दिल्ली में आज का मौसम (21 May 2026): दिल्ली-एनसीआर में गर्मी का टॉर्चर अब जानलेवा स्तर पर पहुंच चुका है। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने राजधानी के लिए लू (Heatwave) का 'ऑरेंज अलर्ट' जारी करते हुए चेतावनी दी है कि आज यानी गुरुवार (21 मई 2026) को दिल्ली के कई हिस्सों में अधिकतम तापमान 45 से 47 डिग्री सेल्सियस के खौफनाक स्तर को छू सकता है। मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, आगामी 26 मई तक दिल्लीवासियों को इस भीषण और दमघोंटू गर्मी से रत्ती भर भी राहत मिलने के आसार नहीं हैं।
मुंगेशपुर फिर सबसे गर्म, रात में भी चल रहे गर्म थपेड़े
बीते बुधवार को दिल्ली का मुंगेशपुर इलाका 46.3 डिग्री सेल्सियस के साथ सबसे गर्म रिकॉर्ड किया गया। इसके अलावा रिज क्षेत्र में पारा 45.8 डिग्री और बेस स्टेशन सफदरजंग में 44.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ, जो सामान्य से 4.1 डिग्री ज्यादा है। चिंता की बात यह है कि अब रातें भी राहत नहीं दे रही हैं। बुधवार को सफदरजंग का न्यूनतम तापमान 28.3 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो इस सीजन की सबसे गर्म रात रही। रात का तापमान सामान्य से करीब 2 डिग्री अधिक रहने के कारण लोग उमस और तपन से बेहाल हैं। मानकों के अनुसार, जब तापमान 45 डिग्री पार कर जाता है, तो उसे गंभीर 'उष्ण लहर' (Severe Heatwave) माना जाता है।
मौसम विभाग का साप्ताहिक चार्ट: 26 मई तक कैसा रहेगा हाल? (Delhi Weather Today)
21 और 22 मई (आज और कल): आसमान पूरी तरह साफ रहेगा। दिन में 15-25 किमी/घंटे की रफ्तार से झुलसाने वाली हवाएं चलेंगी, जिनके झोंके 35 किमी/घंटे तक पहुंच सकते हैं। अधिकतम तापमान 45-47 डिग्री सेल्सियस के बीच बना रहेगा।
23 मई: तापमान में 1 डिग्री की आंशिक गिरावट (44-46 डिग्री सेल्सियस) हो सकती है, लेकिन हवा की रफ़्तार बढ़कर 45 किमी/घंटे तक झोंके तक पहुंच जाएगी, जिससे गर्म थपेड़े और गंभीर महसूस होंगे।
24 से 26 मई: इन तीन दिनों में भी राहत की कोई उम्मीद नहीं है। पारा 43 से 45°C के बेहद गर्म स्तर पर बना रहेगा और भीषण लू का प्रकोप जारी रहेगा।
थार और बलूचिस्तान की तपिश ने दिल्ली को सुलगने पर किया मजबूर?
स्काईमेट वेदर के मौसम विज्ञानी महेश पालावत के मुताबिक, यह इस सीजन की 5वीं बड़ी हीटवेव है। दिल्ली के इस तरह सुलगने के पीछे मुख्य रूप से दो बड़े कारण हैं। पहला, दिल्ली में हवा की दिशा सीधे राजस्थान के थार रेगिस्तान और मध्य पाकिस्तान के बलूचिस्तान से आ रही है। यह हवा अत्यधिक शुष्क और गर्म होती है, जो दिल्ली पहुंचते ही सतह के पास की गर्मी को पूरी तरह 'लॉक' (टैप) कर देती है। दूसरा, दिन में इतनी तीव्र हीटिंग हो रही है कि कंक्रीट की बनी दिल्ली की जमीन को रात में ठंडा होने का समय ही नहीं मिल पा रहा है।
10 दिन तक बारिश की शून्य उम्मीद, डॉक्टरों ने दी 'सनस्ट्रोक' की चेतावनी
मौसम विभाग के सिनॉप्टिक एनालिसिस के अनुसार, उत्तर भारत में इस समय कोई मजबूत पश्चिमी विक्षोभ (Western Disturbance) सक्रिय नहीं है। इस वजह से अगले 10 दिनों तक मैदानी इलाकों में किसी भी प्रकार की प्री-मानसून आंधी या बारिश की कोई संभावना नहीं है। तेज हवाओं के कारण दिल्ली का वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) सुधरकर 168 (मध्यम श्रेणी) पर तो आ गया है, लेकिन डॉक्टरों ने 'सनस्ट्रोक' (लू लगना) और डिहाइड्रेशन को लेकर कड़ी चेतावनी जारी की है। स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने आम जनता से अपील की है कि वे दोपहर 12 से 4 बजे के बीच बेहद जरूरी न होने पर घरों से बाहर न निकलें और शरीर में पानी का स्तर बनाए रखने के लिए लगातार लिक्विड डाइट लेते रहें।
