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Kedarnath Rescue: केदारनाथ में फंसे लोग, चौथे दिन भी बचाव अभियान जारी; 300 से ज्यादा यात्री लिनचोली रवाना

केदारनाथ में चौथे दिन भी बचाव अभियान जारी है। केदारनाथ में 570 यात्री हेलीकॉप्टर का इंतजार कर रहे हैं। रामबाड़ा चौमासी पैदल रास्ते पर फंसे 110 यात्रियों को भी निकालकर चौमासी पहुंचा दिया गया है। इस मार्ग से अब तक 534 से अधिक यात्रियों और स्थानीय लोगों को निकाला जा चुका है-

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केदारनाथ में चौथे दिन भी बचाव अभियान जारी

Kedarnath Rescue: केदारनाथ क्षतिग्रस्त यात्रा मार्ग पर फंसे यात्रियों को बाहर निकालने के लिए बचाव अभियान रविवार को लगातार चौथे दिन भी जारी रहा। इस दौरान 373 लोगों को केदारनाथ धाम से लिनचोली के लिए रवाना किया गया, जहां से उन्हें हवाई मार्ग से सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया जाएगा। श्री बद्रीनाथ केदारनाथ मंदिर समिति के मुख्य कार्यकारी अधिकारी योगेद्र सिंह ने बताया कि केदारनाथ से राज्य आपदा प्रतिवादन बल (एसडीआरएफ), राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (एनडीआरएफ) और अन्य बचाव दलों के साथ रवाना हुए इन 373 लोगों में श्रद्धालुओं के साथ ही स्थानीय लोग और मजदूर भी शामिल हैं।

570 यात्री कर रहे इंतजार

सिंह के अनुसार, लिंचोली से हेलीकॉप्टर के जरिये इन सभी को सुरक्षित जगहों पर ले जाया जाएगा। इसके अलावा, केदारनाथ हैलीपैड पर भी 570 यात्री हेलीकॉप्टर का इंतजार कर रहे हैं। सिंह ने बताया कि जिला प्रशासन, मंदिर समिति और तीर्थ पुरोहित समाज केदारनाथ में फंसे सभी लोगों के लिए खाने के पैकेट, पानी की बोतलें और फल उपलब्ध करा रहा है। इस बीच, रामबाड़ा चौमासी पैदल रास्ते पर फंसे 110 यात्रियों को भी निकालकर चौमासी पहुंचा दिया गया है। इस मार्ग से अब तक 534 से अधिक यात्रियों एवं स्थानीय लोगों को निकाला जा चुका है।

अबतक 10 हजार यात्री निकाले गए बाहर

बुधवार रात अतिवृष्टि और बादल फटने के कारण केदारनाथ पैदल मार्ग पर लिंचोली, भीमबली, घोड़ापड़ाव और रामबाड़ा सहित कई स्थानों पर मार्ग बह गया था और अन्य जगहों पर पहाड़ी से भूस्खलन और बड़े-बड़े पत्थर आने से मार्ग क्षतिग्रस्त हो गया था, जिससे जगह-जगह पर श्रद्धालु फंस गए थे। फंसे श्रद्धालुओं को बाहर निकालने के लिए बृहस्पतिवार सुबह से जमीनी और हवाई मार्ग से बचाव अभियान चलाया जा रहा है। इस अभियान में शुक्रवार से भारतीय वायु सेना के चिनूक और एमआई-17 हेलीकॉप्टर भी जुड़ हए। अभी तक करीब 10 हजार लोगों को बाहर निकाला जा चुका है।

केदारनाथ मार्ग पर जारी बचाव अभियान

इस बीच, केदारनाथ राष्ट्रीय राजमार्ग पर सोनप्रयाग- गौरीकुंड के बीच बह गए मार्ग पर सेना की ओर से पैदल पुल का निर्माण शुरू कर दिया गया है। रुद्र प्रयाग जिला प्रशासन के अधिकारियों ने बताया कि केदारनाथ मार्ग पर जारी बचाव अभियान में अब दो खोजी कुत्तों की मदद भी ली जाएगी। उन्होंने बताया कि सेना की मदद से यह अभियान चलाया जाएगा। अधिकारियों के मुताबिक, खोजी कुत्ता दस्ते को हेलिकॉप्टर से लिनचोली में उतारा जा चुका है, जहां से यह पूरे क्षेत्र में खोजबीन शुरू करेगा। अधिकारियों का मानना है कि कई लोग बारिश के डर से अपनी जान बचाने के लिए जंगलों की तरफ बढ़े होंगे और इस दौरान उनके रास्ता भटकने की आशंका के मद्देनजर खोजबीन की जाएगी।

इनपुट- भाषा

Maahi Yashodhar
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माही यशोधर Timesnowhindi.com में न्यूज डेस्क पर काम करती हैं। यहां वह फीचर, इंफ्रा, डेवलपमेंट, पॉलिटिक्स न्यूज कवर करती हैं। इसके अलावा वह डेवलपमेंट की खबरों पर भी नजर रखती हैं। वह सड़क, रेल और इंफ्रास्ट्रक्चर के अलावा क्राइम और पर्यावरण से जुड़ी खबरें भी लिखती हैं। राजनीति में खास रुचि होने के कारण वह राजनेताओं और राजनीति से जुड़ी खबरें ब्रेक करते हैं। इससे पहले माही ने देश के नामी मीडिया संस्थानों एनडी टीवी और न्यूज18 में काम किया है। माही यशोधर ने पत्रकारिता में डिग्री ली है। उन्होंने अपने पत्रकारिता सफर की शुरुआत देश के नामी संस्थान टाइम्स से की थी, जहां उन्होंने एंटरटेनमेंट डेस्क पर रहते हुए खबरों को धार दी। इसके बाद वह डिजिटल पत्रकारिता में आगे बढ़ती रहीं। पूर्व में माही यशोधर ने एंटरटेनमेंट, हेल्थ, एजुकेशन, एस्ट्रो, वायरल और लाइफस्टाइल की खबरों पर काम किया है। माही हर छोटी-बड़ी खबर को जल्द से जल्द अपने पाठकों तक पहुंचाने की कोशिश करती हैं। माही अपने पाठकों की नब्ज अच्छे से समझती हैं। उन्हें खबरों की अच्छी समझ है और उनकी भाषा ऐसी है कि कम शब्दों में भी पाठक को पूरी खबर समझा देती हैं।

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