गुरुग्राम

क्राइम ब्रांच को वजीराबाद एटीएम लूट कांड में मिली सफलता, कुएं से बरामद हुई ATM मशीन, दो आरोपी गिरफ्तार

दिल्ली के वजीराबाद इलाके से कुछ बदमाश एक्सिस बैंक की एटीएम मशीन लूटकर हरियाणा फरार हो गए। क्राइम ब्रांच ने आरोपियों की तलाश में हरियाणा के कई गांवों में दबिश की, जिसके बाद मेवात जिले में एक कुएं से एटीएम मशीन को जब्त किया गया। पुलिस ने दो आरोपियों को भी गिरफ्तार किया है।

Mewat: राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में क्राइम बढ़ता ही जा रहा है। बीते दिनों दिल्ली के वजीराबाद इलाके से एटीएम लूट का एक मामला भी सामने आया था, जिसमें क्राइम ब्रांच ने आखिरकार बड़ी सफलता हासिल की । जानकारी के अनुसार, क्राइम ब्रांच ने इस वारदात को अंजाम देने वाले दो आरोपियों नदीम और समीर को गिरफ्तार कर लिया है। ये दोनों आरोपी हरियाणा के मेवात जिले के रहने वाले हैं और कुख्यात इमरान गैंग के सदस्य हैं। पुलिस ने इनके पास से चोरी में इस्तेमाल की गई ब्रेजा कार और लूट के पैसों में से कुछ रकम बरामद की है। इतना ही नहीं पुलिस ने कुएं से एटीएम मशीन को भी बरामद किया है।

एटीएम मशीन उखाड़कर ले गए बदमाश

पुलिस अधिकारी ने बताया कि वारदात 5-6 फरवरी की रात करीब 3:50 बजे हुई। बैंक के कंट्रोल रूम में एटीएम में गड़बड़ी का अलर्ट मिलते ही पुलिस को सूचना दी गई। जब पुलिस मौके पर पहुंची, तो देखा कि एटीएम मशीन को उखाड़कर ले जाया गया है। जांच में पता चला कि आरोपियों ने पहले एटीएम के सीसीटीवी कैमरे पर काला स्प्रे किया, ताकि उनकी पहचान न हो सके। इसके बाद पूरी मशीन को उखाड़कर हरियाणा के मेवात ले गए। यहां गैस कटर की मदद से उसे काटकर उसमें से करीब 29 लाख 12 हजार 800 रुपये निकाल लिए। चोरी के पैसे आपस में बांटने के बाद एटीएम मशीन को एक कुएं में फेंक दिया और ऊपर से सुखी टहनियां डालकर उसे छिपाया।

क्राइम ब्रांच ने आरोपियों को पकड़ा

क्राइम ब्रांच की टीम ने तीन दिनों तक मेवात के 15-20 गांवों में लगातार दबिश दी। आखिरकार गुप्त सूचना के आधार पर नलहड़ गांव में पुलिस ने छापा मारा। गांव वालों ने पुलिस का विरोध किया, लेकिन फिर भी टीम ने दोनों बदमाशों नदीम और समीर को धर दबोचा। नदीम (28 वर्ष, निवासी रूपराका, नूंह, हरियाणा) 2016 में एमबीएन यूनिवर्सिटी, पलवल से बीटेक किया था। 2017 में साकिर नाम के शख्स के संपर्क में आकर अपराध की दुनिया में कदम रखा था। भोंडसी जेल में इमरान से मिला और बाहर आकर उसकी गैंग का हिस्सा बन गया। आरोपी पर पहले से 5 केस दर्ज है। दिल्ली और हरियाणा में पहले भी कई अपराधिक वारदातों को अंजाम दे चुका है।

मुख्य आरोपियों की तलाश जारी

पुलिस ने बताया कि समीर (27 वर्ष, निवासी नलहड़, नूह, हरियाणा) 2021 में बीएससी किया, फिर 2022 से 2024 तक नूंह की वंडर सीमेंट कंपनी में काम किया। दिसंबर 2024 में नदीम के संपर्क में आया और इमरान-राहुल से जुड़कर इस गिरोह का हिस्सा बन गया। पुलिस ने इनके पास से एक्सिस बैंक की चोरी हुई एटीएम मशीन बरामद की। पुलिस को समीर के पास से 30,500/- रुपये, नदीम के पास से 17,000/- रुपये और वारदात में इस्तेमाल की गई ब्रेजा कार को बरामद किया। क्राइम ब्रांच के संयुक्त पुलिस आयुक्त सुरेंद्र सिंह (IPS) ने बताया कि बाकी आरोपियों की तलाश भी जारी है। मुख्य आरोपी इमरान, राहुल, मुबारिक और डेविड उर्फ बिल्ला की गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीमें लगातार दबिश दे रही हैं।

Mohit Om
मोहित ओमauthor

जनमानस की खबर को पाठकों तक पहुंचाना ही एकमात्र लक्ष्य। एक दशक से ज्यादा पत्रकारिता का अनुभव। अपराध के पीछे की साजिश को बेपर्दा करने वाली हर खबर पर पैनी निगाह रखता हूँ।

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