Ratlam News: मध्य प्रदेश के रतलाम जिले में पुलिस ने एक अवैध मेफेड्रोन (MD) निर्माण कारखाने का पर्दाफाश किया और इस मामले में 15 लोगों को गिरफ्तार किया, जबकि एक नाबालिग को हिरासत में लिया गया। पुलिस अधीक्षक अमित कुमार के अनुसार, यह कार्रवाई मुखबिर की सूचना पर की गई थी। जिला मुख्यालय से लगभग 50 किलोमीटर दूर चिकलाना गांव में दिलावर लाला (50) के घर छापा मारते हुए यह नशीला पदार्थ बनाने वाला अवैध कारखाना पकड़ में आया।
कितनी है एमडी की कीमत?
पुलिस अधीक्षक ने बताया कि मुख्य आरोपी दिलावर लाला समेत कुल 15 लोगों को गिरफ्तार किया गया है, जिनमें उसके परिवार के सदस्य और कर्मचारी शामिल हैं। इसके अलावा, 16 साल के एक नाबालिग लड़के को भी हिरासत में लिया गया है। मौके से लगभग 10.93 किलोग्राम मेफेड्रोन (एमडी) बरामद हुआ, जिसकी कीमत 10 करोड़ रुपये से अधिक आंकी जा रही है।
क्या-क्या और हुआ बरामद?
पुलिस अधीक्षक ने कहा कि जांच में पुलिस को एक फौजी का नकली पहचान पत्र और पुलिस की वर्दी भी मिली। दिलावर लाला के घर की तलाशी के दौरान दो अवैध 12 बोर की बंदूकें और 91 कारतूस भी बरामद हुए। इसके अलावा, उसके घर में अवैध रूप से रखा गया राष्ट्रीय पक्षी मोर भी मिला, जिनमें से दो मोरों को बचाया गया।
मामले की जांच जारी
पुलिस अधीक्षक ने यह भी बताया कि छानबीन के दौरान चंदन की कीमती लकड़ी और दो चारपहिया वाहन भी जब्त किए गए। सभी आरोपियों के खिलाफ संबंधित कानूनी धाराओं के तहत केस दर्ज किया गया है और मामले की विस्तृत जांच जारी है। मेफेड्रोन को आमतौर पर ‘एमडी’ या ‘म्याऊं-म्याऊं’ के नाम से जाना जाता है और यह मानव निर्मित रसायनों से तैयार नशीला पदार्थ है, जिसकी लत खासकर युवाओं में तेजी से फैल रही है।
(इनपुट - भाषा)
