प्रयागराज

Prayagraj: रेलवे की नई पहल, ट्रेन का सफर होगा और भी आसान, भारत गौरव ट्रेन में होगा ये बदलाव

  • Produced by: टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल
  • Updated Nov 21, 2022, 02:57 PM IST

Prayagraj: भारत गौरव ट्रेन में अब केवल जर्मनी तकनीक वाले एलएचबी कोच ही आंवटित होंगे। रेलवे ने पैसेंजर्स की आईसीएफ कोच में हुई असुविधा की शिकायतों को लेकर ये फैसला किया है। ये कोच सुरक्षित व आरामदायक होंगे। सफर के दौरान पैसेंजर्स को कोई असुविधा नहीं होगी। इसके लेकर रेलवे की ओर से सभी रेल मंडलों व रेलवे के आला अधिकारियों को पत्र भेजकर निर्देश दिए गए हैैं।

Image

इंडियन रेलवे की ओर से भारत गौरव ट्रेन में अब लगाए जाएंगे एलएचबी कोच

Photo : Twitter
KEY HIGHLIGHTS
  • भारत गौरव ट्रेन में अब आईसीएफ कोच की जगह एलएचबी कोच ही आवंटित होंगे
  • पैसेंजर्स की शिकायतों के बाद रेलवे ने एलएचबी कोच लगाने का किया है फैसला
  • सफर के दौरान ये कोच पैसेंजर्स के लिए होंगे सुरक्षित व सुविधाजनक

Prayagraj: गौरव यात्रा ट्रेन के जरिए देश के तमाम धार्मिक तीर्थ स्थानों का भ्रमण करने वाले तीर्थयात्रियों के लिए ये एक अच्छी खबर है। अब इस ट्रेन से यात्रा करना और भी आरामदायक होगा। रेलवे की ओर से ट्रेन के कोचों में कुछ बदलाव किए जा रहे हैं। जिससे पैसेंजर्स का सफर आरामदायक होगा। आईआरसीटीसी के मुताबिक, रेलवे की ओर से इस ट्रेन में एलएचबी रेक लगाने के आदेश जारी किए गए हैं। इसके बाद पैसेंजर्स का सफर सुविधाजनक तो होगा, खास बात ये रहेगी कि, सफर के दौरान झटके भी नहीं लगेंगे।

बता दें कि, देश में पर्यटन को बढ़ावा मिले इसे लेकर गत वर्ष ही रेलवे की ओर से भारत गौरव ट्रेन शुरू की गई थी। इस ट्रेन से अभी तक आईसीएफ श्रेणी के रेक ही लगे थे। ट्रेन में सफर का अनुभव होने के बाद पैसेंजर्स द्वारा यात्रा के दौरान आईसीएफ रेक को लेकर हुई असुविधाओं की शिकायत रेलवे को गई। इसके बाद ही रेलवे की ओर से भारत गौरव ट्रेन में पैसेंजर्स की सुविधा को लेकर एलएचबी कोच लगाने का निर्णय किया है। जिससे पैसेंजर्स को बेहतरीन सुविधा जनक सफर मिल सके।

ये हैं एलएचबी कोच की खास बातें

इस फैसले को लेकर रेलवे बोर्ड निदेशक टी एंड सी सुमित सिंह ने उत्तर-मध्य रेलवे जोन समेत सभी जोनल रेलवे के महाप्रबंधक एवं प्रमुख मुख्य वाणिज्य प्रबंधक को पत्र भेजे हैं। जिसमें नए आदेश के तहत भारत गौरव ट्रेन योजना में अब केवल लिंक हॉफमैन बुश कोच ही आवंटित होंगे। बता दें कि, एलएचबी कोच पूरी तरह से आधुनिक तकनीक पर आधारित हैं। पुरानी तकनीक के आईसीएफ कोच के मुकाबले एलएचबी कोच कम वजनी होते हैं। यही वजह है कि, इन कोच के लगने के बाद ट्रेनों की गति बढ़ जाती है। इसके अलावा इनमें पैसेजर्स को सफर के दौरान झटके भी नहीं लगते। वहीं सुरक्षा के मद्देनजर भी ये बेहतर हैं। ये कोच जर्मनी की एक कंपनी की ओर से बनाए गए हैं। मगर अब इनका निर्माण देश में ही रेलवे की कोच फैक्ट्रियों में किया जा रहा है। इसमें सबसे खास बात तो ये है कि, इनमें डिस्क ब्रेक लगाए गए हैं, जिसमें 160 की स्पीड से दौड़ रही ट्रेन ब्रेक लगाने पर 12 सौ मीटर की दूरी के बीच ही रूक जाती है। इन कोचों का सस्पेंशन भी हाइड्रोलिक होता है, जिससे ट्रेन चलने पर आवाज कम होती है। वहीं साइड सस्पेंशन होने के कारण यात्रियों को सफर के दौरान झटके नहीं लगते हैं।
टाइम्स नाउ नवभारत
टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटलauthor

अक्टूबर 2017 में डिजिटल न्यूज़ की दुनिया में कदम रखने वाला टाइम्स नाउ नवभारत अपनी एक अलग पहचान बना चुका है। अपने न्यूज चैनल टाइम्स नाउ नवभारत की सोच एवं नजरिए के साथ आगे बढ़ते हुए यह न्यूज़ प्लेटफॉर्म आम लोगों से जुड़े मुद्दों का गहराई से विश्लेषण एवं उसे आसान भाषा में पेश करता आया है। राजनीति से लेकर खेल, मनोरंजन, कारोबार और आम लोगों के जीवन पर असर डालने वालीं खबरों का मायने समझाते हुए यह डिजिटल प्लेटफॉर्म लोगों के भरोसे पर खरा उतरा है। \n\nसाथ ही यह अपने न्यूज़ चैनल पर दिखाए जाने वाली खबरों, शोज, स्पशेल कार्यक्रमों एवं रिपोर्टों को पेश करता है। चैनल के ये कार्यक्रम एवं शोज देश-दुनिया के घटनाक्रमों पर एक नया एवं विश्वसनीय नजरिया देते हैं। अपनी खबरों एवं विश्लेषण के चलते पसंदीदा न्यूज़ प्लेटफॉर्म बन चुका टाइम्स नाउ नवभारत, डिजिटल लोगों के भरोसे को लगातार मजबूत कर रहा है।

और पढ़ें
End of Article