शहर

Delhi News: बिहार की दुश्मनी, दिल्ली में खूनी अंत! सुलह के बहाने बुलाकर की हत्या, 8 आरोपी गिरफ्तार

Delhi News Today: साउथ ईस्ट दिल्ली के पुल प्रहलादपुर में हुए चर्चित गुड्डू बादशाह हत्याकांड का पुलिस ने खुलासा कर दिया है। बिहार की वर्चस्व की लड़ाई के चलते सुलह के बहाने दिल्ली बुलाकर हत्या की गई थी। 5 राज्यों में छापेमारी कर 8 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है।

Image

5 राज्यों से गिरफ्तार हुए 8 आरोपी

New Delhi News Today: दक्षिण-पूर्वी दिल्ली के पुल प्रहलादपुर थाना क्षेत्र में हुए चर्चित मोहम्मद इरशाद आलम उर्फ 'गुड्डू बादशाह' हत्याकांड की गुत्थी को पुलिस ने सुलझा लिया है। बिहार के सुपौल जिले की पुरानी रंजिश और वर्चस्व की लड़ाई के चलते रची गई इस खूनी साजिश का पर्दाफाश करते हुए पुलिस ने अंतरराज्यीय गिरोह के सभी 8 आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपियों को दबोचने के लिए दिल्ली पुलिस की विशेष टीमों ने एक महीने तक लगातार ऑपरेशन चलाया और दिल्ली, उत्तर प्रदेश, बिहार, तेलंगाना और तमिलनाडु तक लगभग 12,000 किलोमीटर का सफर तय किया।

पीड़ित बनकर चकमा दे रहा था साथी

यह वारदात 28 जुलाई 2026 को लाल कुआं चुंगी नंबर-3 इलाके में हुई थी। पुलिस को सूचना मिली थी कि अंधाधुंध फायरिंग में गुड्डू बादशाह की मौत हो गई है, जबकि उसका साथी मोहम्मद फारूक गोली लगने से घायल है। शुरुआती जांच में फारूक खुद को पीड़ित और चश्मदीद बता रहा था। क्राइम सीन, CDR, फॉरेंसिक साक्ष्यों और फारूक की गतिविधियों के विश्लेषण से पुलिस को उस पर शक हुआ। कड़ाई से पूछताछ करने पर पता चला कि फारूक खुद इस साजिश का अहम हिस्सा था, जिसके बाद उसे गिरफ्तार कर लिया गया।

सुलह का झांसा देकर दिल्ली बुलाया

पुलिस जांच में सामने आया कि हत्याकांड के तार बिहार के सुपौल जिले से जुड़े हैं। मुख्य आरोपी शमशाद और अशफाक सगे भाई हैं और पहले गुड्डू बादशाह के साथ ही काम करते थे। बाद में दोनों ने अपना अलग गैंग बना लिया, जिसके बाद लेन-देन और इलाके में वर्चस्व को लेकर उनके बीच गहरी दुश्मनी हो गई। रंजिश को खत्म करने और समझौते के नाम पर आरोपियों ने गुड्डू बादशाह को बिहार से दिल्ली बुलाया। उसके दिल्ली आने, ठहरने से लेकर मीटिंग तक की पूरी प्लानिंग पहले से तय थी। लाल कुआं चुंगी नंबर-3 पर मीटिंग के दौरान मौका देखते ही आरोपियों ने उस पर गोलियों की बौछार कर दी।

5 राज्यों में फैला नेटवर्क, तमिलनाडु से पकड़ा गया आरोपी

वारदात को अंजाम देने के बाद सभी आरोपी पुलिस को चकमा देने के लिए अलग-अलग राज्यों में भाग गए। वे लगातार अपने ठिकाने बदल रहे थे, मोबाइल बंद रखे थे और केवल इंटरनेट कॉलिंग का इस्तेमाल कर रहे थे। दिल्ली पुलिस की टीमों ने सीडीआर, डिजिटल सर्विलांस, सीसीटीवी फुटेज और ट्रैवल पैटर्न के आधार पर कड़ियां जोड़ीं। आरोपी मोहम्मद आफताब को तमिलनाडु के तिरुप्पुर से गिरफ्तार किया गया। शमशाद और अशफाक बिहार के एक अन्य मर्डर केस में भी वांटेड थे और साल भर से फरार चल रहे थे।पुलिस ने आरोपियों के पास से 3 अवैध हथियार, मैगजीन, जिंदा कारतूस और वारदात में इस्तेमाल एक मोटरसाइकिल बरामद की है।

गिरफ्तार किए गए 8 आरोपियों की सूची

पुलिस द्वारा गिरफ्तार किए गए आरोपियों में मोहम्मद फारूक, मोहम्मद आफताब, मोहम्मद इरफान, मोहम्मद शमशाद, मोहम्मद अशफाक, मोहम्मद रहमतुल्लाह उर्फ छोटू, अमन यादव और मोहम्मद शोएब अख्तर शामिल हैं। पुलिस अधिकारियों के मुताबिक, इस साजिश में सभी 8 आरोपियों की अलग-अलग जिम्मेदारियां तय थीं। किसी ने लॉजिस्टिक्स संभाला, किसी ने हथियार जुटाए तो किसी ने पनाह दी। फिलहाल सभी आरोपी पुलिस कस्टडी में हैं और आगे की कानूनी कार्रवाई जारी है।

Nishant Tiwari
निशांत तिवारीauthor

निशांत तिवारी टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल की सिटी टीम में कॉपी एडिटर हैं। शहरों से जुड़ी खबरों, स्थानीय मुद्दों और नागरिक सरोकार को समझने की उनकी गहरी दृष्टि उन्हें इस बीट का एक भरोसेमंद और प्रभावी कंटेंट राइटर बनाती है। वे जटिल लोकल इश्यूज को सहज, स्पष्ट और असरदार अंदाज में पेश करने में दक्ष हैं और अबतक 2,000 से अधिक न्यूज रिपोर्ट लिख चुके हैं। उनकी लेखन शैली शहर की नब्ज पकड़ते हुए ऐसे कंटेंट पर केंद्रित रहती है, जो सीधे पाठकों के जीवन और उनकी रोजमर्रा की चिंताओं से जुड़ा होता है।

और पढ़ें
End of Article
Subscribe to our daily Newsletter!