कानपुर

बुंदेलखंड में जल जीवन मिशन की क्या है हकीकत? मंत्री स्वतंत्र देव सिंह ने किया औचक निरीक्षण; मिले ऐसे परिणाम

जल जीवन मिशन परियोजनाओं के जरिए हर घर जल पहुंचाने की योजना कितनी कारगर साबित हो रही है, इसकी जमीनी हकीकत जानने के लिए जलशक्ति मंत्री स्वतंत्र देव सिंह ने कई गांवों का दौरा किया। जालौन के स्थलीय निरीक्षण में उन्हें संतोषजनक परिणाम मिले।

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जल जीवन मिशन परियोजना का निरीक्षण करते जल मंत्री स्वतंत्र देव सिंह

जालौन : जल जीवन मिशन परियोजनाओं की जमीनी हकीकत जानने के लिए तीन दिन से बुंदेलखंड के अलग-अलग गांवों और दलित बस्तियों में जलशक्ति मंत्री स्वतंत्र देव सिंह की अगुवाई में दौरा कर रही टीम शुक्रवार को जालौन पहुंची। जालौन में जलशक्ति मंत्री और प्रमुख सचिव नमामि गंगे अनुराग श्रीवास्तव ने अलग-अलग गांवों और मजरों में पहुंच सीधे लोगों से संवाद किया और ग्रामीण इलाकों में जलापूर्ति की जानकारी ली। इस दौरान जलशक्ति मंत्री स्वतंत्र देव सिंह ने कहा कि ललितपुर, झांसी और जालौन में ज्यादातर गांवों में नल से जल की सप्लाई हो रही है। इन तीनों जिलों में औचक निरीक्षण के दौरान अच्छे परिणाम देखने को मिले हैं। जल्द ही बुंदेलखंड के अन्य जिलों चित्रकूट, बांदा, हमीरपुर और महोबा में जल जीवन मिशन परियोजनाओं का औचक निरीक्षण किया जाएगा। इसके बाद सोनभद्र और मिर्जापुर में स्थलीय निरीक्षण होगा।

बुंदेलखंड में अब पानी की नहीं है कोई किल्लत

तीन दिवसीय स्थलीय निरीक्षण खत्म करने के बाद जलशक्ति मंत्री ने कहा कि बुंदेलखंड में पहले पानी एक बड़ी समस्या थी। ट्रेनों से पानी आता था। मगर अब हर घर तक नल से जल पहुंच रहा है। जलशक्ति मंत्री ने कहा कि तीन दिन के दौरे में झांसी के कुछ ऊंचाई पर स्थित इलाकों में लो प्रेशर सप्लाई की समस्या सामने आई है। इस समस्या को दूर करने के निर्देश अधिकारियों को दिए गए हैं। मंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि जो भी समस्याएं मिली हैं। उसे एक हफ्ते में दुरुस्त कर लिया जाए। जल्द ही इसकी समीक्षा की जाएगी।

जलशक्ति मंत्री ने मांगकर खाया खाना..

जल जीवन मिशन परियोजनाओं के स्थलीय निरीक्षण के दौरान जलशक्ति मंत्री और प्रमुख सचिव का बाल रूप भी लोगों को देखने को मिला। जब जलशक्ति मंत्री और प्रमुख सचिव डकोर के सैदनगर गांव पहुंचे, तो यहां की बुजुर्ग महिला विद्या के घर में पानी की सप्लाई पूछने गए। इस दौरान बुजुर्ग महिला रसोई में खाना बना रही थीं। तभी मंत्री स्वतंत्र देव सिंह ने बुजुर्ग महिला से पूछा अम्मा भूख लगी, क्या खाना खिलाएंगी….. महिला ने हां कहां और इसके बाद प्रमुख सचिव और अन्य अधिकारियों ने खुद खाट बिछाई और उसपर बैठकर परिवार के सदस्यों के साथ भोजन किया।

इसके बाद गांव में थोड़ा आगे पहुंचने पर प्रमुख सचिव अनुराग श्रीवास्तव को बच्चों का खेलता हुआ एक समूह दिखा। जिसमें अलग-अलग आयु वर्ग के बच्चे और बच्चियां थे। इस दौरान प्रमुख सचिव ने बच्चों से गणित के सवाल पूछे। किसी से पहाड़ा पूछा, तो किसी गणित से जुड़े सवाल किए। सही जवाब देने वाले बच्चों को प्रमुख सचिव ने ईनाम स्वरूप कुछ धनराशि भी सौंपी।

Pushpendra kumar
पुष्पेंद्र कुमारauthor

पुष्पेंद्र कुमार टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में चीफ कॉपी एडिटर के रूप में सिटी डेस्क पर कार्यरत हैं। जर्नलिज्म में मास्टर्स डिग्री हासिल करने के बाद से वे पिछले 7 वर्षों से सक्रिय पत्रकारिता में जुड़े हैं। इस दौरान उन्होंने 10,000 से अधिक खबरें लिखी हैं। पुष्पेंद्र हाइपर-लोकल मुद्दों, रेलवे, रोड, इंफ्रास्ट्रक्चर, डेवलपमेंट, कृषि और मौसम से जुड़ी खबरों पर गहरी पकड़ रखते हैं। शहर से लेकर गांव-देहात तक की संवेदनशीलताओं को समझते हुए वे लोकल खबरों को ऐसा रूप देते हैं जो न केवल तथ्यपूर्ण होता है, बल्कि पाठकों से भावनात्मक रूप से भी जुड़ता है।

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