यह निमंत्रण पत्र जमशेदपुर के जुगसलाई स्थित उनके घर पर डाक अधिकारियों की एक टीम ने दिया। शुरुआत में जब उन्हें ईमेल के माध्यम से निमंत्रण मिला, तो उन्हें यह फर्जी लगा, लेकिन जब डाकघर की टीम ने औपचारिक निमंत्रण उनके घर पहुंचाया, तो वह बेहद भावुक हो गईं।

महिलाओं के लिए प्रेरणा बनीं रितिका

रितिका ने कहा, "यह मेरे और मेरे परिवार के लिए सम्मान की बात है। राष्ट्रपति भवन ने मुझे 'महिला उपलब्धि' के रूप में आमंत्रित किया है। मेरा मानना है कि हर महिला को स्वतंत्र और सशक्त होना चाहिए।" उन्होंने महिलाओं को संदेश देते हुए कहा कि किसी भी काम को लगन और मेहनत से किया जाए, तो सफलता निश्चित होती है।

साधारण परिवार से लेकर असाधारण उपलब्धियों तक का सफर

बता दें कि झारखंड के एक साधारण परिवार में जन्मीं रितिका ने रांची में स्कूली शिक्षा पूरी करने के बाद बीआईटी मेसरा से मैकेनिकल इंजीनियरिंग में बी. टेक किया। उनके पिता, जो एक सेवानिवृत्त वन रक्षक हैं, ने हमेशा उनका समर्थन किया। रितिका का रेलवे करियर 2019 में दक्षिण पूर्व रेलवे के चक्रधरपुर डिवीजन में शंटर के रूप में शुरू हुआ। इसके बाद उन्होंने धनबाद रेल डिवीजन में चंद्रपुरा और बोकारो में सेवाएं दीं। 2021 में टाटानगर स्थानांतरित होने के बाद उन्हें सहायक लोको पायलट के पद पर पदोन्नति मिली।

वंदे भारत एक्सप्रेस का हिस्सा बनने का सफर

रितिका की सबसे बड़ी उपलब्धि 15 सितंबर 2024 को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा वंदे भारत एक्सप्रेस को हरी झंडी दिखाने के समय सहायक लोको पायलट बनना रही। वर्तमान में वह टाटानगर और पटना के बीच चलने वाली वंदे भारत एक्सप्रेस में सहायक लोको पायलट के रूप में कार्यरत हैं।

Devshanker Chovdhary
Devshanker Chovdhary author

<p>देवशंकर चौधरी मार्च 2024 से Timesnowhindi.com के साथ करियर को आगे बढ़ा रहे हैं और बतौर कॉपी एडिटर काम कर रहे हैं। टाइम्स नाउ सिटी टीम में वह इंफ्रा, डेवलपमेंट, पॉलिटिक्स और लोगों से जुड़ी स्टोरी करते हैं। हर स्टोरी में अलग एंगल निकालने पर फोकस रहता है। इसके अलावा ग्राउंड की स्टोरी और रिसर्च बेस्ड स्टोरी करने में विशेष रुचि रखते हैं।&nbsp;बीते वर्षों में टेलीविजन और डिजिटल मीडिया संस्थानों में काम कर चुके हैं। इससे पहले इन्होंने दैनिक जागरण, यूनीवार्ता, एबीपी न्यूज और रोहतास पत्रिका में काम किया है। दैनिक जागरण में रियल टाइम डेस्क पर काम कर चुके हैं, जहां वर्ल्ड अफेयर्स और नेशनल बीट की खबरें करते थे। यूनीवार्ता में नेशनल और विदेश डेस्क पर काम कर चुके हैं। एबीपी न्यूज में डिजिटल टीम का हिस्सा रह चुके हैं। रोहतास पत्रिका में काम करने के दौरान कोविड काल में बिहार के कई जिलों में घूम-घूम कर काम करने का अनुभव है। ग्रेजुएशन के दौरान ही पत्रकारिता से जुड़ गए थे, जिस दौरान दैनिक अखबारों के साथ काम किया है। अकाउंटिंग एंड मैनेजमेंट ऑनर्स में स्नातक और जनसंचार में स्नातकोत्तर हैं।</p>

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