पीलीभीत के सेहरामऊ उत्तरी क्षेत्र में रविवार देर शाम एक दुखद घटना घटी, जब खेत में काम कर रहे किसान राम प्रसाद पर अचानक एक बाघ ने हमला कर दिया, जिससे उनकी मृत्यु हो गई। जिले में ये एक हफ्ते के भीतर दूसरी ऐसी घटना है। पुलिस के अनुसार, चतीपुर गांव के 45 वर्षीय राम प्रसाद अपने गांव से करीब दो किलोमीटर दूर हरिपुर किशनपुर नहर के पास गन्ने के खेत की सिंचाई कर रहे थे, जब झाड़ियों से निकलकर बाघ ने उन पर हमला किया। उनका खेत हरीपुर जंगल से लगभग 500 मीटर की दूरी पर स्थित था, जिससे वन्यजीवों का खतरा बना रहता था। स्थानीय ग्रामीणों के मुताबिक, हमले के बाद बाघ किसान को घसीटकर ले जाने की कोशिश करने लगा। इस पर कुछ ग्रामीण ट्रैक्टर पर सवार होकर बाघ के पीछे दौड़े और जोरदार शोर मचाया, जिससे बाघ भाग गया।
ग्रामीणों ने किया घटना का विरोध
गांव के लोगों को खून से लथपथ किसान का शव पड़ा मिला। उसके सिर और गर्दन समेत शरीर के अन्य हिस्सों पर गहरे घाव थे। किसान के परिजन और अन्य ग्रामीणों ने इस घटना को लेकर विरोध जताया है। घटना की जानकारी मिलने के बाद उप जिलाधिकारी अजीत प्रताप सिंह और पुलिस क्षेत्राधिकारी प्रगति चौहान ने मौके पर पहुंचकर परिजनों को समझा और पीलीभीत-पूरनपुर राजमार्ग पर रास्ता जाम करने से रोक दिया।
जल्द ही बाघ को पकड़ा जाएगा
घटना के बाद पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा। प्रभागीय वन अधिकारी भरत कुमार ने बताया कि जल्द ही बाघ को पकड़ा जाएगा। इससे पहले 14 मई को चतीपुर गांव के पास नजीरगंज में भी बाघ ने खेत में सिंचाई करने गए हंसराज (50) पर हमला कर दिया था और बाद में उसका शव बरामद हुआ था।
(इनपुट - भाषा)
