Lucknow Murder: लखनऊ में एकतरफा प्यार को लेकर हुए विवाद में पिछले दिनों एक 21 वर्षीय एक युवक की हत्या की गई थी। इस मामले की जांच कर रही पुलिस ने दो पेशेवर कसाइयों समेत तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस उपायुक्त (दक्षिण) निपुण अग्रवाल ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि यह घटना मोहनलालगंज थाना क्षेत्र में हुई और शव की पहचान होने के कुछ ही घंटों के भीतर मामला सुलझा लिया गया।
घटना के कुछ ही घंटों में पुलिस ने सुलझाया मामला
पुलिस अधिकारी ने अनुसार मृतक की पहचान अल्मास के रूप में की गई है। अधिकारी ने बताया कि मोहनलालगंज पुलिस और सर्विलांस प्रकोष्ठ (दक्षिण क्षेत्र) की एक संयुक्त टीम ने गणेश खेड़ा इलाके से तीनों आरोपियों रमजान, अरमान और सूरज को गिरफ्तार किया। पुलिस ने हत्या में इस्तेमाल लकड़ी की छड़ी, मृतक का मोबाइल फोन और अपराध में इस्तेमाल की गई मोटरसाइकिल भी बरामद की।
नहर के पास खेत में मिला लापता युवक का शव
न्यूज एजेंसी PTI के अनुसार, पुलिस ने बताया कि रमजान और अरमान कसाई का काम करते हैं जबकि तीसरा आरोपी सूरज फोटोग्राफर है। अग्रवाल ने बताया कि मऊ गांव के जेल रोड निवासी रावी मोहम्मद नामक व्यक्ति ने 30 दिसंबर को रिपोर्ट दर्ज कराई कि उनका बेटा अल्मास (21) लापता हो गया है। अल्मास 29 दिसंबर को शाम करीब साढ़े सात बजे घर से खुजौली जाने की बात कहकर निकला था लेकिन वापस नहीं लौटा।
उन्होंने बताया कि लापता व्यक्ति की रिपोर्ट दर्ज की गई और तलाशी अभियान शुरू किया गया। उसी दिन बाद में पुलिस को बड़ी नहर के पास एक खेत में एक शव मिलने की सूचना मिली। मृतक की पहचान अल्मास के रूप में हुई, जिसके बाद उसके पिता की शिकायत पर हत्या का मामला दर्ज किया गया।
पुलिस ने कुछ ही घंटों में आरोपी को किया गिरफ्तार
हत्या के मामले की जांच के दौरान, पुलिस ने खुजोली-मऊ मार्ग और आसपास के रास्तों पर लगे लगभग 100 सीसीटीवी कैमरों की फुटेज का विश्लेषण किया और बड़े पैमाने पर लोगों से पूछताछ की। जुटाए गए सुबूतों के आधार पर 31 दिसंबर को तीनों आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। अग्रवाल ने बताया कि पूछताछ में पता चला कि आरोपी मृतक के पड़ोसी थे। मुख्य आरोपी रमजान कथित तौर पर अल्मास की भतीजी से एकतरफा प्यार करता था, जिसकी वजह से पहले भी उसके और अल्मास के बीच झगड़े और मारपीट हुई थी।
एकतरफा प्यार बना मौत की वजह
पुलिस सूत्रों ने बताया कि घटना से कुछ दिन पहले अल्मास ने अपनी भतीजी और बहनों के साथ मिलकर कथित तौर पर रमजान पर हमला किया था। इसी बात का बदला लेने के लिए रमजान ने अपने साथियों के साथ मिलकर अल्मास को मारने की साजिश रची। पुलिस के मुताबिक 29 दिसंबर की शाम को तीनों आरोपी एक दुकान पर बैठे थे तभी अरमान ने अल्मास को फोन करके वहां बुलाया। फिर वे उसे मोटरसाइकिल पर बिठाकर अलग-अलग जगहों पर ले गए और फिर मऊ बड़ी नहर के किनारे एक सुनसान जगह पर पहुंचे, जहां उन्होंने कथित तौर पर लकड़ी की छड़ी से उसके सिर और चेहरे पर बार-बार प्रहार किया, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई और उन्होंने शव को वहीं पास में फेंक दिया। अग्रवाल ने बताया कि मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई जारी है।
(इनपुट - भाषा)
