गाजियाबाद

Ghaziabad: फिरंगियों को ठगने वाले फर्जी कॉल सेंटर का भंडाफोड़, 15 आरोपी गिरफ्तार

  • Produced by: टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल
  • Updated Nov 27, 2022, 07:36 PM IST

Ghaziabad News: गाजियाबाद पुलिस ने लिंक रोड थाना क्षेत्र में चल रहे एक फर्जी कॉल सेंटर का पर्दाफाश किया है। पुलिस ने यहां से 15 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इनमें 13 युवक और 2 युवती शामिल हैं। ये आरोपी अमेरिकी नागरिकों के कंप्‍यूटर और लैपटॉप को हैक कर उनसे वसूली करते थे। आरोपियों ने अब तक सैकड़ों लोगों के साथ ठगी की बात कबूल की है।

Image

पुलिस द्वारा गिरफ्तार किए गए सभी आरोपी

Photo : Twitter
KEY HIGHLIGHTS
  • यह गिरोह अमेरिका बेस्‍ड नागरिकों को बनाता था अपना शिकार
  • गिरोह के सदस्‍य कंप्‍यूटर और लैपटॉप में बग भेजकर उसे कर देते थे हैंग
  • कंप्‍यूटर को बग मुक्‍त करने और डाटा रिकवरी करने के नाम पर करते वसूली

Ghaziabad News: गाजियाबाद पुलिस ने विदेशी नागरिकों से ठगी के एक बड़े मामले का खुलासा किया है। साइबर सेल की टीम और थाना लिंकरोड पुलिस ने संयुक्‍त रूप से अभियान चलाते हुए लिंक रोड थाना क्षेत्र पर चल रहे एक फर्जी कॉल सेंटर का पर्दाफाश करते हुए 15 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस द्वारा गिरफ्तार किए गए आरोपियों में 13 युवक और 2 युवती शामिल हैं। पुलिस के अनुसार, इस फर्जी कॉल सेंटर में काम करने वाले आरोपी पहले अमेरिकी नागरिकों के कम्प्यूटर-लैपटॉप में एक वायरस भेजते थे। इसके बाद मदद करने के नाम पर उनसे पैसे ऐंठते थे। पुलिस इन आरोपियों से अभी पूछताछ करने में जुटी है। पुलिस के अनुसार, यह गैंग अब तक सैकड़ों लोगों से करोड़ों की ठगी कर चुका है।

गाजियाबाद पुलिस ने बताया कि, कॉल सेंटर औरा आरोपियों की जांच के दौराना इनके पास से 22 कंप्यूटर, 15 मोबाइल, 6 फर्जी आधार कार्ड, यूएसए के नागरिकों से ठगे गए 9 चेक और 4 लग्‍जरी गाड़ियां बरामद की गई हैं। आरोपियों की पहचान नदीम खान, राजा चौहान, रणजीत कुमार, अभिषेक राणावत, ओम शर्मा, आकाश शर्मा, ताबिश, रोहित कुमार, ऋषभ वशिष्ठ, राजेश, ऋषि दुबे, नवदीप मलिक, अरुण कुमार, सत्यनारायण और लोपामुद्रा के तौर पर हुई है। यह सभी आरोपी गाजियाबाद, दिल्‍ली और नोएडा के रहने वाले हैं।

कंप्‍यूटर और डाटा हैक कर करते थे मनमानी वसूली

इन आरोपियों ने पुलिस पूछताछ में बताया कि, वह एक खास एप के जरिये यूएसए बेस्ड लोगों के लैपटॉप और कंप्‍यूटर में एक बग भेजते थे। यह बग कंप्‍यूटर को हैंग कर देता। इसके बाद गिरोह के सदस्‍य उस कंप्‍यूटर पर अपना हेल्पलाइन नंबर भेजते। सामने वाला व्यक्ति जब उस नंबर पर कॉल करता तो ये उससे रिमोट एक्सेस एप्लीकेशन डाउनलोड कराते और उसका पूरा डाटा हैक कर लेते। आरोपी इस डाटा की रिकवरी के नाम पर लोगों से मनमानी रकम वसूल करते थे। ये लोगों से रकम की मांग डॉलर और गिफ्ट बाउचर में करता था। आरोपियों ने अब तक सैकड़ों लोगों के साथ ठगी का खुलासा किया है। पुलिस आरोपियों से पूछताछ कर गैंग से जुड़े दूसरे सदस्‍यों की जानकारी जुटाने में लगी है। पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार आरोपियों में तीन संचालक हैं, बाकि यहां पर सैलरी पर काम करते थे।

टाइम्स नाउ नवभारत
टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटलauthor

अक्टूबर 2017 में डिजिटल न्यूज़ की दुनिया में कदम रखने वाला टाइम्स नाउ नवभारत अपनी एक अलग पहचान बना चुका है। अपने न्यूज चैनल टाइम्स नाउ नवभारत की सोच एवं नजरिए के साथ आगे बढ़ते हुए यह न्यूज़ प्लेटफॉर्म आम लोगों से जुड़े मुद्दों का गहराई से विश्लेषण एवं उसे आसान भाषा में पेश करता आया है। राजनीति से लेकर खेल, मनोरंजन, कारोबार और आम लोगों के जीवन पर असर डालने वालीं खबरों का मायने समझाते हुए यह डिजिटल प्लेटफॉर्म लोगों के भरोसे पर खरा उतरा है। \n\nसाथ ही यह अपने न्यूज़ चैनल पर दिखाए जाने वाली खबरों, शोज, स्पशेल कार्यक्रमों एवं रिपोर्टों को पेश करता है। चैनल के ये कार्यक्रम एवं शोज देश-दुनिया के घटनाक्रमों पर एक नया एवं विश्वसनीय नजरिया देते हैं। अपनी खबरों एवं विश्लेषण के चलते पसंदीदा न्यूज़ प्लेटफॉर्म बन चुका टाइम्स नाउ नवभारत, डिजिटल लोगों के भरोसे को लगातार मजबूत कर रहा है।

और पढ़ें
End of Article